जम्मू। स्वास्थ्य व चिकित्सा शिक्षा विभाग के वित्तीय आयुक्त अटल डुल्लू ने मंगलवार को जीएमसी में डॉक्टरों और पैरा मेडिकल स्टाफ की समस्याएं सुनीं और मरीजों की देखभाल के लिए अस्पतालों में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के उपायों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि अस्पताल की इमरजेंसी में जल्द रैपिड एंटीजन टेस्टिंग परीक्षण शुरू किया जाएगा। हाई डिपेंडेंसी वार्ड को प्राथमिकता पर शुरू करने के साथ इसमें संकाय सदस्यों के लिए कुछ बेड / कमरों को रखा जाएगा। इसके अलावा संकाय गेस्ट हाउस की मरम्मत की जाएगी और कोविड संक्रमित संकाय सदस्यों को क्वारंटीन के लिए कमरे उपलब्ध कराए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि स्टाफ की कमी को दूर करने के लिए विभिन्न स्तर पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की जा रही है। सभी अस्पतालों के लिए ऑक्सीजन प्लांट मंजूर किए जा चुके हैं और अगले 4-5 महीनों में यह काम करना शुरू कर देंगे। खाद्य गुणवत्ता में शिकायतों पर वित्तीय आयुक्त ने कहा कि डीसी जम्मू से खाद्य गुणवत्ता पर बात की जाएगी और संकाय सदस्यों के लिए एक समर्पित कैंटीन स्थापित की जाएगी। उन्होंने डॉक्टरों को आश्वासन दिया कि जीएमसी में लिक्विड ऑक्सीजन प्लांट जल्द ही काम करना शुरू कर देगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि चिकित्सा स्टाफ के मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाएगा।