फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Jammu-Kashmir: Kashmiri medical students celebrate in support of Pakistan, case on sloganeering

जम्मू-कश्मीर: पाकिस्तान के समर्थन में कश्मीरी मेडिकल छात्रों ने मनाया जश्न, नारेबाजी पर केस

Wed, 27 Oct 2021 12:01 PM IST
करिश्मा चिब न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू Published by: करिश्मा चिब Updated Wed, 27 Oct 2021 12:01 PM IST
सार

पाकिस्तान के समर्थन में नारेबाजी करने पर कश्मीरी मेडिकल छात्रों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। भाजपा ने इस कार्रवाई का स्वागत किया। वहीं विपक्षी दलों ने एफआईआर को अनावश्यक करार दिया।

विज्ञापन
Jammu-Kashmir: Kashmiri medical students celebrate in support of Pakistan, case on sloganeering
भारत पाकिस्तान - फोटो : सोशल

विस्तार

टी-20 क्रिकेट विश्व कप में भारतीय टीम के खिलाफ  पाकिस्तान को रविवार को मिली जीत का जश्न मनाना कश्मीरी मेडिकल छात्रों को महंगा पड़ा। पुलिस ने शेर-ए-कश्मीर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (स्किम्स) और गवर्नमेंट कॉलेज (जीएमसी) के छात्रों के अलावा हॉस्टल वार्डन और कॉलेज मैनेजमेंट के खिलाफ  यूएपीए व आईपीसी की धाराओं में दो अलग-अलग मामले दर्ज किए हैं।

विज्ञापन

कश्मीर रेंज के आईजी विजय कुमार ने कहा कि स्किम्स और जीएमसी के कुछ छात्रों पर पाकिस्तान की जीत का जश्न मनाने को लेकर एफआईआर दर्ज की गई है।  

एक पुलिस अधिकारी के अनुसार उनके संज्ञान में मामला तब आया जब स्किम्स और जीएमसी के छात्रों द्वारा हॉस्टल में पाकिस्तान की जीत का जश्न मनाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। उन्होंने बताया कि जो वीडियो वायरल हुए हैं, उसमें जीएमसी हॉस्टल में लड़कियां भी जश्न मनाती देखी जा सकती हैं। अधिकारी ने बताया कि इस दौरान वीडियो में छात्रों द्वारा कुछ आपत्तिजनक नारेबाजी भी की गई है। उन्होंने बताया कि सीसीटीवी फुटेज भी हासिल की जाएगी। इसके आधार पर तफ्तीश आगे बढ़ेगी। गौरतलब है कि पाकिस्तान की जीत के बाद कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुई थीं। उनमें से अधिकतर पुराने थे।
विज्ञापन


इनका समर्थन करने वालों पर कार्रवाई हो: अल्ताफ
उधर, पुलिस द्वारा पाकिस्तान की जीत का जश्न मनाने वाले छात्रों के खिलाफ  कार्रवाई की शुरुआत को भाजपा ने अच्छा कदम बताया है। भाजपा के वरिष्ठ नेता अल्ताफ  ठाकुर ने कहा कि यह छात्र मेडिकल कॉलेजों में शिक्षा हासिल कर रहे हैं। यहां की हर सुविधा का लाभ ले रहे हैं और गुण पाकिस्तान के गा रहे हैं। इनके खिलाफ  सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। महबूबा मुफ्ती पर निशाना साधते हुए कहा कि जो नेता ऐसे तत्वों का समर्थन कर रहे हैं, उनके खिलाफ  भी कार्रवाई होनी चाहिए। 

विज्ञापन
विज्ञापन

ऐसी कार्रवाई उन्हें और दूर ले जाएगी: महबूबा
पूर्व मुख्यमंत्री और पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने एक ट्वीट में लिखा, कश्मीरी युवाओं के साथ गृहमंत्री की मन की बात ने पाकिस्तान की जीत का जश्न मनाने के लिए मेडिकल छात्रों के खिलाफ  यूएपीए के तहत मामला दर्ज करने के साथ शुरुआत हुई है। यह पता लगाने की कोशिश करने की बजाय कि शिक्षित युवा पाकिस्तान के साथ पहचान क्यों चुनते हैं। भारत सरकार प्रतिशोधात्मक कार्रवाई का सहारा ले रही है। इस तरह के कदम उन्हें और दूर कर देंगे।

माता-पिता से सलाह लेकर कार्रवाई करनी थी: नेकां
वहीं नेकां प्रवक्ता इमरान नबी डार ने कहा कि ये छोटे बच्चे हैं। पुलिस को इनको उनके माता-पिता के साथ बुलाना चाहिए था। उनसे सलाह लेनी चाहिए थी। यूएपीए लगाने की बजाय उन्हें चेतावनी देनी थी। गृह मंत्री कहते रहे हैं कि हम युवाओं का हाथ थामना चाहते हैं और उनसे बात करना चाहते हैं। इन युवाओं को चेतावनी देकर जाने देना अच्छा इशारा होता।

लोन ने की कार्रवाई की निंदा
पीपुल्स कांफ्रेंस के सज्जाद लोन ने भी इस फैसले की निंदा की है। उन्होंने ट्वीट में लिखा, मैं दृढ़ता से असहमत हूं। अगर आपको लगता है कि वे देशभक्त नहीं हैं, क्योंकि उन्होंने दूसरी टीम के लिए खुशी मनाई है। अगर आपको लगता है कि वे देशभक्ति से भटक गए हैं तो आपको उन्हें वापस लेने का साहस और विश्वास होना चाहिए। दंडात्मक कार्रवाई से मदद नहीं मिलेगी। ऐसे फैसलों ने अतीत में भी मदद नहीं की है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed