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Jammu News: स्मार्ट मीटर लगाने के विरोध में कांग्रेस ने किया प्रदर्शन, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
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कहा - प्रीपेड बिजली प्रणाली लागू करने का फैसला वापस नहीं लिया तो होगा आंदोलन
संवाद न्यूज एजेंसी
आरएस पुरा। कस्बे में वीरवार को कांग्रेस ने बिजली के स्मार्ट मीटर लगाने के विरोध में प्रदेश प्रशासन, भाजपा और बिजली विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। बाद में उन्होंने एसडीएम आरएस पुरा सीमा परिहार को एक ज्ञापन पत्र दिया। उन्होंने मांग की कि प्रशासन तक उनकी बात पहुंचाकर उचित कदम उठाए जाएं।
पूर्व सांसद त्रिलोक सिंह बाजवा और पूर्व राज्यमंत्री भूषण लाल डोगरा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने सरकार द्वारा प्रीपेड बिजली प्रणाली लागू करने का विरोध जताया। उनका कहना था कि जहां स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं, वहां बिजली का बिल बहुत आ रहा है। प्रशासन को प्रदेश में प्रीपेड बिजली प्रणाली लागू करने के निर्णय को वापस लेना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो स्वतंत्रता दिवस के बाद सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया जाएगा। किसान नेता मंदिर सिंह का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगने के बावजूद क्षेत्र में सुचारू बिजली आपूर्ति नहीं हो रही। जिस प्रकार अन्य राज्यों में किसानों को बिजली बिल में राहत दी जा रही है, उसी प्रकार जम्मू-कश्मीर में भी दी जाए, ताकि किसान खुशहाल हो सकें।
मौके पर सरपंच बद्री नाथ शर्मा ने कहा कि जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने के बाद लोगों को बताया गया था कि रोजगार मिलेगा, विकास कार्य होंगे। लेकिन, सरकार स्मार्ट मीटर लगाकर लोगों को तंग कर रही है। संपत्ति कर लगाकर लोगों पर आर्थिक बोझ डाल रही है। कांग्रेस इसका पंचायत स्तर पर विरोध करेगी।
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आरएस पुरा। कस्बे में वीरवार को कांग्रेस ने बिजली के स्मार्ट मीटर लगाने के विरोध में प्रदेश प्रशासन, भाजपा और बिजली विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। बाद में उन्होंने एसडीएम आरएस पुरा सीमा परिहार को एक ज्ञापन पत्र दिया। उन्होंने मांग की कि प्रशासन तक उनकी बात पहुंचाकर उचित कदम उठाए जाएं।
पूर्व सांसद त्रिलोक सिंह बाजवा और पूर्व राज्यमंत्री भूषण लाल डोगरा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने सरकार द्वारा प्रीपेड बिजली प्रणाली लागू करने का विरोध जताया। उनका कहना था कि जहां स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं, वहां बिजली का बिल बहुत आ रहा है। प्रशासन को प्रदेश में प्रीपेड बिजली प्रणाली लागू करने के निर्णय को वापस लेना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो स्वतंत्रता दिवस के बाद सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया जाएगा। किसान नेता मंदिर सिंह का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगने के बावजूद क्षेत्र में सुचारू बिजली आपूर्ति नहीं हो रही। जिस प्रकार अन्य राज्यों में किसानों को बिजली बिल में राहत दी जा रही है, उसी प्रकार जम्मू-कश्मीर में भी दी जाए, ताकि किसान खुशहाल हो सकें।
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मौके पर सरपंच बद्री नाथ शर्मा ने कहा कि जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने के बाद लोगों को बताया गया था कि रोजगार मिलेगा, विकास कार्य होंगे। लेकिन, सरकार स्मार्ट मीटर लगाकर लोगों को तंग कर रही है। संपत्ति कर लगाकर लोगों पर आर्थिक बोझ डाल रही है। कांग्रेस इसका पंचायत स्तर पर विरोध करेगी।
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