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जम्मू-कश्मीर के विधायकों और एमएलसी की अतिरिक्त सुरक्षा होगी वापस, आदेश जारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Updated Sat, 14 Jul 2018 01:09 AM IST
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- फोटो : फाइल
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जम्मू-कश्मीर में राज्यपाल शासन लागू होने के चलते सभी एमएलए और एमएलसी की अतिरिक्त सुरक्षा वापस लेने का आदेश जारी हुआ है। जम्मू जोन के आईजीपी एसडी सिंह ने शुक्रवार को यह आदेश जारी करते हुए कहा कि राज्यपाल शासन लागू होने के कारण राज्य के सभी एमएलए और एमएलसी को प्राप्त सुरक्षा की समीक्षा के बाद यह फैसला किया गया है कि इन सभी को निर्धारित मानकों के अतिरिक्त जो भी सुरक्षा मिली हुई है उसे हटा लिया जाएगा। इस संबंध में सभी जिलों के एसएसपी इन एमएलए और एमएलसी के अतिरिक्ति एस्कार्ट, पीएसओ व गार्ड को वापस बुलाएं और इसकी रिपोर्ट जोनल पुलिस हेडक्वार्टर को दो दिन में सौंपें।
आदेश में कहा गया है कि इस मामले को एसएसपी निजी तौर पर देखें और सख्ती से इसका पालन करें। हालांकि, विधानसभा अध्यक्ष की सुरक्षा को हटाया नहीं जाएगा। पुलिस हेडक्वार्टर के सिक्योरिटी विंग द्वारा निर्धारित मापदंड के अनुसार स्पीकर को सुरक्षा मुहैया होगी। ऐसा आदेश पहली बार हुआ है जब राज्यपाल शासन के दौरान एमएलए, एमएलसी की सुरक्षा वापस ली गई हो। चूंकि विधानसभा भंग नहीं हुई है इसी कारण से विधायकों का स्टेटस बरकरार है।
अभी प्रदेश के कई एमएलए और एमएलसी ने निर्धारित मापदंड के विपरीत जाकर अपने रुतबे और सरकार में रहने का दबदबा दिखाते हुए स्कोर्ट सहित भारी सुरक्षा ले रखी है। नियम के अनुसार एक विधायक के पास एक पीएसओ और एक गनर की अनुमति होती है। ऐसे में अब सभी विधायकों की अतिरिक्त सुरक्षा तत्काल वापस ली जाएगीं।
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आदेश में कहा गया है कि इस मामले को एसएसपी निजी तौर पर देखें और सख्ती से इसका पालन करें। हालांकि, विधानसभा अध्यक्ष की सुरक्षा को हटाया नहीं जाएगा। पुलिस हेडक्वार्टर के सिक्योरिटी विंग द्वारा निर्धारित मापदंड के अनुसार स्पीकर को सुरक्षा मुहैया होगी। ऐसा आदेश पहली बार हुआ है जब राज्यपाल शासन के दौरान एमएलए, एमएलसी की सुरक्षा वापस ली गई हो। चूंकि विधानसभा भंग नहीं हुई है इसी कारण से विधायकों का स्टेटस बरकरार है।
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अभी प्रदेश के कई एमएलए और एमएलसी ने निर्धारित मापदंड के विपरीत जाकर अपने रुतबे और सरकार में रहने का दबदबा दिखाते हुए स्कोर्ट सहित भारी सुरक्षा ले रखी है। नियम के अनुसार एक विधायक के पास एक पीएसओ और एक गनर की अनुमति होती है। ऐसे में अब सभी विधायकों की अतिरिक्त सुरक्षा तत्काल वापस ली जाएगीं।
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