फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   jammu kashmir news

विधायकों को मनोनीत करना संविधान में, ये कांग्रेस के वक्त से है: भाजपा

विज्ञापन
jammu kashmir news
जम्मू। विधानसभा में एलजी की तरफ से पांच विधायकों को मनोनीत करने के फैसले को लेकर घमासान जारी है। भाजपा ने दावा किया है कि ये संविधान में 1963 से मौजूद है, जब कांग्रेस सत्ता में थी। इसमें साफ लिखा है कि केंद्र सरकार या एलजी की तरफ से प्रदेश में विधानसभा में एक निश्चित संख्या में विधायकों को मनोनीत किया जा सकता है। भाजपा के प्रवक्ता अरुण गुप्ता ने कहा कि कांग्रेस के आरोपों में कोई दम नहीं है।
विज्ञापन

इस कानून में कुछ भी नया नहीं है। यह कांग्रेस सरकार द्वारा किया गया एक सांविधानिक संशोधन था। नामांकन के बारे में प्रासंगिक प्रावधान केंद्र शासित प्रदेश सरकार अधिनियम, 1963 में देखा जा सकता है। इस कानून में निर्दिष्ट किया गया था कि पुडुचेरी विधानमंडल में 30 निर्वाचित विधायक और तीन मनोनीत विधायक होने चाहिएं।
विज्ञापन

यूटी अधिनियम 1963 को तत्कालीन केंद्रीय गृह मंत्री लाल बहादुर शास्त्री ने संसद में पेश किया था और इसका उद्देश्य पुडुचेरी के यूटी के लिए एक विधानमंडल बनाना था। संयोग से, उस समय की कांग्रेस सरकार का प्रारंभिक प्रस्ताव पूरी तरह से मनोनीत विधानमंडल का था जिसमें एकल सदस्य क्षेत्रीय विधानसभा क्षेत्रों को बनाने का कोई प्रावधान नहीं था। जब उस समय की सरकार को कड़े विरोध का सामना करना पड़ा तो उसे 30 निर्वाचित और तीन (03) मनोनीत विधायकों को रखने के लिए मजबूर होना पड़ा। इस तरह से किसी भी केंद्र शासित प्रदेश (यूटी) में मनोनीत विधायकों की परंपरा शुरू हुई। इस तरह 100 प्रतिशत मनोनीत विधानसभा के बजाय कांग्रेस ने यूटी विधानसभा में 10 प्रतिशत मनोनीत विधायकों का फैसला किया।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि अगर मौजूदा केंद्र सरकार ने कांग्रेस सरकार द्वारा स्थापित पैटर्न का पालन किया होता, तो वह एलजी मनोज सिन्हा को 9 विधायकों को मनोनीत करने का अधिकार दे सकती थी, क्योंकि जम्मू और कश्मीर में 90 विधानसभा क्षेत्रों के लिए चुनाव हुए थे। हालांकि वर्तमान केंद्र सरकार ने ऐसे अधिकार कानून बनाए हैं कि एलजी केवल पांच विधायकों को ही मनोनीत कर सकते हैं। विधानसभा में विधायकों को नामित करने की एलजी की शक्तियां 1963 में कांग्रेस द्वारा स्थापित एक दृढ़ मिसाल पर आधारित हैं। जुलाई 2023 में पुनर्गठन अधिनियम 2019 जिसके परिणामस्वरूप जम्मू कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश में संशोधन किया गया और पांच विधायकों को नामित करने की शक्तियां एलजी को दी गईं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed