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कड़ी सुरक्षा के बीच मशहूर गंगबल यात्रा शुरू, कश्मीरी पंडितों का जत्था रवाना
Fri, 06 Sep 2019 02:13 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, कंगन (गांदरबल)
अमर उजाला ब्यूरो, कंगन (गांदरबल)
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Fri, 06 Sep 2019 02:13 AM IST
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कश्मीर घाटी के अनिश्चितता से भरे माहौल में मध्य कश्मीर के गांदरबल जिले की मशहूर गंगबल तीर्थयात्रा कड़ी सुरक्षा के बीच वीरवार को शुरू हो गई।
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नारनग मंदिर से करीब तीन दर्जन कश्मीरी पंडितों का जत्था 14,500 फीट की ऊंचाई पर हरमुख-गंगबल झील स्थित मंदिर के लिए रवाना हुआ। तीन दिवसीय यात्रा शनिवार को पूरी होगी।
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अधिकारियों ने कहा कि कड़ी सुरक्षा के बीच रवाना हुई 36 किलोमीटर लंबी इस यात्रा में अधिकांश प्रवासी कश्मीरी पंडित शामिल हैं। जिन्होंने प्राचीन नारनग शिव मंदिर में छड़ी पूजा करने के बाद पैदल यात्रा शुरू की।
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इतिहासकार बताते हैं कि , 8वीं शताब्दी में कायस्थ नागा करकोटा राजवंश के राजा ललितादित्य मुक्तापीड़ा ने इस मंदिर का निर्माण कराया था। हरमुख गंगा गंगबलद्ध ट्रस्ट और आल पार्टी कोऑार्डिनेशन कमेटी के चेयरमैन विनोद पंडित ने बताया कि एक सदी के बाद 2009 में इस यात्रा को पुन: शुरू किया गया।
पंडित ने कहा, गंगबल झील को भगवान शिव का निवास माना जाता है और हम वहां राज्य में शांति और खुशहाली के लिए विशेष प्रार्थना करेंगे। राजसी हरमुख पर्वत की तलहटी में स्थित गंगाबल झील लगभग 3.5 किमी लंबी,आधा किमी चौड़ी और 80 मीटर गहरी है। इस झील में कश्मीरी हिंदू अपने दिवंगत रिश्तेदारों के अवशेषों कों विसर्जित करते थे।