{"_id":"5e84d1c28ebc3e76966701eb","slug":"culture-samba-news-jmu2071284150","type":"story","status":"publish","title_hn":"नवरात्र में कई लोगों ने किया साख विसर्जन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नवरात्र में कई लोगों ने किया साख विसर्जन
विज्ञापन
ांबा के बसंतर दरियामे शाख विसजर्न करते हुए
- फोटो : SAMBA
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सांबा। नवरात्र में वीरवार को साख विसर्जन अच्छा नहीं माना जाने के चलते जिले में बुधवार को ही साख का विसर्जन किया गया। नवरात्र के चलते सांबा में कई लोगों ने साख विसर्जन किया। दूसरी तरफ अधिकतर लोगों ने घर के आंगन की क्यारी में साख रखी ताकि लॉकडाउन में छूट मिलने पर वह उसे नदी में विसर्जित कर सकें। हालांकि साख विसर्जन करने के लिए गाड़ियां भी लगाई गईं, जो वार्डों में जाकर लोगों के घरों से साख एकत्रित कर विश्व मित्र स्वरूपी नदी में विसर्जन किया ताकि लॉकडाउन का उल्लंघन न हो और लोग कोरोना वायरस की चपेट में न आएं।
माता की क्यारी इकट्ठी कर बसंतर नदी में की विसर्जित
विजयपुर। नगरपालिका अध्यक्ष दीपक कुमार की देखरेख में बुधवार को दो गाड़ियां भेज कर माता के भक्तों द्वारा लगाई गई माता की क्यारी को उठाया गया और बसंतर नदी में विसर्जन किया गया। सुबह 8 से 11 बजे तक दोनों गाड़ियों का सिलसिला चलता रहा और माता के भक्तों ने इन अपनी क्यारी गाड़ी में रखी। नगरपालिका अध्यक्ष ने बताया कि हमारे कुछ सोशल वर्कर की मदद से यह सब किया गया। क्योंकि लॉकडाउन के कारण सरकार की तरफ से आदेश है कि बाहर निकलना मना है। उसी को देखते हुए हमने वार्डों में लोगों से माता की क्यारी ली और उसका बसंतर नदी में विसर्जन किया। उन्होंने कहा कि मंगलवार को लोगों को पहले ही सूचित किया गया है। संवाद
अखनूर। साख विसर्जन के साथ नवरात्र संपन्न हो गए। घरो में बुधवार सुबह पूजा अर्चना के साथ कंजक पूजन हुआ। हालांकि पुलिस ने कस्बे के चिनाब दरिया के जियो पोता, चंदिया, हरि मंदिर सहित अन्य घाटों पर साख विसर्जन करने के लिए रोका। वहीं मंदिरों में बिना श्रद्धालुओं के ही पूजन हुआ। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
माता की क्यारी इकट्ठी कर बसंतर नदी में की विसर्जित
विजयपुर। नगरपालिका अध्यक्ष दीपक कुमार की देखरेख में बुधवार को दो गाड़ियां भेज कर माता के भक्तों द्वारा लगाई गई माता की क्यारी को उठाया गया और बसंतर नदी में विसर्जन किया गया। सुबह 8 से 11 बजे तक दोनों गाड़ियों का सिलसिला चलता रहा और माता के भक्तों ने इन अपनी क्यारी गाड़ी में रखी। नगरपालिका अध्यक्ष ने बताया कि हमारे कुछ सोशल वर्कर की मदद से यह सब किया गया। क्योंकि लॉकडाउन के कारण सरकार की तरफ से आदेश है कि बाहर निकलना मना है। उसी को देखते हुए हमने वार्डों में लोगों से माता की क्यारी ली और उसका बसंतर नदी में विसर्जन किया। उन्होंने कहा कि मंगलवार को लोगों को पहले ही सूचित किया गया है। संवाद
विज्ञापन
अखनूर। साख विसर्जन के साथ नवरात्र संपन्न हो गए। घरो में बुधवार सुबह पूजा अर्चना के साथ कंजक पूजन हुआ। हालांकि पुलिस ने कस्बे के चिनाब दरिया के जियो पोता, चंदिया, हरि मंदिर सहित अन्य घाटों पर साख विसर्जन करने के लिए रोका। वहीं मंदिरों में बिना श्रद्धालुओं के ही पूजन हुआ। संवाद
विज्ञापन