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Next Generation Sequencing: अब पहले ही पकड़ में आ जाएगा कैंसर, जीएमसी जम्मू में एनजीएस टेस्ट की तैयारी

Sun, 11 Feb 2024 03:07 PM IST
kumar गुलशन कुमार अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू Published by: kumar गुलशन कुमार Updated Sun, 11 Feb 2024 03:07 PM IST
सार

जीएमसी जम्मू सरकारी स्तर पर एनजीएस टेस्ट करने वाला प्रदेश में पहला संस्थान होगा। पहले चरण में टेस्टिंग मोड पर 100 परीक्षण किए जाएंगे, जिनके परिणामों की गुणवत्ता के बाद इसे नियमित तौर पर शुरू किया जाएगा।

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Next Generation Sequencing: Now cancer will be caught earlier preparation for NGS test in GMC Jammu
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : istock

विस्तार

कैंसर मरीजों और उनके परिवारवालों के लिए राहत की खबर है। जीएमसी जम्मू के माइक्रो बायोलॉजी विभाग में फरवरी के अंत तक एनजीएस (नेकस्ट जेनेरेशन सिक्वेसिंग) टेस्ट शुरू करने की तैयारी की जा रही है। अब ऐसे परिवारों के सदस्यों में मरीज द्वारा मिलने वाली कैंसर बीमारी के जोखिम का पहले ही पता चल जाएगा। इससे पीड़ित को बीमारी पर नियंत्रण करने के लिए उचित समय पर चिकित्सा देखभाल मिल सकेगी।

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पहले चरण में टेस्टिंग मोड पर 100 परीक्षण किए जाएंगे, जिनके परिणामों की गुणवत्ता के बाद इसे नियमित तौर पर शुरू किया जाएगा। जीएमसी जम्मू सरकारी स्तर पर एनजीएस टेस्ट करने वाला प्रदेश में पहला संस्थान होगा। एनजीएस टेस्ट में विभिन्न तरह के कैंसर के मुताबिक रक्त आदि के सैंपल लिए जाते हैं। 
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इसमें अगर मरीज का टेस्ट पाॅजिटिव आ जाता है तो बीमारी उसके परिवार के अन्य सदस्यों तक न पहुंचे इसके लिए उनका भी टेस्ट करके कैंसर का पता लगाया जाता है। अगर दुर्भाग्यवश परिवार का कोई सदस्य पाॅजिटिव आ जाता है तो उसे पूर्व में कैंसर बीमारी का पता लगने पर वह समय पर इलाज ले सकता है। जिससे कैंसर को रोकने में मदद मिलेगी। जम्मू-कश्मीर में कैंसर के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है।
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जागरूकता की कमी और समय पर उचित इलाज न ले पाने से अधिकांश कैंसर का आखिरी स्टेज में पता चलता है। जिससे पीड़ित को अधिक कष्ट होता है। जम्मू-कश्मीर में ही पिछले पांच वर्षों में 55 हजार से अधिक कैंसर के मामले मिल चुके हैं।

कैंसर से 50 प्रतिशत मौतों के लिए मुंह, फेफड़े, सर्वाइकल व स्तन कैंसर जिम्मेदार

स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों में वर्ष 2019 में 12396, 2020 में 12726, 2021 में 13060 और 2022 में 13395 कैंसर के मामले रिपोर्ट हुए। इसी तरह वर्ष 2023 में भी सैकड़ों मामले मिले। प्रदेश में कैंसर से होने वाली 50 प्रतिशत मौतों के लिए पुरुषों में मुंह और फेफड़े तथा महिलाओं में सर्वाइकल (बच्चादानी) और स्तन कैंसर जिम्मेदार है। राज्य कैंसर संस्थान जम्मू में पिछले एक साल में 6 हजार से अधिक कैंसर के मामले पंजीकृत हुए हैं।

कैंसर का पहले ही पता चल जाने से समय पर उचित इलाज लेकर पीड़ित को राहत दी जा सकती है। ऐसे मामलों में पीड़ित आत्मविश्वास से बेहतर इलाज से बीमारी पर नियंत्रण पा लेता है। अगर एनजीएस टेस्ट जम्मू में शुरू होगा तो इससे कैंसर मरीजों के साथ उनके परिवारवालों को चिकित्सा लाभ मिलेगा। - प्रो. राजीव गुप्ता, एचओडी, मेडिकल आन्कोलॉजी विभाग


राजकीय मेडिकल कॉलेज जम्मू में एनजीएस (नेकस्ट जेनेरेशन सिक्वेसिंग) टेस्ट शुरू करने की योजना है। इसके बेहतर नतीजों के बाद इसे आगे जारी रखा जाएगा। विभाग में कोविड के दौरान भी एक अत्याधुनिक मशीन पर सिक्वेसिंग टेस्ट किए गए थे। -डॉ. संदीप डोगरा, एचओडी, माइक्रो बायोलॉजी विभाग जीएमसी

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