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सांबा: पंप पर अग्निकांड के मामले की जांच शुरू, टीम ने लिए तेल के सैंपल, दस दिन में देगी रिपोर्ट
Thu, 01 Feb 2024 03:49 PM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, सांबा
अमर उजाला नेटवर्क, सांबा
Published by: जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
Updated Thu, 01 Feb 2024 03:49 PM IST
सार
टीम ने एडीसी सुरेश चंद्र, एसडीएम घगवाल सुनैना सैनी, लीगल मेट्रोलॉजी, पुलिस थाना प्रभारी और इंडियन ऑयल कार्पोरेशन के उच्च अधिकारियों की मौजूदगी में पेट्रोल पंप से तेल के सैंपल भरे। सैंपल फॉरेंसिक लैब में भेजे दिए गए हैं।
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सांबा सैंपल लेते हुए
- फोटो : संवाद
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विस्तार
सांबा जिले की तहसील राजपुरा में इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन के पेट्रोल पंप पर संदिग्ध परिस्थितियों में आग लगने के मामले की जांच शुरू हो गई है। सच्चाई सामने लाने के लिए जिला प्रशासन ने छह सदस्यी कमेटी का गठन किया है। कमेटी को दस दिन के भीतर जांच कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। मामला 29 जनवरी का है। पंप पर खड़े दो टैंकरों में संदिग्ध हालात में आग लग गई है। हादसे में दो टैंकर जल गए थे। आग बुझाने आई फायर ब्रिगेड की गाड़ी को भी नुकसान पहुंचा था।
प्रशासन की ओर से गठित टीम जांच में जुट गई है। टीम ने बुधवार को पेट्रोल पंप राजपुरा का दौरा किया। टीम ने एडीसी सुरेश चंद्र, एसडीएम घगवाल सुनैना सैनी, लीगल मेट्रोलॉजी, पुलिस थाना प्रभारी और इंडियन ऑयल कार्पोरेशन के उच्च अधिकारियों की मौजूदगी में पेट्रोल पंप से तेल के सैंपल भरे। सैंपल फॉरेंसिक लैब में भेजे दिए गए हैं। टीम जांच करेगी कि पंप पर खड़े टैंकरों में आग कैसे लगी।
दो टैंकर, दमकल विभाग का वाहन व दो बाइक जल गए थे
जानकारी के अनुसार घटना की रात पंप के पास खड़े हरियाणा नंबर के टैंकर में कोई केमिकल होने की आशंका जताई जा रही है। वह पंप पर क्यों खड़ा था। वहीं, टैंकर उस जगह खड़ा था, यहां भूमि में तेल के टैंकर थे। सूत्रों के अनुसार कि पंप प्रबंधन की ओर से 20 हजार लीटर के तीन टैंकर भूमि में बनाए गए हैं। आगजनी की घटना के वक्त नीचे बने टैंकरों में 14 हजार लीटर डीजल और 3 हजार लीटर पेट्रोल था। टैंकरों तक आग पहुंच जाती तो राजपुरा में बड़ा हादसा हो सकता था। आसपास के घरों को भी भारी नुकसान हो सकता था। आगजनी से दो टैंकर, आग बुझाने आई एक दमकल विभाग का वाहन व दो मोटरसाइकिल जल गए थे।
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टैंकर के अंदर के पद्यार्थ का सैंपल भी लिया
एसडीएम सुनैना सैनी ने पंप प्रबंधन से जानकारी मांगी कि हरियाणा नंबर का टैंकर किस कारण पंप पर खड़ा था। टैंकर के अंदर क्या था। इसका जवाब न तो पंप मालिक दे पाए और न ही इंडियन ऑयल कारपोरेशन के अधिकारी। इस पर एसडीएम ने टैंकर के अंदर के पद्यार्थ का भी सैंपल लिया ताकि पता चल सके कि टैंकर में क्या था।
