{"_id":"5aa9a8f04f1c1b094a8b54a8","slug":"hurriyat-leader-geelani-compare-terrorist-with-warrior-pay-the-tribute","type":"story","status":"publish","title_hn":"हुर्रियत नेता गिलानी ने मारे गए आतंकी ईसा को बताया योद्धा, दी श्रद्धांजलि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हुर्रियत नेता गिलानी ने मारे गए आतंकी ईसा को बताया योद्धा, दी श्रद्धांजलि
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Updated Thu, 15 Mar 2018 04:27 AM IST
विज्ञापन
Syed Ali Gilani
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हुर्रियत कांफ्रेस (ग) के नेता सैयद अली गिलानी ने बुधवार को अपने करीबी ईसा फाजली को कश्मीर की आजादी की लड़ाई का एक वीर योद्धा बताया। फाजली अपने दो साथियों के साथ सोमवार को अनंतनाग में सुरक्षाबलों के साथ मुठभेड़ में मारा गया था।
विज्ञापन
गिलानी ने कहा कि कश्मीर की आजादी की इस जंग में उसकी प्रतिबद्धता अनुकरणीय थी। गिलानी ने फोन पर एक सभा को संबोधित करते समय दु:ख वक्त किया और कहा कि वो परिस्थितियों के बारे में काफी विचार किया करता था। गिलानी ने कहा कि ईसा मेरे बेहद करीबियों में से एक था। उसकी पुरानी मुलाकातों को याद करूं तो वो बुरहान के किस्सों और घाटी में युवाओं दिक्कतों, रक्तपात और तमाम परेशानियों पर चर्चा किया करता था।
विज्ञापन
यही कारण था उसके आजादी के इस आंदोलन में शामिल होने का कारण बना। गिलानी ने ईसा और हकूरा में मारे गए अन्य आतंकी ओवैस शैफी को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उन्होंने अपने देश की पुरानी गुलामी से आजाद कराने के लिए अपनी जिंदगी का त्याग करते हुए इस मिशन को नेतृत्व करने की जिम्मेदारी अपने कंधों पर ले ली। आवाम उनके त्याग और बलिदान को याद रखेगी।
विज्ञापन
कुरान की हवाला देते हुए गिलानी ने कहा कि ये शहीद अभी भी जिंदा है। उन्होंने कहा कि अल्लाह के मार्ग पर जाने वाले लोग मरते नहीं हैं। इस दौरान गिलानी ने कहा कि हमें ऐसे लोगों का बहिष्कार करना चाहिए जो सत्ता के सुख के लिए हमारे युवाओं का खून बहाते हैं। हम भारत के किसी भी हिस्सों को छीनना नहीं चाहते हैं। हम तब तक अपनी मिशन को जारी रखेंगे जब तक ये कोई तर्कसंगत नतीजे पर नहीं पहुंचता है।