Exclusive: 8 महीने से की जा रही थी भारतीय जवानों पर बैट हमले की तैयारी
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पुंछ के कृष्णा घाटी में हमले करने की तैयारी आठ महीने से की जा रही थी। सेना कब क्या करती है, इसकी पूरी जानकारी पाकिस्तान की बैट टीम के पास थी। भारत ने पाकिस्तान कब्जे वाले पाक अधिकृत कश्मीर से कृष्णा घाटी सेक्टर को छीन लिया था।
इसलिए बार-बार इस क्षेत्र को टारगेट किया जा रहा है। 2012 में भी बैट हमला कर इसी सेक्टर में दो भारतीय जवानों के सिर काट दिए थे।बैट टीम सर्जिकल स्ट्राइक के बाद से ही इस घटना को अंजाम देने की तैयारी कर रही थी। आठ महीने से इस क्षेत्र की रेकी की जा रही थी। सेना की पूरी मूवमेंट की जानकारी टीम के पास थी।
सोमवार को सुबह पाक रेंजरों ने एकदम से भारतीय चौकियों पर भारी फायरिंग की, लेकिन उस पोस्ट को छोड़ दिया, जहां बैट टीम को हमला करना था। जैसे ही फायरिंग बंद हुई तो घात लगाकर बैठी बैट टीम ने गश्त करने आ रहे जवानों पर हमला बोल दिया। 15 मिनट में ही फायरिंग की और इसमें मारे गए दो जवानों के शवों को क्षत विक्षत कर दिया।
1971 में भारत ने छीन लिया था केजी सेक्टर
दरअसल, 1971 में भारत ने पाकिस्तान कब्जे वाले पाक अधिकृत कश्मीर से कृष्णा घाटी सेक्टर को छीन लिया था। यह इलाका काफी ऊंचाई में है। यदि यह इलाका पाक के पास हो तो वह सेना की पूरी मूवमेंट पर नजर रख सकता है।
इस वजह से इस पोस्ट को बार बार निशाना बनाया जाता है। पाकिस्तान इस पोस्ट को छीनने के लिए भारत को उकसाता है। इस वजह से भारतीय जवानों को मारकर उनके शवों को क्षत विक्षत किया जाता है।
10 से 15 मिनट में कार्रवाई करती है बैट टीम
बैट टीम में पाकिस्तान रेंजर, लश्कर, जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी, कसाई की 10 से 12 सदस्यीय टीम होती है। यह कई महीनों तक एक क्षेत्र को टारगेट करती है। पूरी निगरानी की जाती है कि सेना की कब, कहां और कैसे मूवमेंट होती है।
10 से 15 मिनट के बीच टीम को अपनी कार्रवाई करनी होती है। वह 20 से 25 मीटर तक भारतीय सीमा में घुसती है और घात लगाकर हमला कर वापस चली जाती है।