{"_id":"67dc85c9e838faf217082b28","slug":"jammu-assembly-session-jammu-news-c-10-lko1027-570583-2025-03-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"साल के अंत तक भरे जाएंगे 1502 राजपत्रित, 5751 अराजपत्रित पद : उमर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
साल के अंत तक भरे जाएंगे 1502 राजपत्रित, 5751 अराजपत्रित पद : उमर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
10757 मल्टी-टास्क सर्विस रिक्तियों की पहचान भी की, 6000 रिक्तियां रेफरल के लिए तैयार
कहा, कई पदों के लिए एक ही परीक्षा आयोजित की जाएगी
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। सरकार साल के अंत तक प्रदेश में सात हजार से अधिक रिक्त पदों को भरेगी। इनमें 1502 राजपत्रित और 5751 अराजपत्रित रिक्त पद शामिल हैं। वित्त विभाग ने वर्तमान में समीक्षाधीन 10757 मल्टी-टास्क सर्विस रिक्तियों की पहचान भी की है। इनको जल्द ही भर्ती एजेंसियों को भेजा जाएगा।
यह जानकारी मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने विधानसभा में विधायक सतीश शर्मा के भर्तियों से संबंधित पूछे गए प्रश्न के जवाब में दी। साथ ही बताया कि इसके अलावा 6000 रिक्तियां रेफरल के लिए तैयार हैं, जो जल्द ही भर्ती के लिए भेजी जाएंगी।
भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाने पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि नियमों को संशोधित किया गया है। अब कंप्यूटर आधारित लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी। जहां भी संभव होगा, कई पदों के लिए एक ही परीक्षा होगी। जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग (जेकेपीएससी) और जम्मू-कश्मीर सेवा चयन बोर्ड (जेकेएसएसबी) को लक्ष्य आधारित दृष्टिकोण अपनाने और एक निर्धारित समय सीमा के भीतर भर्ती प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन
सदन को बताया कि हाल ही में जेकेएसएसबी को 150 जूनियर इंजीनियर पद भी रेफर किए हैं। उच्च शिक्षा विभाग में भर्ती प्रक्रिया भी प्रगति पर है। सहायक प्रोफेसरों, पुस्तकालयाध्यक्षों और शारीरिक प्रशिक्षण प्रशिक्षकों की 150 राजपत्रित रिक्तियों पर काम कर रहे हैं।
पहले से भेजे गए 840 रिक्तियों में से 476 भर दी गई हैं और शेष 364 के लिए चयन प्रक्रिया चल रही है। इसके अतिरिक्त 116 अराजपत्रित रिक्तियों को वित्तीय मंजूरी के लिए भेजा गया है। यह भी पुष्टि की कि सरकार का ध्यान भर्ती में तेजी लाने, निष्पक्षता सुनिश्चित करने और जम्मू-कश्मीर में रोजगार के अवसरों को बढ़ाने पर है।
-- -- -- -- -- -- -- --
डेली वेजरों को नियमित करने को लेकर पैनल गठित
सीएम ने कहा कि सदन में पहले ही डेली वेजरों को स्थायी करने के मामले पर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में पैनल गठित करने की घोषणा की जा चुकी है। आदेश भी जारी कर दिया है। छह माह में पैनल डेली वेजरों को नियमित करने के मुद्दे पर विचार कर सरकार को सिफारिशें सौंपेगा। सिफारिशें मिलने के बाद सरकार उसके अनुसार काम करेगी।
-- -- -- -- -
दो वर्ष में भरे गए 15000 रिक्त पद
फास्ट ट्रैक भर्ती के बारे में अब्दुल्ला ने कहा कि पिछले दो वर्षों में 15000 से अधिक रिक्तियों को भरते हुए भर्ती प्रक्रिया में तेजी लाई गई है। जम्मू-कश्मीर सेवा चयन बोर्ड को 13,466 गैर-राजपत्रित रिक्तियां भेजी गईं, जिनमें से 9351 चयन पूरे हो चुके हैं। इसी तरह जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग को भेजी गई 2390 राजपत्रित रिक्तियों में से 2175 का चयन किया जा चुका है। भर्ती प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए सरकार ने वेतन स्तर 5 (29,200-92,300 रुपये) तक के सभी पदों के लिए साक्षात्कार समाप्त कर दिया था।
विज्ञापन
कहा, कई पदों के लिए एक ही परीक्षा आयोजित की जाएगी
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। सरकार साल के अंत तक प्रदेश में सात हजार से अधिक रिक्त पदों को भरेगी। इनमें 1502 राजपत्रित और 5751 अराजपत्रित रिक्त पद शामिल हैं। वित्त विभाग ने वर्तमान में समीक्षाधीन 10757 मल्टी-टास्क सर्विस रिक्तियों की पहचान भी की है। इनको जल्द ही भर्ती एजेंसियों को भेजा जाएगा।
यह जानकारी मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने विधानसभा में विधायक सतीश शर्मा के भर्तियों से संबंधित पूछे गए प्रश्न के जवाब में दी। साथ ही बताया कि इसके अलावा 6000 रिक्तियां रेफरल के लिए तैयार हैं, जो जल्द ही भर्ती के लिए भेजी जाएंगी।
विज्ञापन
भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाने पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि नियमों को संशोधित किया गया है। अब कंप्यूटर आधारित लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी। जहां भी संभव होगा, कई पदों के लिए एक ही परीक्षा होगी। जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग (जेकेपीएससी) और जम्मू-कश्मीर सेवा चयन बोर्ड (जेकेएसएसबी) को लक्ष्य आधारित दृष्टिकोण अपनाने और एक निर्धारित समय सीमा के भीतर भर्ती प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन
सदन को बताया कि हाल ही में जेकेएसएसबी को 150 जूनियर इंजीनियर पद भी रेफर किए हैं। उच्च शिक्षा विभाग में भर्ती प्रक्रिया भी प्रगति पर है। सहायक प्रोफेसरों, पुस्तकालयाध्यक्षों और शारीरिक प्रशिक्षण प्रशिक्षकों की 150 राजपत्रित रिक्तियों पर काम कर रहे हैं।
पहले से भेजे गए 840 रिक्तियों में से 476 भर दी गई हैं और शेष 364 के लिए चयन प्रक्रिया चल रही है। इसके अतिरिक्त 116 अराजपत्रित रिक्तियों को वित्तीय मंजूरी के लिए भेजा गया है। यह भी पुष्टि की कि सरकार का ध्यान भर्ती में तेजी लाने, निष्पक्षता सुनिश्चित करने और जम्मू-कश्मीर में रोजगार के अवसरों को बढ़ाने पर है।
डेली वेजरों को नियमित करने को लेकर पैनल गठित
सीएम ने कहा कि सदन में पहले ही डेली वेजरों को स्थायी करने के मामले पर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में पैनल गठित करने की घोषणा की जा चुकी है। आदेश भी जारी कर दिया है। छह माह में पैनल डेली वेजरों को नियमित करने के मुद्दे पर विचार कर सरकार को सिफारिशें सौंपेगा। सिफारिशें मिलने के बाद सरकार उसके अनुसार काम करेगी।
दो वर्ष में भरे गए 15000 रिक्त पद
फास्ट ट्रैक भर्ती के बारे में अब्दुल्ला ने कहा कि पिछले दो वर्षों में 15000 से अधिक रिक्तियों को भरते हुए भर्ती प्रक्रिया में तेजी लाई गई है। जम्मू-कश्मीर सेवा चयन बोर्ड को 13,466 गैर-राजपत्रित रिक्तियां भेजी गईं, जिनमें से 9351 चयन पूरे हो चुके हैं। इसी तरह जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग को भेजी गई 2390 राजपत्रित रिक्तियों में से 2175 का चयन किया जा चुका है। भर्ती प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए सरकार ने वेतन स्तर 5 (29,200-92,300 रुपये) तक के सभी पदों के लिए साक्षात्कार समाप्त कर दिया था।