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Baramulla rail link: उधमपुर-बारामुला रेल लिंक परियोजना की दूसरी सबसे बड़ी टनल के सिरे मिलाए, मिली बड़ी सफलता
Tue, 30 Aug 2022 02:51 AM IST
विमल शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: विमल शर्मा
Updated Tue, 30 Aug 2022 02:51 AM IST
सार
कटड़ा-काजीकुंड रेलवे स्टेशन को मिलाने के लिए रेल लिंक परियोजना पर 9.116 किलोमीटर की यह दूसरी सबसे बड़ी टनल है। सबसे बड़ी टनल बनिहाल में है, जिसका निर्माण पूरा किया चुका है। टनल नंबर 13 के बनने से आगे के काम में और तेजी आएगी।
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उधमपुर-बारामुला रेल लिंक के सिरे मिलने के बाद परियोजना अधिकारी
- फोटो : संवाद
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विस्तार
महत्वकांक्षी ऊधमपुर-श्रीनगर-बारामुला रेल लिंक परियोजना में सोमवार को एक और महत्वपूर्ण सफलता हासिल कर ली गई। जिले के डूगगा व सावलाकोट रेलवे स्टेशन को मिलाने के लिए बनाए जा रहे टनल नंबर 13 के दोनों सिरों को आपस में मिला दिया गया। यह परियोजना की दूसरी सबसे बड़ी टनल है।
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सोमवार को नार्दन रेलवे के चीफ एडमिनिस्ट्रेटिव अफसर (सीएओ) एसपी माही ने अंतिम छोर पर बचे पांच मीटर के हिस्से को विस्फोट कर खोल दिया गया। यह विस्फोट टनल के बीच लगभग पांच सौ मीटर की दूरी से किया गया।
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धमाके के बाद टनल में धूल और मिट्टी के गुबार छटते ही ही सभी अधिकारी टनल के पार गए। इस दौरान सभी के चेहरों पर सफलता का गर्व दिखाई दे रहा था। विस्फोट के बाद भारत माता के जयघोष भी लगाए गए।
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कटड़ा-काजीकुंड रेलवे स्टेशन को मिलाने के लिए रेल लिंक परियोजना पर 9.116 किलोमीटर की यह दूसरी सबसे बड़ी टनल है। सबसे बड़ी टनल बनिहाल में है जिसका निर्माण पूरा किया चुका है। टनल नंबर 13 के बनने से आगे के काम में और तेजी आएगी।
टनल को बनाने का काम हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी (एचसीसी) को मिला था बाद में इसे वेनसर कंपनी को दे दिया गया। वर्ष 2017 में टनल को बनाने का काम शुरू किया गया। मुख्य टनल के साथ ही एस्केप टनल को भी बनाने का काम एक साथ शुरू किया गया था।
एस्केप टनल का काम इसी महीने की शुरुआत में पूरा किया जा चुका है। इस मौके पर नार्दन रेलवे के अलावा कोंकण रेलवे व टनल का निर्माण करने वाली वेनसर कंपनी के अधिकारी मौजूद रहे। सीएओ एसपी माही ने टनल के दोनों सिरों के मिलान को सफलता की राह में मील का पत्थर बताया।