फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   pakistan newspapers writes about the pakistani terrorist abu

आतंकी अबु के लिए पाक अखबारों ने ये क्या लिख दिया

Thu, 29 Oct 2015 08:52 PM IST
Updated Thu, 29 Oct 2015 08:52 PM IST
विज्ञापन
pakistan newspapers writes about the pakistani terrorist abu

लश्कर आतंकी अबु कासिम के मुठभेड़ में मारे जाने की खबरें पाकिस्तानी वेबसाइट पर भी धड़ल्ले से जारी हुईं। डेली मैसेंजर ने लिखा, ‘पुलिस का दावा, पाकिस्तानी आतंकी अबु कासिम भारतीय नियंत्रण वाले कश्मीर में मारा गया।

विज्ञापन


एलईटी लीडर मारा गया शीर्षक के साथ ‘डान’ ने भी इस खबर को स्थान दिया है। इतना ही नहीं, न्यूयार्क टाइम्स ने लिखा, ‘कश्मीर घाटी में आतंकी वारदातों को अंजाम देने वाला आतंकी लीडर मारा गया।
विज्ञापन


अबु कासिम के मारे जाने से आतंकी संगठनों में हलचल मच गई है। दक्षिण कश्मीर, खासकर कुलगाम इलाके में पाकिस्तानी आतंकी अब्दुल रहमान उर्फ अबु कासिम (निवासी भावलपुर मुल्तान) ने आतंकियों को फिर से सक्रिय करना शुरू किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


उधमपुर हमले में शामिल पाकिस्तानी आतंकियों को घुसपैठ के बाद वारदात को अंजाम देने तक अबु कासिम ने ही तमाम सुविधाएं मुहैया करवाईं थीं। इस क्रम में उसने लश्कर के पुराने ओवर ग्राउंड वर्करों का भरपूर उपयोग किया।

इनमें से कुछ को नेशनल इंवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) ने गिरफ्तार किया है, जबकि दो अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।

हथियार मुहैय्या कराता था अबु

pakistan newspapers writes about the pakistani terrorist abu

सीमा पार से आतंकियों के घुसपैठ में विफल होने के बाद पाकिस्तान में बैठे आतंकी संगठनों के आकाओं ने अबु कासिम को विशेष जिम्मेदारी दी थी।

बताया जाता है कि हवाला के जरिये अबु कासिम के पास विदेशों से पैसा आता था और वह इसका उपयोग घुसपैठ कर जम्मू कश्मीर में आने वाले आतंकियों को रहने, खाने-पीने, वाहन और हथियार मुहैया करवाता था।

सुरक्षा बल अबु कासिम के ठिकानों पर भी छापामारी की तैयारी में है, ताकि उसके पूरे तंत्र को ध्वस्त किया जा सके। बताया जाता है कि सात अक्तूबर को इंस्पेक्टर मोहम्मद अल्ताफ डार की हत्या के बाद से ही अबु कासिम सुरक्षा बलों के रडार पर आ गया था।

उन्हें किसी भी हाल में जिंदा या मरा पकड़ने के निर्देश दिए गए थे। कई टीमें अबु की रैकी कर रहीं थीं। उसके बाद ही वह सुरक्षा बलों के घेरे में आया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed