{"_id":"65bc1540c62dbf807d0ca82d","slug":"generator-set-samba-news-c-289-1-sjam1009-101742-2024-02-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: अस्पताल में लगे जेनरेटर सेट को डेढ़ साल से कनेक्शन का इंतजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: अस्पताल में लगे जेनरेटर सेट को डेढ़ साल से कनेक्शन का इंतजार
Fri, 02 Feb 2024 03:33 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Fri, 02 Feb 2024 03:33 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- लोगों को नहीं मिल रहा सुविधाओं का लाभ, अब उप राज्यपाल को बताएंगे समस्या
- लोगों को अधिक पैसे खर्च कर प्राइवेट अस्पतालों से करवाना पड़ रहा सिटी स्कैन व एक्सरे
संवाद न्यूज एजेंसी
सांबा/घगवाल। कस्बे के एक्सीडेंटल अस्पताल में लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। लोगों को इलाज करवाने के लिए मजबूरन प्राइवेट अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है।
अस्पताल में बिजली की सुचारू आपूर्ति के लिए डेढ़ साल पहले जेनरेटर सेट लगवाया था, मगर इसको आज तक बिजली कनेक्शन ही नहीं मिल पाया है। इससे अस्पताल में आने वाले मरीजों को बिजली न होने पर बाहर से अपने टेस्ट महंगे दामों पर करवाने पड़ रहे हैं। लोगों के कई बार मांग उठाने के बावजूद बिजली विभाग ने इसे अब तक कनेक्शन ही नहीं दिया है, जिससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
पूर्व सरपंच अर्पण पंगोत्रा, कुलदीप वर्मा और राम पाल शर्मा ने कहा कि बिजली की अघोषित कटौती के चलते मरीजों को एक साथ कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बिजली की कटौती के समय एक्सरे मशीन के साथ दंत चिकित्सक की मशीनें भी नहीं चल पाती हैं। ऐसे में मरीजों को दर बदर होना पड़ता है। मजबूरन मरीजों को प्राइवेट अस्पतालों में जाकर एक्सरे व सिटी स्केन करवाना पड़ रहा है। इससे उन्हें ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं। ऐसे में उन्हें सरकारी सुविधाओं का कोई लाभ नही मिलता है। उन्होंने कहा कि इस बारे में उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को कई बार अवगत भी करवाया है। मगर आज तक जेनरेटर सेट के अस्पताल में कनेक्शन तक नही दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अस्पताल के लिए सरकार की ओर से जेनरेटर सेट दिया गया है, लेकिन उसका लाभ मरीजों को नहीं मिल रहा है। इस बारे में उप राज्यपाल से भी अनुरोध करेंगे कि घगवाल के एक्सीडेंटल अस्पताल की भी सुध लें, ताकि स्थानीय लोगों को सरकारी सुविधा का लाभ मिल सके।
विज्ञापन
अस्पताल में इनवर्टर भी है, जब ऑपरेशन करने होते हैं तो जेनरेटर को चला दिया जाता है। शीघ्र ही अन्य विभागों में भी कनेक्शन दे दिए जाएंगे।
राजीव मेंगी, इंचार्ज अस्पताल घगवाल।
बिजली विभाग को पत्र लिखा है कि अस्पताल में जेनरेटर के कनेक्शन दिए जाएं। इसके लिए बिजली विभाग के इंजीनियर की देखरेख में कनेक्शन दिए जाएंगे, वह प्रयास कर रहे हैं ताकि शीघ्र ही अस्पताल को जेनरेटर सेट की सुविधा मिल सके।
सुरेश चंद्र, बीएमओ स्वास्थ्य विभाग नड़ सांबा।
विज्ञापन
- लोगों को अधिक पैसे खर्च कर प्राइवेट अस्पतालों से करवाना पड़ रहा सिटी स्कैन व एक्सरे
संवाद न्यूज एजेंसी
सांबा/घगवाल। कस्बे के एक्सीडेंटल अस्पताल में लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। लोगों को इलाज करवाने के लिए मजबूरन प्राइवेट अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है।
अस्पताल में बिजली की सुचारू आपूर्ति के लिए डेढ़ साल पहले जेनरेटर सेट लगवाया था, मगर इसको आज तक बिजली कनेक्शन ही नहीं मिल पाया है। इससे अस्पताल में आने वाले मरीजों को बिजली न होने पर बाहर से अपने टेस्ट महंगे दामों पर करवाने पड़ रहे हैं। लोगों के कई बार मांग उठाने के बावजूद बिजली विभाग ने इसे अब तक कनेक्शन ही नहीं दिया है, जिससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन
पूर्व सरपंच अर्पण पंगोत्रा, कुलदीप वर्मा और राम पाल शर्मा ने कहा कि बिजली की अघोषित कटौती के चलते मरीजों को एक साथ कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बिजली की कटौती के समय एक्सरे मशीन के साथ दंत चिकित्सक की मशीनें भी नहीं चल पाती हैं। ऐसे में मरीजों को दर बदर होना पड़ता है। मजबूरन मरीजों को प्राइवेट अस्पतालों में जाकर एक्सरे व सिटी स्केन करवाना पड़ रहा है। इससे उन्हें ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं। ऐसे में उन्हें सरकारी सुविधाओं का कोई लाभ नही मिलता है। उन्होंने कहा कि इस बारे में उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को कई बार अवगत भी करवाया है। मगर आज तक जेनरेटर सेट के अस्पताल में कनेक्शन तक नही दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अस्पताल के लिए सरकार की ओर से जेनरेटर सेट दिया गया है, लेकिन उसका लाभ मरीजों को नहीं मिल रहा है। इस बारे में उप राज्यपाल से भी अनुरोध करेंगे कि घगवाल के एक्सीडेंटल अस्पताल की भी सुध लें, ताकि स्थानीय लोगों को सरकारी सुविधा का लाभ मिल सके।
विज्ञापन
अस्पताल में इनवर्टर भी है, जब ऑपरेशन करने होते हैं तो जेनरेटर को चला दिया जाता है। शीघ्र ही अन्य विभागों में भी कनेक्शन दे दिए जाएंगे।
राजीव मेंगी, इंचार्ज अस्पताल घगवाल।
बिजली विभाग को पत्र लिखा है कि अस्पताल में जेनरेटर के कनेक्शन दिए जाएं। इसके लिए बिजली विभाग के इंजीनियर की देखरेख में कनेक्शन दिए जाएंगे, वह प्रयास कर रहे हैं ताकि शीघ्र ही अस्पताल को जेनरेटर सेट की सुविधा मिल सके।
सुरेश चंद्र, बीएमओ स्वास्थ्य विभाग नड़ सांबा।