Amarnath Yatra 2023: भारी बारिश और बर्फबारी के बाद दूसरे दिन भी यात्रा रोकी, बीस हजार तीर्थयात्री फंसे
जम्मू कश्मीर में लगातार बारिश और खराब मौसम का असर अमरनाथ यात्रा पर भी पड़ा है। दूसरे दिन भी बैंस कैंपों से श्रद्धालुओं के जत्थों को आगे नहीं बढ़ने दिया गया। कश्मीर के यात्रा मार्गों पर भारी बर्फबारी हुई है।
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कश्मीर में लगातार बारिश और बर्फबारी के कारण अमरनाथ यात्रा शनिवार को भी दूसरे दिन भी रोक दी गई है। श्रद्धालुओं को आधार शिविर बालटाल और पहलगाम से आगे नहीं जाने दिया गया। विभिन्न बेस कैंपों में बीस हजार से अधिक श्रद्धालु फंसे हुए हैं। यात्रा को लेकर प्रशासन लगातार दिशा-निर्देश जारी कर रहा है।
जम्मू कश्मीर में खराब मौसम तथा लगातार बारिश से अमरनाथ यात्रा को दूसरे दिन जम्मू के आधार शिविर भगवती नगर से ही निलंबित कर दिया गया। उधर, बालटाल तथा पहलगाम दोनों ट्रैक से श्रद्धालुओं के सातवें जत्थे को आगे जाने की अनुमति नहीं मिली। मौसम के रुख को देखते हुए प्रशासन यात्रा को लेकर विचार कर रहा है।
केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने ट्वीट किया, "खराब मौसम के कारण अमरनाथ यात्रा फिलहाल स्थगित कर दी गई है। मौसम में थोड़ा भी सुधार होते ही फंसे हुए यात्रियों को निकालने के प्रयास किए जा रहे हैं। मौसम विभाग ने चौबीस घंटे तक बारिश का अलर्ट जारी किया है।
इससे पहले शुक्रवार को जम्मू से पहलगाम के लिए गए 4600 यात्रियों के जत्थे को रामबन जिले के चंद्रकोट यात्री निवास में रोक लिया गया। बालटाल रूट के 2639 श्रद्धालुओं को आगे जाने की अनुमति दी गई।
यात्रा ट्रैक पर पहले से रुके 2670 यात्रियों ने बाबा बर्फानी के दर्शन किए। बालटाल रूट पर रेलपथरी के पास भूस्खलन के चलते यात्रा मार्ग को क्षति पहुंची है। पवित्र अमरनाथ गुफा के साथ-साथ दोनों यात्रा मार्गों पर वीरवार रात से ही भारी बारिश के चलते यात्रा स्थगित है।
अधिकारियों ने बताया कि नुनवान पहलगाम कैंप में 3200 और बालटाल में चार हजार यात्रियों को रोका गया है। तेज बारिश के चलते बालटाल आधार शिविर से पवित्र गुफा की ओर जाने वाले रास्ते पर रेलपथरी जेड मोड़ पर भूस्खलन हो गया था।
ट्रैक पर तेज बहाव के साथ पानी अपने साथ कीचड़ और पत्थर ले आया। इसके चलते ट्रैक पर मलबा इकट्ठा हो गया। यात्रा मार्ग पर फंसे हुए कई यात्रियों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए चलाया गया बचाव अभियान देर शाम तक जारी रहा।