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Jammu News: अखनूर की हर पंचायत में नियुक्त हों तहसील समाज कल्याण अधिकारी
Mon, 04 Dec 2023 01:43 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Mon, 04 Dec 2023 01:43 AM IST
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अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस पर पूर्व मंत्री व प्रदेश भाजपा के उपाध्यक्ष ने सरकार से की अपील
संवाद न्यूूज एजेंसी
अखनूर। पूर्व मंत्री व जम्मू कश्मीर भाजपा के उपाध्यक्ष शाम लाल शर्मा ने कहा कि अखनूर क्षेत्र में सात तहसीलें हैं, किंतु तहसील समाज कल्याण अधिकारी सिर्फ एक ही है। इस कारण सुविधा के लिए जरूरतमंदों को काफी दूर से अखनूर आना पड़ता है। उन्होंने सरकार से हर तहसील में तहसील समाज कल्याण अधिकारी नियुक्त करने की अपील की है। वह रविवार को जम्मू-कश्मीर डिसेबल वेलफेयर ट्रस्ट की ओर से अखनूर में रविवार को मनाए गए अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस कार्यक्रम में बोल रहे थे।
जम्मू-कश्मीर डिसेबल वेलफेयर ट्रस्ट के अध्यक्ष सुशील शर्मा ने बताया कि उप राज्यपाल प्रशासन द्वारा जारी किए गए आर्डर नम्बर 156 की वजह से दिव्यांगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा है। लाखों की संख्या में कुछ अयोग्य लोग पेंशन ले रहे थे और उपराज्यपाल में आदेश पर दोबारा दस्तावेजों को ऑनलाइन करने से ऐसे हजारों लोगों की छटनी हुई है। इसका संस्थाएं स्वागत करती हैं। लेकिन इस प्रक्रिया में योग्य दिव्यांगों वास्तविक परेशानियों पर सरकार को ध्यान देना चाहिए। कई दिव्यांगों को प्रक्रिया पूरी किए माह हो चुके हैं, लेकिन आज पेंशन दोबारा नहीं शुरू हो पाई है। उमेश शर्मा ने बताया कि सरकार द्वारा समय समय पर दिव्यांगो के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं लेकिन जमीनी सतह पर अमल करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा 2013 में समेकित क्षेत्रीय केंद्र (कम्पोजिट रीजनल सेंटर) स्वीकृत किया गया था और वर्तमान में इसके लिए सरकार ने किराए पर इमारत भी ली थी लेकिन अभी तक इसकी शुरुआत नहीं हुई है। उन्होंने मांग की है कि इसकी जल्द शुरुआत की जाए।
रितिका शर्मा ने कहा कि दिव्यांग लोग।शाररिक तौर लर हो सकता हैं बीमार हों लेकिन उनकी मानसिक शक्ति उन्हें जीवन के हर क्षेत्र में सफल बना सकती है। पूर्व पार्षद शाम लाल बसन ने दिव्यांगों के सशक्तीकरण की मांग उठाई। कार्यक्रम में डीडीसी सदस्य भूषण बराल, पूर्व पार्षद राकेश मल्होत्रा, जम्मू-कश्मीर डिसेबल ट्रस्ट के उपप्रधान तरसेम लाल, मुख्य सचिव शमशेर सिंह, सचिव वकील चंद, जगदीश भगत, तिलक गुप्ता, रघुवीर सिंह, शाम सिंह, शम्भू शर्मा, सरपंच रामपाल शर्मा, केडी शर्मा, कुलदीप सिंह मौजूद रहे।
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15 तक बकाया पेंशन जारी नहीं हुई तो प्रदर्शन
जम्मू कश्मीर डिसेबल वेलफेयर ट्रस्ट के अध्यक्ष सुशील शर्मा ने बताया की दिव्यांगों के सभी दस्तावेजों को पुनः सत्यापन और ऑनलाइन करने के आदेश के साथ ही फरवरी 2023 को दिव्यांगों की पेंशन को बंद कर दिया था। औपचारिकताएं पूरी करने के बाद अगस्त 2023 को फिर पेंशन शुरू की गई, लेकिन फरवरी से अगस्त तक कि सात माह की बकाया पेंशन जारी नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि समाज कल्याण विभाग की सचिव द्वारा आश्वासन दिया गया था कि बकाया पेंशन जारी की जाएगी, लेकिन स्थिति जस के तस है। उन्होंने सरकार को 15 दिसंबर तक बकाया पेंशन जारी नहीं होने पर प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
