{"_id":"5e4ed5ec8ebc3ef2c7443d6b","slug":"protest-billawer-news-jmu204342611","type":"story","status":"publish","title_hn":"डेलीवेजरों की हड़ताल से कई इलाकों में गहराया पानी का संकट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डेलीवेजरों की हड़ताल से कई इलाकों में गहराया पानी का संकट
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बिलावर। लंबित मांगों को लेकर बिलावर में पीएचई अस्थायी कर्मियों की हड़ताल जारी है। इससे कुछ इलाकों में पेयजल सप्लाई प्रभावित है, जिससे लोगों कोपरेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर दूरदराज इलाकों में पेयजल संकट गहरा गया है। उधर, कर्मियों ने मांगें पूरी नहीं होने पर तक संघर्ष जारी रहने की चेतावनी दी है।
वहीं, पेयजल सप्लाई ठप होने से लोग प्राकृतिक स्रोतों से पानी ढोने को मजबूर हैं। बनी-बसोहली-बिलावर पीएचई अस्थायी कर्मचारी यूनियन के प्रधान बीरबल जलमेरिया के साथ कई अन्य कर्मियों ने वीरवार को फिंतर के नेताजी पार्क में सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर आवाज बुलंद की।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि गत 60 माह का बकाया वेतन सरकार ने नहीं दिया है। इसके साथ ही 25 साल से सेवाएं दे रहे कर्मियों को स्थायी नहीं किया, जिस कारण वह सड़क पर उतरने के लिए मजबूर हुए हैं। उन्होंने कहा कि जब तक सरकार मांगों को पूरा नहीं करती है तब तक धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा। प्रदर्शन में कमलेश कुमार, अमित खजूरिया, सुभाष सिंह सहित कई अस्थायी कर्मी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
वहीं, पेयजल सप्लाई ठप होने से लोग प्राकृतिक स्रोतों से पानी ढोने को मजबूर हैं। बनी-बसोहली-बिलावर पीएचई अस्थायी कर्मचारी यूनियन के प्रधान बीरबल जलमेरिया के साथ कई अन्य कर्मियों ने वीरवार को फिंतर के नेताजी पार्क में सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर आवाज बुलंद की।
विज्ञापन
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि गत 60 माह का बकाया वेतन सरकार ने नहीं दिया है। इसके साथ ही 25 साल से सेवाएं दे रहे कर्मियों को स्थायी नहीं किया, जिस कारण वह सड़क पर उतरने के लिए मजबूर हुए हैं। उन्होंने कहा कि जब तक सरकार मांगों को पूरा नहीं करती है तब तक धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा। प्रदर्शन में कमलेश कुमार, अमित खजूरिया, सुभाष सिंह सहित कई अस्थायी कर्मी मौजूद रहे।
विज्ञापन