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Jammu News: अगले साल से पूरी तरह से लागू होगा दरबार मूव

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jammu kashmir news
जम्मू। जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी अगले साल से दरबार मूव लागू करने को लेकर आश्वस्त हैं। विधानसभा में भी जो प्रस्ताव पास हुआ है, उसे लेकर वे कहते हैं कि हमने अपना काम कर दिया है। इसकी मंजूरी के लिए केंद्र पर दबाव बनाते रहेंगे। उनका ये भी कहना है कि प्रदेश के औद्योगिक विकास, खासकर जम्मू की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए रोडमैप तैयार करना सरकार की प्राथमिकता है।
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अमर उजाला से विशेष बातचीत में उपमुख्यमंत्री ने दरबार मूव, 370 और अपने विभाग से जुड़े मुद्दों पर बात की। उन्होंने कहा कि 370 जाने का सबसे अधिक नुकसान जम्मू ने उठाया है। अगले साल दरबार मूव लागू करके इसकी भरपाई की जाएगी।
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विशेष दर्जाः हमने वादा निभाया, अब केंद्र की बारी
उमुख्यमंत्री ने कहा कि पहली कैबिनेट मीटिंग में ही हमने स्टेटहुड को लेकर फैसला किया। इस बारे में हमने एलजी को लिखा और उन्होंने भी उसे आगे बढ़ा दिया। हमारा तो विशेष दर्जा छीना गया, इसकी मांग हमने की है। हम यहां के लोगों की जमीनें और यहां के बच्चों का रोजगार बचाना चाहते हैं। प्रधानमंत्री ने वादा किया था कि वो हमें विशेष दर्जा देंगे। अब चुनाव हो चुके हैं, हम इंतजार कर रहे हैं कि वो अपना वादा पूरा करें। गृह मंत्री अमित शाह ने भी संसद में कहा था कि जम्मू कश्मीर की जमीन और रोजगार बाहर के लोगों के लिए नहीं खोलेंगे।
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विकास का रोडमैप : घटिया काम कर पैसा खा गए ठेकेदार

सुरिंदर चौधरी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के विकास का रोडमैप तैयार करने से पहले हमें दस साल में आए गैप को भरना होगा। दरअसल सरकार-प्रशासन और जनता के बीच में एक लंबी दूरी आई है। बेरोजगारी का तूफान मचा है। घर-घर में बेरोजगार हैं। अस्पतालों की हालत खराब है। बिजली-पानी की समस्या मुंह बाए खड़ी है। सड़कें बनाई जा रहीं लेकिन भ्रष्टाचार चरम पर है। बीते सप्ताह ही मैं उधमपुुर के पंचैरी गया था। वहां ठेकेदार ने सड़क बनाई और चला गया। घटिया सामग्री लगाई, बाहर का था, उसे पैसे से मतलब था। हमें विकास करना है तो इस सिस्टम पर पहले नकेल कसनी होगी। एक डंडा घुमाने से कुछ नहीं होगा। परिवर्तन हो रहा है, शैक्षणिक कैलेंडर में बदलाव इसकी एक कड़ी है।

जम्मू का दिल जीतने के लिए तीन मंत्री दे दिए नेकां ने, और क्या चाहिए
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि जम्मू का दिल जीतने के लिए पार्टी ने एक उपमुख्यमंत्री और दो मंत्री सतीश शर्मा और जावेद राणा को दिया है। और क्या करेगी पार्टी। जम्मू की अर्थव्यवस्था दरबार मूव पर निर्भर करती थी। उसे खत्म कर दिया गया। हम अगले साल उसे फिर से पूरी क्षमता से लागू करेंगे। इसका फायदा यहां के टेंपो वाले से लेकर कारोबारियों तक को मिलेगा। 370 टूटने का सबसे बड़ा नुकसान जम्मू को हुआ है। जम्मू के साथ 10 वर्षों से खूब भेदभाव हुआ है, हमें जम्मू को बचाना है। भाजपा के कुछ लोगों का नारको टेस्ट करा लीजिए वो भी मानते हैं कि जम्मू-कश्मीर के साथ भेदभाव हुआ है।

बीजेपी चुनाव जीत गई, पर अब लोगों को पछतावा है

हमने प्रस्ताव पास किए तो भाजपा ने नाटक करने की कोशिश की। उसका सड़क पर प्रदर्शन नाटक था, उसे तो समर्थन ही नहीं मिला किसी का। कौन नहीं चाहता कि उनकी जमीन सुरक्षित रहे, कौन नहीं चाहता कि रोजगार मिले। लोगों ने उलटा उन्हें लिखा कि बताओ कहां नेशनल कांफ्रेंस ने देशद्रोह किया। भाजपा को टैग किया गया कि यह प्रस्ताव तो हम चाहते ही हैं। पंचायत चुनाव में इसका असर दिखेगा।


बदलाव लाएंगे तो साकार होगा बाबा साहेब का सपना
ईमानदारी का दावा करने वाले बड़े-बड़े आईपीएस अधिकारियों ने पर्यटन की जमीनें खरीद ली हैं, कहां से पैसे आ रहा है, यह सोचना वाली बात है। जम्मू के लोगों को यह सब समझ आ चुका है। बाबा साहेब का सपना साकार करना है तो हमें बदलाव को स्वीकार करना होगा और तभी डेमोक्रेसी स्थापित होगी। भाजपा जो मर्जी कहे, उससे हमें लेना-देना नहीं। वह चाहे जम्मू में प्रदर्शन करे या फिर महाराष्ट्र में 370 की बात करे। जम्मू की जनता ये देखना चाहती है कि उससे किए वादों को कितना पूरा किया गया।

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