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संवाद न्यूूज एजेंसी
अखनूर। पूर्व मंत्री व जम्मू कश्मीर भाजपा के उपाध्यक्ष शाम लाल शर्मा ने कहा कि अखनूर क्षेत्र में सात तहसीलें हैं, किंतु तहसील समाज कल्याण अधिकारी सिर्फ एक ही है। इस कारण सुविधा के लिए जरूरतमंदों को काफी दूर से अखनूर आना पड़ता है। उन्होंने सरकार से हर तहसील में तहसील समाज कल्याण अधिकारी नियुक्त करने की अपील की है। वह रविवार को जम्मू-कश्मीर डिसेबल वेलफेयर ट्रस्ट की ओर से अखनूर में रविवार को मनाए गए अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस कार्यक्रम में बोल रहे थे।
जम्मू-कश्मीर डिसेबल वेलफेयर ट्रस्ट के अध्यक्ष सुशील शर्मा ने बताया कि उप राज्यपाल प्रशासन द्वारा जारी किए गए आर्डर नम्बर 156 की वजह से दिव्यांगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा है। लाखों की संख्या में कुछ अयोग्य लोग पेंशन ले रहे थे और उपराज्यपाल में आदेश पर दोबारा दस्तावेजों को ऑनलाइन करने से ऐसे हजारों लोगों की छटनी हुई है। इसका संस्थाएं स्वागत करती हैं। लेकिन इस प्रक्रिया में योग्य दिव्यांगों वास्तविक परेशानियों पर सरकार को ध्यान देना चाहिए। कई दिव्यांगों को प्रक्रिया पूरी किए माह हो चुके हैं, लेकिन आज पेंशन दोबारा नहीं शुरू हो पाई है। उमेश शर्मा ने बताया कि सरकार द्वारा समय समय पर दिव्यांगो के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं लेकिन जमीनी सतह पर अमल करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा 2013 में समेकित क्षेत्रीय केंद्र (कम्पोजिट रीजनल सेंटर) स्वीकृत किया गया था और वर्तमान में इसके लिए सरकार ने किराए पर इमारत भी ली थी लेकिन अभी तक इसकी शुरुआत नहीं हुई है। उन्होंने मांग की है कि इसकी जल्द शुरुआत की जाए।
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रितिका शर्मा ने कहा कि दिव्यांग लोग।शाररिक तौर लर हो सकता हैं बीमार हों लेकिन उनकी मानसिक शक्ति उन्हें जीवन के हर क्षेत्र में सफल बना सकती है। पूर्व पार्षद शाम लाल बसन ने दिव्यांगों के सशक्तीकरण की मांग उठाई। कार्यक्रम में डीडीसी सदस्य भूषण बराल, पूर्व पार्षद राकेश मल्होत्रा, जम्मू-कश्मीर डिसेबल ट्रस्ट के उपप्रधान तरसेम लाल, मुख्य सचिव शमशेर सिंह, सचिव वकील चंद, जगदीश भगत, तिलक गुप्ता, रघुवीर सिंह, शाम सिंह, शम्भू शर्मा, सरपंच रामपाल शर्मा, केडी शर्मा, कुलदीप सिंह मौजूद रहे।
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15 तक बकाया पेंशन जारी नहीं हुई तो प्रदर्शन
जम्मू कश्मीर डिसेबल वेलफेयर ट्रस्ट के अध्यक्ष सुशील शर्मा ने बताया की दिव्यांगों के सभी दस्तावेजों को पुनः सत्यापन और ऑनलाइन करने के आदेश के साथ ही फरवरी 2023 को दिव्यांगों की पेंशन को बंद कर दिया था। औपचारिकताएं पूरी करने के बाद अगस्त 2023 को फिर पेंशन शुरू की गई, लेकिन फरवरी से अगस्त तक कि सात माह की बकाया पेंशन जारी नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि समाज कल्याण विभाग की सचिव द्वारा आश्वासन दिया गया था कि बकाया पेंशन जारी की जाएगी, लेकिन स्थिति जस के तस है। उन्होंने सरकार को 15 दिसंबर तक बकाया पेंशन जारी नहीं होने पर प्रदर्शन की चेतावनी दी है।