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Jammu News: शॉर्ट-सर्किट से गुज्जरों के कुल्ले में आग, एक बच्चे की मौत, मां-बेटी गंभीर
Fri, 25 Apr 2025 02:47 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Fri, 25 Apr 2025 02:47 AM IST
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दोनों जीएमसी में उपचाराधीन, कानाचक के ललयाल में दोपहर हुई घटना, तीन मवेशी भी मरे
बीएसएफ, सेना और दमकल कर्मियों ने चलाया राहत एवं बचाव अभियान
संवाद न्यूज एजेंसी
मिश्रीवाला। कानाचक पुलिस स्टेशन के तहत ललयाल कैंप इलाके में वीरवार की दोपहर गुज्जरों के एक कुल्ले में आग लगने से एक पांच वर्षीय बच्चे की झुलसने से मौत हो गई। इस घटना में परिवार से मां और उसकी चार माह की बच्ची भी बुरी तरह से झुलस गई। जीएमसी जम्मू में मां के 100 प्रतिशत और बच्ची के 30 प्रतिशत झुलसने की पुष्टि हुई है और दोनों की हालत गंभीर बनी है। बताया जाता है कि शार्ट सर्किट के कारण कुल्ले में आग लगी, जिसमें तीन मवेशी भी मारे गए हैं।
जानकारी के अनुसार वीरवार दोपहर बाद करीब तीन बजे ललयाल कैंप इलाके में मोहम्मद शरीफ के कुल्ले में शॉर्ट सर्किट से भीषण आग लग गई। हालांकि अभी इसकी पुष्टि नहीं हुई है। आग तेजी से फैलती चली गई। उस समय मोहम्मद शरीफ के बुजुर्ग माता-पिता, पत्नी नाजिया सहित पांच बच्चे घर पर मौजूद थे। मोहम्मद शरीफ मजदूरी करने के लिए बाहर गया था और उसके चार बच्चे भी स्कूल गए थे। मोहम्मद शरीफ के दस बच्चे हैं, जिनमें चार बेटे और पांच बेटियां हैं। बुजुर्ग और एक बच्ची दोपहर का खाना खाकर सो रहे थे, तभी कुल्ले में तेजी से आग फैल गई। बच्ची ने धुआं निकलते देख दादी को उठाया। परिवार के लोगों ने शोर मचाया। शोर सुनकर आसपास के लोग एकत्रित हुए और आग को बुझाने का प्रयास करने लगे। इस दौरान पुलिस और दमकल कर्मियों को भी सूचित किया गया।
इस बीच बीएसएफ और सेना के जवानों ने भी मौके पर पहुंचकर राहत व बचाव अभियान शुरू किया। एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक पांच साल के बच्चे साकिब की झुलसने से मौत हो चुकी थी। शेड में बंधे तीन मवेशी भी आग की भेंट चढ़ गए। बुजुर्ग भी झुलस गया, जिसे एंबुलेंस के साथ पहुंचे डॉक्टरों ने उपचार दिया। महिला और चार माह की बच्ची का जीएमसी की इमरजेंसी में इलाज चल रहा है। डाक्टरों के अनुसार 30 वर्षीय नाजिया और चार माह की बेटी की हालत नाजुक बनी हुई है। आग से कुल्ले में पड़ा सामान राख हो गया। कानाचक पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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पक्का कमरा बनाने के लिए जोड़े थे पैसे
मोहम्मद शरीफ ने रोते हुए बताया कि हर साल बरसात में कुल्ले की छत टपकती थी। इस दौरान परिवार को कई रातें जागकर बितानी पड़ती थीं। इस कारण करीब डेढ़ लाख रुपये की नकदी जोड़कर परिवार के लिए एक पक्का कमरा बनाने की सोची थी। लेकिन आग में सब कुछ बर्बाद हो गया है। पक्के घर का सपना टूट गया है। बेटे की मौत हो गई है, पत्नी और बेटी भी जिंदगी से लड़ रही है। मेरे मवेशी भी मर गए हैं।
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बीएसएफ, सेना और दमकल कर्मियों ने चलाया राहत एवं बचाव अभियान
संवाद न्यूज एजेंसी
मिश्रीवाला। कानाचक पुलिस स्टेशन के तहत ललयाल कैंप इलाके में वीरवार की दोपहर गुज्जरों के एक कुल्ले में आग लगने से एक पांच वर्षीय बच्चे की झुलसने से मौत हो गई। इस घटना में परिवार से मां और उसकी चार माह की बच्ची भी बुरी तरह से झुलस गई। जीएमसी जम्मू में मां के 100 प्रतिशत और बच्ची के 30 प्रतिशत झुलसने की पुष्टि हुई है और दोनों की हालत गंभीर बनी है। बताया जाता है कि शार्ट सर्किट के कारण कुल्ले में आग लगी, जिसमें तीन मवेशी भी मारे गए हैं।
जानकारी के अनुसार वीरवार दोपहर बाद करीब तीन बजे ललयाल कैंप इलाके में मोहम्मद शरीफ के कुल्ले में शॉर्ट सर्किट से भीषण आग लग गई। हालांकि अभी इसकी पुष्टि नहीं हुई है। आग तेजी से फैलती चली गई। उस समय मोहम्मद शरीफ के बुजुर्ग माता-पिता, पत्नी नाजिया सहित पांच बच्चे घर पर मौजूद थे। मोहम्मद शरीफ मजदूरी करने के लिए बाहर गया था और उसके चार बच्चे भी स्कूल गए थे। मोहम्मद शरीफ के दस बच्चे हैं, जिनमें चार बेटे और पांच बेटियां हैं। बुजुर्ग और एक बच्ची दोपहर का खाना खाकर सो रहे थे, तभी कुल्ले में तेजी से आग फैल गई। बच्ची ने धुआं निकलते देख दादी को उठाया। परिवार के लोगों ने शोर मचाया। शोर सुनकर आसपास के लोग एकत्रित हुए और आग को बुझाने का प्रयास करने लगे। इस दौरान पुलिस और दमकल कर्मियों को भी सूचित किया गया।
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इस बीच बीएसएफ और सेना के जवानों ने भी मौके पर पहुंचकर राहत व बचाव अभियान शुरू किया। एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक पांच साल के बच्चे साकिब की झुलसने से मौत हो चुकी थी। शेड में बंधे तीन मवेशी भी आग की भेंट चढ़ गए। बुजुर्ग भी झुलस गया, जिसे एंबुलेंस के साथ पहुंचे डॉक्टरों ने उपचार दिया। महिला और चार माह की बच्ची का जीएमसी की इमरजेंसी में इलाज चल रहा है। डाक्टरों के अनुसार 30 वर्षीय नाजिया और चार माह की बेटी की हालत नाजुक बनी हुई है। आग से कुल्ले में पड़ा सामान राख हो गया। कानाचक पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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पक्का कमरा बनाने के लिए जोड़े थे पैसे
मोहम्मद शरीफ ने रोते हुए बताया कि हर साल बरसात में कुल्ले की छत टपकती थी। इस दौरान परिवार को कई रातें जागकर बितानी पड़ती थीं। इस कारण करीब डेढ़ लाख रुपये की नकदी जोड़कर परिवार के लिए एक पक्का कमरा बनाने की सोची थी। लेकिन आग में सब कुछ बर्बाद हो गया है। पक्के घर का सपना टूट गया है। बेटे की मौत हो गई है, पत्नी और बेटी भी जिंदगी से लड़ रही है। मेरे मवेशी भी मर गए हैं।