वादियों में कलाबाजियां खाते नजर आएंगे पैरा ग्लाइडर
रियासत में एडवेंचर टूरिज्म को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विश्वस्तरीय पैरा ग्लाइडिंग होगी। इसके लिए रियासत के तीनों खित्तों में प्रत्येक में एक-एक स्थल चुना गया है। इसके लिए बनाया गया प्रोजेक्ट दो साल में पूरा होगा।
राज्य का पर्यटन विभाग इसको बनाएगा और विदेशी विशेषज्ञों की मदद से इसको तैयार किया जाएगा। हिमाचल प्रदेश की तर्ज पर पर्यटन विभाग पैरा ग्लाइडिंग को व्यवसायिक रूप से बढ़ाने जा रहा है। पर्यटन विभाग के सचिव फारूक शाह ने इसकी जानकारी दी है।
जम्मू संभाग में उधमपुर जिले के सनासर, कश्मीर संभाग में श्रीनगर जिले के दारा हरवन और लद्दाख से नुनकन पीक में पैरा ग्लाइडिंग स्पाट बनाए जाएंगे।
विदेशी विशेषज्ञों की मदद से तैयार होगा प्रोजेक्ट, दो साल में होगा पूरा
इन तीनों डेस्टीनेशनल को पैरा ग्लाइडिंग के लिए तैयार किया जाएगा। इसके लिए ढांचा स्थापित करने का काम शुरू कर दिया गया है। विदेशी कंपनियों के विशेषज्ञों की राय ली जा रही है। सचिव फारूक शाह का कहना है कि हिमाचल प्रदेश की तरह राज्य में भी पैरा ग्लाइडिंग को व्यवसायिक बनाने की योजना बनाई गई है।
इन तीनों डेस्टीनेशन में इसके लिए बेहतर माहौल, पर्यावरण और संभावनाएं हैं। नुनकन पीक में पैरा ग्लाइडिंग के साथ दुर्गम पहाड़ों पर ट्रैकिंग एक्सपैडिशन को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
रियासत में पर्यटन विभाग के सालभर का फोकस एडवेंचर टूरिज्म पर रहेगा। इसके लिए गुलमर्ग में स्कीइंग, पत्नीटाप में स्कीइंग और कुछ अन्य क्षेत्रों में ट्रैकिंग के बड़े आयोजन किए जाएंगे। सचिव का कहना है कि राज्य में एडवेंचर की अपार संभावनाएं हैं, जिस पर काम करने की जरूरत है। जम्मू और श्रीनगर में जल्द ही राफ्टिंग के बड़े आयोजन भी किए जाएंगे।