जम्मूः पूर्व मंत्री चौधरी लाल सिंह के शिक्षण ट्रस्ट की जांच करेगी सीबीआई, जमीन कब्जाने का है आरोप
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सीबीआई ने पूर्व मंत्री एवं सांसद चौधरी लाल सिंह के आरबी एजुकेशन ट्रस्ट के खिलाफ शुरूआती जांच शुरू कर दी है। सीबीआई जम्मू ने मामला दर्ज किया है। सांसद और मंत्री रहते बड़े स्तर पर वन भूमि और सरकारी जमीन पर आरबी एजुकेशन ट्रस्ट के नाम पर अतिक्रमण के मामले में सीबीआई ने जांच शुरू की है।
मंत्री ने 1971 में कृषि संबंधी एक्ट का उल्लंघन करते हुए सरकारी जमीन पर अतिक्रमण किया। यहीं नहीं, कठुआ जिले के पूर्व जिला उपायुक्त और राजस्व अधिकारी भी शक के घेरे में है। जिन्होंने पिछले साल इस मामले में एक हलफनामा कोर्ट में पेश किया।
इस हलफनामे में अधिकारियों ने लाल सिंह को बचाने के लिए कोर्ट को गलत जानकारी दी है। इनके खिलाफ भी जांच चल रही है। यह मामला कोर्ट में चल रहा है। सीबीआई ने अपने अब इस मामले की जांच शुरू की है।
सीबीआई के पास जानकारी है कि लाल सिंह के आरबी एजुकेशन ट्रस्ट के नाम पर बड़े स्तर पर अतिक्रमण हुआ है और इस अतिक्रमण में उनका वन अधिकारियों और राजस्व अधिकारियों ने साथ दिया है।
सूत्रों का कहना है कि 300 से अधिक कनाल जमीन पर अतिक्रमण हुआ है। हालांकि जांच से जुड़े एक अधिकारी का कहना है कि अभी तो इस मामले में सिर्फ पीई ही दर्ज की गई है। इतना जरूर है कि बड़े स्तर पर जमीन पर अतिक्रमण किया गया है। जिसमें राजस्व और वन अधिकारियों ने भी मंत्री और ट्रस्ट को बचाने की कोशिश की गई है।
अभी यह बता पाना संभव नहीं है कि कितनी जमीन पर अतिक्रमण हुआ है। लेकिन अतिक्रमण तो हुआ है। कई अन्य मामले में भी लाल सिंह पर बसोहली क्षेत्र में अवैध रूप से सिमेंट की फैक्ट्री लगाने, स्टोन क्रशर लगाने का मामला भी उठ चुका है।
सांबा में भी जमीन पर अतिक्रमण करने का मामला उठ चुका है। ऐसे कई मामले में कोर्ट तक पहुंचे हैं। लेकिन अब सीबीआई द्वारा इस मामले की जांच शुरू होने से लाल सिंह के लिए दिक्कतें पैदा हो सकती हैं। जांच के घेरे में लाल सिंह के ट्रस्ट के अलावा कठुआ और सांबा के पूर्व में रहे डीसी, राजस्व अधिकारियों के खिलाफ भी पीई दर्ज हुई है। इन लोगों से लाल सिंह के खिलाफ जानकारी मांगी गई थी।