पंप पर आग बुझाने के नहीं थे पूरे प्रबंध
जांच कमेटी ने प्रेट्रोल पंप प्रबंधन की ओर से आग को बुझाने के लिए कोई खास प्रबंध नहीं किए जाने पर कड़ा संज्ञाण लिया है। जांच में सामने आया कि छोटे सिलिंडर ही रखे थे जो इतनी आग को नहीं काबू कर सकते हैं। पुलिस थाना प्रभारी घगवाल शाम लाल ने कहा कि पंप प्रबंधन के सुरक्षा उपाय काफी नहीं थे।
जिला प्रशासन की तरफ से बनाई गई कमेटी ने जांच शुरू कर दी है। कमेटी की टीम बुधवार को इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप पर जांच करने के लिए गई थी। दस दिन के भीतर ही जांच कर पूरी सच्चाई सामने लाई जाएगी। -सुरेश चंद्र, एडीसी, सांबा
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प्रशासन की ओर से गठित टीम जांच में जुट गई है। टीम ने बुधवार को पेट्रोल पंप राजपुरा का दौरा किया। टीम ने एडीसी सुरेश चंद्र, एसडीएम घगवाल सुनैना सैनी, लीगल मेट्रोलॉजी, पुलिस थाना प्रभारी और इंडियन ऑयल कार्पोरेशन के उच्च अधिकारियों की मौजूदगी में पेट्रोल पंप से तेल के सैंपल भरे। सैंपल फॉरेंसिक लैब में भेजे दिए गए हैं। टीम जांच करेगी कि पंप पर खड़े टैंकरों में आग कैसे लगी।
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दो टैंकर, दमकल विभाग का वाहन व दो बाइक जल गए थे
जानकारी के अनुसार घटना की रात पंप के पास खड़े हरियाणा नंबर के टैंकर में कोई केमिकल होने की आशंका जताई जा रही है। वह पंप पर क्यों खड़ा था। वहीं, टैंकर उस जगह खड़ा था, यहां भूमि में तेल के टैंकर थे। सूत्रों के अनुसार कि पंप प्रबंधन की ओर से 20 हजार लीटर के तीन टैंकर भूमि में बनाए गए हैं। आगजनी की घटना के वक्त नीचे बने टैंकरों में 14 हजार लीटर डीजल और 3 हजार लीटर पेट्रोल था। टैंकरों तक आग पहुंच जाती तो राजपुरा में बड़ा हादसा हो सकता था। आसपास के घरों को भी भारी नुकसान हो सकता था। आगजनी से दो टैंकर, आग बुझाने आई एक दमकल विभाग का वाहन व दो मोटरसाइकिल जल गए थे।
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टैंकर के अंदर के पद्यार्थ का सैंपल भी लिया
एसडीएम सुनैना सैनी ने पंप प्रबंधन से जानकारी मांगी कि हरियाणा नंबर का टैंकर किस कारण पंप पर खड़ा था। टैंकर के अंदर क्या था। इसका जवाब न तो पंप मालिक दे पाए और न ही इंडियन ऑयल कारपोरेशन के अधिकारी। इस पर एसडीएम ने टैंकर के अंदर के पद्यार्थ का भी सैंपल लिया ताकि पता चल सके कि टैंकर में क्या था।
पंप पर आग बुझाने के नहीं थे पूरे प्रबंध
जांच कमेटी ने प्रेट्रोल पंप प्रबंधन की ओर से आग को बुझाने के लिए कोई खास प्रबंध नहीं किए जाने पर कड़ा संज्ञाण लिया है। जांच में सामने आया कि छोटे सिलिंडर ही रखे थे जो इतनी आग को नहीं काबू कर सकते हैं। पुलिस थाना प्रभारी घगवाल शाम लाल ने कहा कि पंप प्रबंधन के सुरक्षा उपाय काफी नहीं थे।
जिला प्रशासन की तरफ से बनाई गई कमेटी ने जांच शुरू कर दी है। कमेटी की टीम बुधवार को इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप पर जांच करने के लिए गई थी। दस दिन के भीतर ही जांच कर पूरी सच्चाई सामने लाई जाएगी। -सुरेश चंद्र, एडीसी, सांबा