जिला सुशासन सूचकांक : जम्मू-कश्मीर के प्रत्येक जिले का दो साल का बनेगा विजन डाक्यूमेंट, एलजी बोले- जम्मू कश्मीर देश की सर्वोच्च प्राथमिकता
जिला सूचकांक विमोचन समारोह में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने जिलावार बेहतर प्रदर्शन के लिए संस्थागत प्रणाली विकसित करने की जरूरत बताया। कहा कि जम्मू कश्मीर में 890 नए केंद्रीय कानून लागू किए गए हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के लिए जम्मू-कश्मीर देश की सर्वोच्च प्राथमिकता में है। प्रदेश में सुशासन को बेहतर बनाने के लिए निरंतर प्रयास चल रहे हैं और उन्हें आगे बढ़ाया जाएगा। प्रदेश के सभी जिलों में मजबूत और बेहतर सुशासन होगा। प्रदेश के प्रत्येक जिले में दो साल का दृष्टिपत्र (विजन डाक्यूमेंट) बनाने की जरूरत है। इसे तैयार करने में सभी हितधारकों की भागीदारी संबंधित जिले के अधिकारी सुनिश्चित करें। उपराज्यपाल शनिवार को कन्वेंशन सेंटर जम्मू में जिला सुशासन सूचकांक 2020-21 के विमोचन समारोह में बोल रहे थे।
उपराज्यपाल ने कहा कि जम्मू कश्मीर में 890 नए केंद्रीय कानून लागू किए गए हैं। कृषि, वाणिज्य और उद्योग अब केंद्र शासित प्रदेशों में शीर्ष क्षेत्र हैं। आवास, बिजली और टीकाकरण में जम्मू कश्मीर आगे बढ़ रहा है। जम्मू कश्मीर के कई पिछड़े जिले आज महत्वाकांक्षी जिले (एस्पिरेशनल) में आते हैं। यह जिले अब कहीं आगे निकल गए हैं।
इनसे सीख लेने की जरूरत है। कहा कि जिला सूचकांक के परिणाम से सभी जिलों को एक दूसरे से सीखने की जरूरत है कि वे कैसे बेहतर हो सकें। प्रदेश में एक संस्थागत प्रणाली विकसित करने की जरूरत है जिससे जिला वार कैसे बेहतर प्रदर्शन का आदान-प्रदान किया जा सके। इससे बेहतरीन व्यवस्था के साथ सभी वर्ग के लोगों को न्याय मिल सकेगा।
उन्होंने कहा कि जनता की भलाई के लिए जो पैसा खर्च हो रहा है उसका मूल्यांकन होना चाहिए। इस राशि का आडिट होना चाहिए। सुशासन की बुनियादी इकाई में जनभागीदारी, जवाबदेही सहित नौ बिंदुओं का होना जरूरी है। कहा कि नीतियों को प्रभावशाली ढंग से आगे बढ़ाया जा रहा है।
सुशासन के रास्ते की बंदिशें हटाईं, जनता की जवाबदेही बढ़ी
जम्मू-कश्मीर के सुशासन के रास्ते में 2019 के बाद कई बंदिशों को हटाया गया है। प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में प्रभावी ढंग से कार्यक्रमों का कार्यान्वयन किया जा रहा है। विकास कार्यों में जनता की जवाबदेही को बढ़ाया गया है। कोविड टीकाकरण और कोविड प्रबंधन में जम्मू कश्मीर देश के लिए एक मॉडल के रूप में उभरा है।
नीतियों के परिणाम लोगों तक कैसे पहुंचे इसका पूरा ध्यान रखा जाएगा। जन सेवा की भावना जरूरी है। नागरिकों का जीवन स्तर बेहतर बनाने के लिए उचित कदम उठाए जा रहे हैं। 2019 के बाद आर्थिक विकास हुआ है। भ्रष्टाचार मुक्त तथा पारदर्शी प्रशासन मुहैया कराने की कोशिश हो रही है। किसानों की आमदनी देश के पांच राज्यों में शामिल है।