SC का निर्देश श्रीनगर पीठ करेगी बीफ बैन मामले की सुनवाई
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बीफ बैन से संबंधित मामले की सुनवाई हाईकोर्ट की श्रीनगर पीठ की बजाए जम्मू पीठ के समक्ष कराने की गुहार सुप्रीम कोर्ट ने ठुकरा दी है। सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में दाखिल याचिका पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया है।
याचिका में कहा गया था कि श्रीनगर पीठ द्वारा सुनवाई करने से राज्य में कानून व्यवस्था बिगड़ने का खतरा है।चीफ जस्टिस एचएल दत्तू की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि मंगलवार रात इस बारे में जम्मू एवं कश्मीर हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से हमारी बातचीत हुई।
मुख्य न्यायाधीश ने इस तरह के किसी भी खतरे का अंदेशा नहीं जताया। पीठ की इस टिप्पणी के बाद याचिकाकर्ता ने याचिका वापस ले ली।
क्यों शुरु हो गया था विवाद
गत पांच अक्तूबर को सुप्रीम कोर्ट ने जम्मू एवं कश्मीर हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को श्रीनगर में तीन सदस्यीय पीठ का गठन कर निर्देश देते हुए इस संबंध में कानून की वैधता और प्रतिबंध से संबंधित कानूनी मसले का निपटारा करने के लिए कहा था।
वास्तव में हाईकोर्ट की दो अलग-अलग पीठ ने इस मसले पर परस्पर विरोधी आदेश दिए थे। गत आठ सितंबर को जम्मू पीठ ने पुलिस को रणबीर पीनल कोड (आरपीसी) के उस प्रावधान को प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए कहा था कि जिसमें राज्य में गोमांस की बिक्री पर रोक लगाने की बात है।
इसके एक हफ्ते के बाद श्रीनगर की पीठ ने गाय-बछड़े आदि जानवरों के वध पर प्रतिबंध संबंधी आरपीसी के प्रावधान को निरस्त करने की गुहार संबंधी याचिका पर राज्य सरकार को नोटिस जारी किया था।