जम्मू नगर निगम: पार्षद राजिंद्र शर्मा मेयर, बलदेव सिंह बलोरिया चुने गए डिप्टी मेयर, भाजपाइयों ने मनाया जश्न
नगर निगम में चार साल बाद उपचुनाव में मेयर और डिप्टी मेयर के पद पर भाजपा पाषर्दों की ताजपोशी हुई है। निगम में चुनाव पहली बार ओपन बेल्ट के माध्यम से होने पर कांग्रेस ने इसका बहिष्कार कर दिया था।
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कांग्रेस पार्षदों के बहिष्कार के बाद भी नगर निगम के मेयर और डिप्टी मेयर पद पर नए चेहरों की ताजपोशी हो गई है। वार्ड नंबर 16 के पार्षद राजिंद्र शर्मा को मेयर, जबकि वार्ड नंबर 46 के पार्षद बलदेव सिंह बलोरिया डिप्टी मेयर बने हैं। नतीजे घोषित होने के बाद भाजपा के नेताओं ने खुशी जताई है। पहले मेयर पद के लिए मतदान हुआ। इसमें राजिंद्र शर्मा को 59 मत मिले, जबकि एक मत कांग्रेस से मेयर पद के प्रत्याशी द्वारका नाथ को पड़ा। एक मत रद्द हो गया। राजिंद्र शर्मा को कुल 57 मत पड़े।
बलदेव सिंह बलोरिया को 56 मत पड़े
डिप्टी मेयर बने बलदेव सिंह बलोरिया को 56 मत पड़े। दो मत रद्द हो गए। कुल 58 मत पड़े हैं। चुनाव प्रक्रिया सुबह सवा 11 बजे शुरू हुई। मतदान केंद्र में पार्षदों के अलावा अन्य को जाने की अनुमति नहीं थी। पार्षदों ने पहले मेयर पद के लिए मतदान किया। इसके बाद सवा एक बजे मेयर पद के लिए राजिंद्र शर्मा के नाम की घोषणा हुई।
मतदान सवा दो बजे शुरू हुआ
दोपहर के भोजन के बाद डिप्टी मेयर के लिए मतदान सवा दो बजे शुरू हुआ। चुनाव तीन बजकर बीस मिनट तक तक चला। साढ़े तीन बजे डिप्टी मेयर पद पर बलदेव सिंह बलोरिया के नाम की घोषणा हुई। इस मौके पर भाजपा प्रदेशाध्यक्ष रविंद्र रैना, पूर्व उपमुख्यमंत्री कविंद्र गुप्ता, युद्धवीर सेठी सहित अन्य नेता मौजूद रहे।
कांग्रेस पार्षदों ने चुनाव का किया बहिष्कार
कांग्रेस पार्षद द्वारका नाथ चौधरी, प्रीतम सिंह, रितू चौधरी का कहना है कि चुनाव ओपन बैलेट के माध्यम से हो रहा है। यह संविधान के नियमों के विपरीत है। चुनाव पहले की तरह गुप्त चुनाव प्रक्रिया के माध्यम से होना चाहिए था। इससे मतदान किसको किया पता नहीं चलना था। मौजूदा समय में चुनाव ओपन बैलेट के माध्यम से हो रहा है। इसका बहिष्कार करते हैं। वहीं, निर्दलीय पार्षदों ने चुनाव प्रक्रिया में भाग लिया और मतदान किया।
मेयर चुनाव के दौरान मतदान के बाद भागे पार्षद
साढ़े 12 बजे के बाद निर्दलीय और अन्य पार्षदों ने मतदान के बाद निकलना शुरू कर दिया। ऐसे में डिप्टी मेयर के चयन के लिए भाजपा नेताओं ने पार्षदों को मनाया। चर्चा रही कि पार्षद बलदेव सिंह बलोरिया से नाराज हैं। इसलिए मेयर पद के लिए मतदान करने के बाद वापस जा रहे हैं।
मेयर के लिए कब शुरू हुई चुनाव प्रक्रिया
मेयर पद के लिए 11 बजकर 15 मिनट तक प्रक्रिया आरंभ हुई। पौने एक बजे तक मतदान हुआ। सवा एक बजे नाम की घोषणा हुई। इसी तरह डिप्टी मेयर पद के लिए चुनाव सवा दो बजे आरंभ हुआ। तीन बजकर बीस मिनट तक मतदान हुआ। तीन बजकर 35 मिनट पर नाम की घोषणा हुई।
अब व्यवस्थाओं को सुदृढ़ किया जाएगा। काम में पारदर्शिता लाई जाएगी। काम को योजनाबद्ध तरीके से निपटाने पर काम होगा। हर आम आदमी की समस्या का निदान किया जाएगा। अब हाउस की बैठक माह में दो बार दो दिन के लिए होगी। नवंबर माह के पहले सप्ताह में हाउस की बैठक होगी। - राजिंद्र शर्मा, मेयर, नगर निगम
शहर में सफाई को सुदृढ़ किया जाएगा। काम में पारदर्शिता लाई जाएगी। अधिकारियों के साथ सप्ताह में एक बार बैठक होगी। फैसलों को लागू करवाया जाएगा। - बलदेव सिंह बलोरिया, डिप्टी मेयर, नगर निगम
मेयर और डिप्टी मेयर की चुनौतियां
- - शहर में प्रार्प्टी टैक्स लगाना
- - नालों की सफाई करवाना
- - नगर निगम की आय बढ़ाना
- - चल रहे प्रोजेक्टों के लिए बजट मुहैया करवाना
- - शहर में नालियों की सफाई करवाना
- - स्मार्ट सिटी प्रोजेक्टों पर काम करवाना
- - स्ट्रीट लाइट लगवाना
- - बदहाल पार्कों की हालत में सुधार करना
- - शहर में पेयजल, बिजली की समस्या का हल
- - बाजारों से अतिक्रमण हटवाना
- - पहले जनरल हाउस में लिए गए फैसलों को लागू करवाना
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत शुरू हुए काम
पूर्व मेयर चंद्र मोहन गुप्ता और डिप्टी मेयर पूर्णिमा शर्मा के लिए चार साल चुनौतीपूर्ण रहे हैं। नगर निगम की आय 9 करोड़ के आसपास थी। ऐसे में वार्डों में विकास करवाना मुश्किल हो गया था। 2018 नवंबर में कार्यभार संभाला था। दिसंबर और जनवरी माह में हुए हाउस बैठक में सिर्फ पांच-पांच लाख वार्डों को विकास के लिए जारी हुए थे। इसके बाद छह माह तक विकास के लिए राशि नहीं मिल पाई। 2019 में कोविड के दौरान काम प्रभावित रहा। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत काम आरंभ हुए। इससे शहर में विकास कार्य होना आरंभ हुए। 2021 में तवी रिवर फ्रंट और 2022 में कृत्रिम झील प्रोजेक्ट शुरू करने पर अनुमति मिली।