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Jammu News: विरोध के बीच नहीं लगा पाए स्टेटलैंड का बोर्ड, बैरंग लौटे पटवारी
Fri, 28 Apr 2023 01:56 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Fri, 28 Apr 2023 01:56 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
अरनिया। सुचेतगढ़ तहसील के अंतर्गत गांव शेर ए चक के लोगों द्वारा रास्ते पर अतिक्रमण को लेकर राजस्व विभाग में की गई शिकायत के बाद पटवारी मोहम्मद यूनिस ने रास्ते की पैमाइश की थी। वीरवार को पटवारी मोहम्मद यूनिस और गिरदावर स्टेट लैंड का बोर्ड लेकर गांव में चिह्नित जमीन पर लगाने के लिए पहुंचे थे। बोर्ड पर खसरा नंबर 47, 48, 49, 51, 68, 69 अंकित किया हुआ था। इस दौरान मौके पर पहुंचे ग्रामीण रतनलाल ने जमीन पर अपना दावा करते हुए बोर्ड लगाने से मना कर दिया। ऐसे में पटवारी बिना स्टेटलैंड का बोर्ड लगाए बैरंग लौट आए।
पटवारी ने बताया कि अरनिया और सुचेतगढ़ तहसील के राजस्व विभाग के अधिकारियों की निगरानी में दोनों तरफ से निशानदेही करने के बाद ही मुद्दे का हल हो पाएगा और इसके बाद बोर्ड लगाया जाएगा। इस दौरान लोगों ने रोष प्रकट करते हुए कहा है कि हम दोनों तरफ के अधिकारियों की निगरानी में निशानदेही करवाने के लिए भी तैयार हैं परंतु काम में देरी नहीं होने देंगे। इसके लिए जिला मजिस्ट्रेट जम्मू के पास भी अपनी अर्जी लेकर जाएंगे। इस मुद्दे पर पटवारी मोहम्मद यूनिस ने बताया कि वह स्टेटलैंड पर बोर्ड लगाने के लिए आए थे, परंतु रतनलाल ने उनको अपनी जमीन का हवाला देकर बोर्ड लगाने के लिए मना कर दिया था। इस कारण बोर्ड नहीं लग पाया। तहसीलदार से बात की गई है कि दोनों तहसीलों की अधिकारियों की मौजूदगी में निशानदेही करके स्टेट लैंड का बोर्ड लगाना ठीक रहेगा।
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अरनिया। सुचेतगढ़ तहसील के अंतर्गत गांव शेर ए चक के लोगों द्वारा रास्ते पर अतिक्रमण को लेकर राजस्व विभाग में की गई शिकायत के बाद पटवारी मोहम्मद यूनिस ने रास्ते की पैमाइश की थी। वीरवार को पटवारी मोहम्मद यूनिस और गिरदावर स्टेट लैंड का बोर्ड लेकर गांव में चिह्नित जमीन पर लगाने के लिए पहुंचे थे। बोर्ड पर खसरा नंबर 47, 48, 49, 51, 68, 69 अंकित किया हुआ था। इस दौरान मौके पर पहुंचे ग्रामीण रतनलाल ने जमीन पर अपना दावा करते हुए बोर्ड लगाने से मना कर दिया। ऐसे में पटवारी बिना स्टेटलैंड का बोर्ड लगाए बैरंग लौट आए।
पटवारी ने बताया कि अरनिया और सुचेतगढ़ तहसील के राजस्व विभाग के अधिकारियों की निगरानी में दोनों तरफ से निशानदेही करने के बाद ही मुद्दे का हल हो पाएगा और इसके बाद बोर्ड लगाया जाएगा। इस दौरान लोगों ने रोष प्रकट करते हुए कहा है कि हम दोनों तरफ के अधिकारियों की निगरानी में निशानदेही करवाने के लिए भी तैयार हैं परंतु काम में देरी नहीं होने देंगे। इसके लिए जिला मजिस्ट्रेट जम्मू के पास भी अपनी अर्जी लेकर जाएंगे। इस मुद्दे पर पटवारी मोहम्मद यूनिस ने बताया कि वह स्टेटलैंड पर बोर्ड लगाने के लिए आए थे, परंतु रतनलाल ने उनको अपनी जमीन का हवाला देकर बोर्ड लगाने के लिए मना कर दिया था। इस कारण बोर्ड नहीं लग पाया। तहसीलदार से बात की गई है कि दोनों तहसीलों की अधिकारियों की मौजूदगी में निशानदेही करके स्टेट लैंड का बोर्ड लगाना ठीक रहेगा।
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