जम्मू-कश्मीर: तीन दिन की बैंक हड़ताल में एटीएम संभालेंगे नकदी का मोर्चा, रविवार को डाला जाएगा अतिरिक्त कैश
तीन दिन की बैंक हड़ताल के दौरान ग्राहकों को नकदी की कमी न हो इसके लिए रविवार को सभी एटीएम में अतिरिक्त कैश डाला जाएगा। इस दौरान यूपीआई, आईएमपीएस, इंटरनेट और मोबाइल बैंकिंग सेवाएं जारी रहेंगी ग्राहक सेवा केंद्र सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक खुले रहेंगे।
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तीन दिन की बैंक हड़ताल से पहले शुक्रवार को बैंक शाखाओं में भीड़ रही। लोग नकदी निकालने, चेक जमा करने और दूसरे जरूरी काम निपटाने पहुंचे। हड़ताल के दौरान नकदी की कमी न हो, इसके लिए रविवार को सभी एटीएम में अतिरिक्त कैश डाला जाएगा।
ग्राहक सेवा केंद्र सुबह आठ से रात आठ बजे तक खुले रहेंगे, जबकि यूपीआई, इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल बैंकिंग और अन्य डिजिटल सेवाएं जारी रहेंगी। हालांकि शाखाओं में होने वाले चेक और नकद लेनदेन समेत कई काम प्रभावित होंगे। ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन के प्रदेश सचिव राजेश मेहता ने बताया कि वित्त मंत्रालय ने भी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को एटीएम में पर्याप्त नकदी रखने और जरूरी सेवाएं जारी रखने के निर्देश दिए हैं।
इस दौरान यूपीआई, आईएमपीएस, इंटरनेट बैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग जैसी डिजिटल सेवाएं जारी रहेंगी। यानी पैसे भेजने, ऑनलाइन भुगतान करने और दूसरे डिजिटल लेनदेन के लिए ग्राहकों के पास विकल्प उपलब्ध रहेंगे। ग्राहक सेवा केंद्र सुबह आठ बजे से रात आठ बजे तक काम करेंगे। इन केंद्रों पर उपलब्ध बैंकिंग सेवाओं का ग्राहक इस्तेमाल कर सकेंगे। इससे शाखाओं के बंद रहने के दौरान सामान्य बैंकिंग जरूरतों में कुछ राहत मिलेगी।
- जम्मू-कश्मीर में हड़ताल के दौरान जेके बैंक और निजी बैंक खुले रहेंगे। इन बैंकों के ग्राहक शाखाओं में उपलब्ध सामान्य बैंकिंग सेवाओं का लाभ ले सकेंगे।
- शाखाएं बंद रहने के बावजूद कैश डिपॉजिट मशीन (सीडीएम) से नकदी जमा की जा सकेगी।
- चलेगा: एटीएम, यूपीआई, इंटरनेट और मोबाइल बैंकिंग, आईएमपीएस, उपलब्ध सीडीएम सुविधा और ग्राहक सेवा केंद्र
- प्रभावित होगा: शाखाओं में नकद जमा-निकासी, चेक जमा और उससे जुड़े प्रोसेसिंग कार्य तथा कर्मचारियों की मौजूदगी वाली अन्य शाखा सेवाएं
एटीएम से करेंसी चेस्ट तक, हर मोर्चे पर सुरक्षा जांच सख्त करने पर जोर
बैंक में रखी नकदी हो या एटीएम में जमा पैसा, उसकी सुरक्षा में छोटी चूक भी भारी पड़ सकती है। करेंसी चेस्ट में सुरक्षा कर्मियों की तैनाती, नकदी ले जाते समय सुरक्षा, एटीएम की निगरानी और आग से बचाव से लेकर नकली नोटों की पहचान तक, इन सभी पहलुओं पर शुक्रवार को श्रीनगर में जम्मू-कश्मीर की 35वीं यूटी लेवल सुरक्षा समिति की बैठक में चर्चा हुई।
गृह विभाग के प्रधान सचिव चंद्राकर भारती की अध्यक्षता में हुई बैठक में आरबीआई, पुलिस, सीआरपीएफ, सीबीआई, जेके बैंक, एयरपोर्ट अथॉरिटी, रेलवे और दूसरे संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। बैठक में करेंसी चेस्ट में पर्याप्त सुरक्षा कर्मियों की तैनाती और वहां के सुरक्षा इंतजामों को मजबूत रखने पर बात हुई।
नकदी एक जगह से दूसरी जगह ले जाते समय सुरक्षा और आग से बचाव के उपाय भी चर्चा का हिस्सा रहे। सुरक्षा उपकरणों की स्थापना, उनके सही तरीके से काम करने और समय-समय पर रखरखाव पर भी ध्यान रखा गया। एटीएम पर हमले, चोरी की कोशिश और दूसरी सुरक्षा घटनाओं को देखते हुए ई-सर्विलांस सिस्टम की निगरानी भी बैठक का हिस्सा रही। एटीएम में लगे निगरानी और दूसरे सुरक्षा उपकरण सही तरीके से काम कर रहे हैं या नहीं, इसकी नियमित जांच की जरूरत पर भी चर्चा हुई। भारती ने बैंक कर्मियों को नकली नोट पहचानने की नियमित ट्रेनिंग देने के साथ संदिग्ध नोट मिलने या सुरक्षा से जुड़ी घटना पर समय पर सूचना देने की जरूरत पर जोर दिया।