{"_id":"579a5a564f1c1b1a4f21ee30","slug":"nashir-medical-check-up-in-jail","type":"story","status":"publish","title_hn":"आपशंभु मंदिर विवाद: जेल में हुई यासिर की मेडिकल जांच","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
आपशंभु मंदिर विवाद: जेल में हुई यासिर की मेडिकल जांच
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
Updated Fri, 29 Jul 2016 12:47 AM IST
विज्ञापन
जेल
- फोटो : Demo Pic.
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आपशंभु मंदिर में तोड़फोड़ के मामले के आरोपी यासिर अहमद की सेंट्रल जेल कोट भलवाल में वीरवार को मेडिकल जांच की गई। न्यायालय के आदेश पर आरोपी की दो हफ्ते की मानसिक स्तर पर जांच की रिपोर्ट मांगी गई है।
इसमें हर रोज जेल में सीसीटीवी के अलावा आरोपी की अन्य गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। उसकी जांच के लिए साइकेट्री स्तर पर नए मेडिकल बोर्ड का गठन किया गया है। इसमें मनोचिकित्सक, एमडी साइकेट्री, क्लीनिकल साइकोलाजिस्ट, साइकेट्रिक सोशल वर्कर और अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ शामिल है।
आरोपी की जांच के लिए हर रोज का रोस्टर बनाया गया है। आरोपी की मेडिकल जांच के दौरान बोर्ड सदस्यों के अलावा पुलिस के आला अधिकारी मौजूद रहे। सूत्रों के अनुसार सुरक्षा कारणों से वीरवार को साइकेट्री अस्पताल से एक मनोचिकित्सक और अन्य प्रशासनिक अधिकारी ने यासिर अहमद की दो घंटे मेडिकल जांच की। यासिर का साइकेट्री इलाज भी चल रहा है।
विज्ञापन
यासिर को जेल में एक सेल में अकेला रखा गया है। उसकी जांच के बाद मनोचिकित्सकों ने उसे जेल के अस्पताल में शिफ्ट करने को कहा है। सूत्रों के अनुसार यासिर के साइकेट्री इलाज के बाद उसकी हालत सामान्य हो रही है। इससे पहले यासिर की मेडिकल जांच के लिए दो बार मेडिकल बोर्ड को बदला गया था। नया बोर्ड पुराने बोर्ड को अपनी दो हफ्ते की जांच रिपोर्ट सौंपेगा।
इसके बाद उसे न्यायालय प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। नए बोर्ड में अस्पताल के अधीक्षक को चेयरमैन, मनोचिकित्सक डा. मनु अरोड़ा, एमडी साइकेट्री डा. रामेश्वर मन्हास, क्लीनिकल साइकोलाजिस्ट डा. शबनम रईस, साइक्रेटिक सोशल वर्कर निशा अख्तर सहित अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ शामिल हैं।
उल्लेखनीय है कि गत जून के मध्य में आपशंभु मंदिर में आरोपी द्वारा तोड़फोड़ करने पर जमकर बवाल हुआ था। इसके बाद से आरोपी हिरासत में चल रहा है।
विज्ञापन
इसमें हर रोज जेल में सीसीटीवी के अलावा आरोपी की अन्य गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। उसकी जांच के लिए साइकेट्री स्तर पर नए मेडिकल बोर्ड का गठन किया गया है। इसमें मनोचिकित्सक, एमडी साइकेट्री, क्लीनिकल साइकोलाजिस्ट, साइकेट्रिक सोशल वर्कर और अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ शामिल है।
विज्ञापन
आरोपी की जांच के लिए हर रोज का रोस्टर बनाया गया है। आरोपी की मेडिकल जांच के दौरान बोर्ड सदस्यों के अलावा पुलिस के आला अधिकारी मौजूद रहे। सूत्रों के अनुसार सुरक्षा कारणों से वीरवार को साइकेट्री अस्पताल से एक मनोचिकित्सक और अन्य प्रशासनिक अधिकारी ने यासिर अहमद की दो घंटे मेडिकल जांच की। यासिर का साइकेट्री इलाज भी चल रहा है।
विज्ञापन
यासिर को जेल में एक सेल में अकेला रखा गया है। उसकी जांच के बाद मनोचिकित्सकों ने उसे जेल के अस्पताल में शिफ्ट करने को कहा है। सूत्रों के अनुसार यासिर के साइकेट्री इलाज के बाद उसकी हालत सामान्य हो रही है। इससे पहले यासिर की मेडिकल जांच के लिए दो बार मेडिकल बोर्ड को बदला गया था। नया बोर्ड पुराने बोर्ड को अपनी दो हफ्ते की जांच रिपोर्ट सौंपेगा।
इसके बाद उसे न्यायालय प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। नए बोर्ड में अस्पताल के अधीक्षक को चेयरमैन, मनोचिकित्सक डा. मनु अरोड़ा, एमडी साइकेट्री डा. रामेश्वर मन्हास, क्लीनिकल साइकोलाजिस्ट डा. शबनम रईस, साइक्रेटिक सोशल वर्कर निशा अख्तर सहित अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ शामिल हैं।
उल्लेखनीय है कि गत जून के मध्य में आपशंभु मंदिर में आरोपी द्वारा तोड़फोड़ करने पर जमकर बवाल हुआ था। इसके बाद से आरोपी हिरासत में चल रहा है।