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Jammu News: अगवा युवती केस से जुड़े एक और पुलिस अधिकारी का तबादला
Thu, 06 Mar 2025 03:00 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Thu, 06 Mar 2025 03:00 AM IST
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पुलिस ने मंगलवार को निर्दोष चौक पर प्रदर्शन के दौरान एक हफ्ते में युवती की बरामदगी का दिया था आश्वासन
संवाद न्यूज एजेंसी
अखनूर। दो महीने से अगवा 19 वर्षीय युवती के अपहरण मामले को लेकर मंगलवार को लोगों ने निर्दोष जाम कर प्रदर्शन किया था। इस दौरान पुलिस ने मामला बढ़ता देख एक हफ्ते में युवती की बरामदगी का आश्वासन दिया था। वहीं बुधवार को इस केस से जुड़े एक पुलिस अधिकारी का तबादला कर दिया गया। मामले में जांच शुरू होने से अब तक चार अधिकारियों का तबादला हो चुका है। इससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी लोग सवाल उठा रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, आईजी जम्मू की ओर से जारी आदेश के तहत अखनूर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर रोहित गांधी को डिकेआर रेंज में स्थानांतरित कर दिया गया है। यह तबादला ऐसे समय पर हुआ है, जब मामला संवेदनशील है और पुलिस आलोचना झेल रही है। जांच शुरू होने से अब तक थाना प्रभारी तारिक अहमद, एसडीपीओ सुनील जसरोटिया, केस के जांच अधिकारी (आईओ) अंकुश और अब थाना प्रभारी रोहित गांधी का स्थानांतरण हो चुका है। इससे पहले रोहित गांधी मामले की विशेष जांच टीम (एसआईटी) के अहम सदस्य थे और जांच में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे थे। तबादले को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। एक तरफ जनता पहले से पुलिस से नाराज है, तो दूसरी तरफ जांच से जुड़े अधिकारियों को बदलना सवाल खड़े करता है। अब देखना होगा कि एसपी ग्रामीण बृजेश शर्मा की ओर से दिया गया एक हफ्ते में बरामदगी का आश्वासन कितना प्रभावी साबित होता है। फिलहाल, लोग जल्द न्याय की मांग कर रहे हैं।
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ट्रांसफर रूटीन प्रक्रिया, जांच में नहीं होगी कोई रुकावट
अधिकारियों के तबादले रूटीन प्रक्रिया का हिस्सा हैं। इसे केस से जोड़कर देखना उचित नहीं है। अगर एसआईटी का कोई सदस्य ट्रांसफर हुआ है, तो उसकी जगह नया अधिकारी तुरंत ले लेगा और जांच की प्रक्रिया पहले की तरह जारी रहेगी। पुलिस पूरी कोशिश कर रही है, ताकि जो आश्वासन दिया गया है, उसके अनुसार समय सीमा में युवती को बरामद किया जा सके। कई मामलों में जल्दी सफलता मिल जाती है, लेकिन कभी-कभी ठोस सबूत हाथ नहीं लगने पर थोड़ा अधिक समय भी लग सकता है। पुलिस हर पहलू पर गंभीरता से काम कर रही है। पुलिस तमाम जांच मानकों का पालन करते हुए सभी आवश्यक कदम उठा रही है। जल्द मामले में ठोस प्रगति होगी।
- जोगिंदर सिंह, एसएसपी जम्मू
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संवाद न्यूज एजेंसी
अखनूर। दो महीने से अगवा 19 वर्षीय युवती के अपहरण मामले को लेकर मंगलवार को लोगों ने निर्दोष जाम कर प्रदर्शन किया था। इस दौरान पुलिस ने मामला बढ़ता देख एक हफ्ते में युवती की बरामदगी का आश्वासन दिया था। वहीं बुधवार को इस केस से जुड़े एक पुलिस अधिकारी का तबादला कर दिया गया। मामले में जांच शुरू होने से अब तक चार अधिकारियों का तबादला हो चुका है। इससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी लोग सवाल उठा रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, आईजी जम्मू की ओर से जारी आदेश के तहत अखनूर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर रोहित गांधी को डिकेआर रेंज में स्थानांतरित कर दिया गया है। यह तबादला ऐसे समय पर हुआ है, जब मामला संवेदनशील है और पुलिस आलोचना झेल रही है। जांच शुरू होने से अब तक थाना प्रभारी तारिक अहमद, एसडीपीओ सुनील जसरोटिया, केस के जांच अधिकारी (आईओ) अंकुश और अब थाना प्रभारी रोहित गांधी का स्थानांतरण हो चुका है। इससे पहले रोहित गांधी मामले की विशेष जांच टीम (एसआईटी) के अहम सदस्य थे और जांच में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे थे। तबादले को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। एक तरफ जनता पहले से पुलिस से नाराज है, तो दूसरी तरफ जांच से जुड़े अधिकारियों को बदलना सवाल खड़े करता है। अब देखना होगा कि एसपी ग्रामीण बृजेश शर्मा की ओर से दिया गया एक हफ्ते में बरामदगी का आश्वासन कितना प्रभावी साबित होता है। फिलहाल, लोग जल्द न्याय की मांग कर रहे हैं।
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ट्रांसफर रूटीन प्रक्रिया, जांच में नहीं होगी कोई रुकावट
अधिकारियों के तबादले रूटीन प्रक्रिया का हिस्सा हैं। इसे केस से जोड़कर देखना उचित नहीं है। अगर एसआईटी का कोई सदस्य ट्रांसफर हुआ है, तो उसकी जगह नया अधिकारी तुरंत ले लेगा और जांच की प्रक्रिया पहले की तरह जारी रहेगी। पुलिस पूरी कोशिश कर रही है, ताकि जो आश्वासन दिया गया है, उसके अनुसार समय सीमा में युवती को बरामद किया जा सके। कई मामलों में जल्दी सफलता मिल जाती है, लेकिन कभी-कभी ठोस सबूत हाथ नहीं लगने पर थोड़ा अधिक समय भी लग सकता है। पुलिस हर पहलू पर गंभीरता से काम कर रही है। पुलिस तमाम जांच मानकों का पालन करते हुए सभी आवश्यक कदम उठा रही है। जल्द मामले में ठोस प्रगति होगी।
- जोगिंदर सिंह, एसएसपी जम्मू