उधमपुर हमला: मोबाइल ने बचाई जवान की जान
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उधमपुर के पास नरसू में बीएसएफ की बस पर हुए आतंकी हमले में एक जवान के लिए उसका मोबाइल फोन ढाल बन गया। हालांकि, जवान हमले में जख्मी हो गया था और उनका उधमपुर स्थित सैन्य अस्पताल में भर्ती हैं। फिलहाल, वह पूरी तरह स्वस्थ हैं।
नरसू नाले क्षेत्र में पांच अगस्त को सीमा सुरक्षा बल की बस पर आतंकियों ने हमला करते हुए अंधाधुंध फायरिंग कर दी थी। इस गोलीबारी में सीमा सुरक्षा बल के जवान ने एक आतंकी को मार गिराया था, जबकि दो जवानों ने शहादत पाई थी।
गोलीबारी में 11 जवान घायल हुए थे। घायलों में केपी सिंह भी शामिल थे। उन्होंने बताया किया कि वह भी सीमा सुरक्षा बल की बस से श्रीनगर स्थित अपनी बटालियन में जा रहे थे। नरसू पहुंचने पर आतंकियों की ओर से गोलीबारी की गई।
कैसे मोबाइल ने बचाई जवान की जिंदगी
एक गोली उनकी ओर आई और उनकी बाईं जेब पर आकर लगी। जब उन्होंने अपनी जेब पर हाथ फेर कर देखा तो जेब में रखा मोबाइल चकनाचूर हो गया था।
गोली मोबाइल से टकराने के बाद फिसल कर अन्य जगह जा लगी। इस बात से वह हैरान थे कि मोबाइल फोन ने उनकी जान बचा ली है।
इसके लिए वह भगवान का शुक्रगुजार कर रहे हैं। केपी सिंह अब पूरी तरह स्वस्थ हैं। बस के चालक हवलदार दलजीत सिंह की हालत में भी सुधार है। दलजीत सिंह के शरीर पर पांच गोलियां लगी हैं। कमांड अस्पताल में भर्ती अन्य जवानों की हालत में भी सुधार हुआ है।