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उपचार के बाद पशुओं के स्वास्थ्य में सुधार
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आरएस पुरा/मीरां साहिब। लंपी संक्रमण की चपेट में आए पशुओं के उपचार के बाद उनके स्वास्थ्य में सुधार देखने को मिल रहा है। वहीं पशुपालन विभाग की टीमें गांव-गांव पहुंच कर संक्रमण से बीमार पशुओं का उपचार करने में जुटी हैं, ताकि संक्रमण को और फैलने से रोका जा सके।
डॉ. मोहम्मद इकबाल ने कहा कि बीमार पशुओं के लक्षण देखकर ही उपचार किया जा रहा है। इसकी वजह से कई पशुओं के स्वास्थ्य में सुधार हुआ है। मुख्य पशुपालन अधिकारी डॉ. शाहिद अल्ताफ ने कहा कि अभी उन्हीं स्थानों पर टीका लगाया जा रहा है, जहां पशु संक्रमण की चपेट में नहीं आए हैं। टीका लगाने के लिए टीम का भी अलग से गठन किया जा रहा है।
लंपी की रोकथाम के लिए गॉट पॉक्स वैक्सीन प्रयोग में लाया जाएगा, जो उन्हें मिली है। उन्होंने कहा कि आरएस पुरा में जरूरत के मुताबिक दवा नहीं होने पर बुधवार को एंटीबायोटिक दवा भेजी गई। जरूरत के मुताबिक अन्य दवाइयां भी दी जा रही हैं।
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दूध कम होने से उठाना पड़ रहा नुकसान
सीमांत गांव शामका के किसान शाम लाल ने कहा कि पहले के मुताबिक पशुओं में कुछ हद तक सुधार हुआ है। हालांकि दुधारू पशु का दूध कम होने से पशुपालकों को नुकसान भी उठाना पड़ रहा है।
संक्रमित चार पशुओं के स्वास्थ्य में अब सुधार
गांव ठिकरिया के पशुपालक बलविन्द्र सिंह ने कहा कि उनके पास दस पशु हैं। इनमें से दो की लंपी की चपेट में आने से मौत हो गई। चार अन्य भी बीमार थे, जिनके स्वास्थ्य में अब सुधार हुआ है।
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डॉ. मोहम्मद इकबाल ने कहा कि बीमार पशुओं के लक्षण देखकर ही उपचार किया जा रहा है। इसकी वजह से कई पशुओं के स्वास्थ्य में सुधार हुआ है। मुख्य पशुपालन अधिकारी डॉ. शाहिद अल्ताफ ने कहा कि अभी उन्हीं स्थानों पर टीका लगाया जा रहा है, जहां पशु संक्रमण की चपेट में नहीं आए हैं। टीका लगाने के लिए टीम का भी अलग से गठन किया जा रहा है।
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लंपी की रोकथाम के लिए गॉट पॉक्स वैक्सीन प्रयोग में लाया जाएगा, जो उन्हें मिली है। उन्होंने कहा कि आरएस पुरा में जरूरत के मुताबिक दवा नहीं होने पर बुधवार को एंटीबायोटिक दवा भेजी गई। जरूरत के मुताबिक अन्य दवाइयां भी दी जा रही हैं।
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दूध कम होने से उठाना पड़ रहा नुकसान
सीमांत गांव शामका के किसान शाम लाल ने कहा कि पहले के मुताबिक पशुओं में कुछ हद तक सुधार हुआ है। हालांकि दुधारू पशु का दूध कम होने से पशुपालकों को नुकसान भी उठाना पड़ रहा है।
संक्रमित चार पशुओं के स्वास्थ्य में अब सुधार
गांव ठिकरिया के पशुपालक बलविन्द्र सिंह ने कहा कि उनके पास दस पशु हैं। इनमें से दो की लंपी की चपेट में आने से मौत हो गई। चार अन्य भी बीमार थे, जिनके स्वास्थ्य में अब सुधार हुआ है।