उधमपुर/पंचैरी। सरकारी हाई स्कूल पंजर में स्टाफ की कमी दूर करने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने उधमपुर-मोंगरी मार्ग को करीब सात घंटे तक बंद कर शिक्षा विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। जेडईओ के मौके पर पहुंच कर सप्ताह के अंदर स्टाफ की कमी दूर करने का आश्वासन मिलने के बाद ग्रामीणों ने प्रदर्शन बंद किया। ग्रामीणों ने बताया कि स्कूल में स्टाफ न होने के कारण उनके बच्चों का भविष्य खराब हो रहा है।
सुबह करीब सात बजे ग्रामीणों ने उधमपुर-मोंगरी मार्ग को बंद कर प्रदर्शन शुरू किया। प्रदर्शन शुरू होने के बाद दोनों तरफ वाहनों की कतार लगने लगी। पुलिस कर्मियों ने मौके पर पहुंच कर प्रदर्शनकारियों को शांत करने का प्रयास किया, लेकिन कोई भी हटने को तैयार नहीं हुआ। घंटों तक ग्रामीण धरना देकर प्रदर्शन करते रहे। दोपहर करीब एक बजे जेडईओ पंचैरी मौके पर पहुंचे। जेडईओ को सरपंच कौशल कुमार, पूर्व सरपंच रमेश, पवन कुमार ने बताया कि हाई स्कूल पंजर दो शिक्षकों के सहारे चल रहा है। स्कूल में दस कक्षाएं हैं और इन कक्षाओं में शिक्षा हासिल करने वाले 200 विद्यार्थियों को पढ़ाने के लिए केवल दो शिक्षक नियुक्त किए हैं। दो शिक्षकों के लिए दस कक्षाओं को पढ़ाना किसी तरह से भी संभव नहीं है। कई बार शांतिपूर्ण तरीके से स्टाफ की कमी दूर करने की मांग को शिक्षा विभाग के अधिकारियों के सामने रखा, लेकिन किसी ने भी उनकी परेशानी को गंभीरता से नहीं लिया। स्कूल में शिक्षक न होने के कारण उनके बच्चों की शिक्षा प्रभावित हो रही है। लगातार स्कूल का बोर्ड परीक्षा परिणाम गिरता जा रहा है। जानकारी के बाद भी शिक्षा विभाग शिक्षकों की कमी को दूर नहीं कर रहा है। शिक्षा विभाग को होश में लाने के लिए आज सभी को मार्ग बंद कर प्रदर्शन करना पड़ रहा है। मौके पर पहुंचे जेडईओ ने ग्रामीणों की फोन के जरिए सीईओ से बात करवाई। सीईओ ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि सप्ताह के अंदर स्कूल में स्टाफ की कमी को दूर कर दिया जाएगा। सीईओ से आश्वासन मिलने के बाद ग्रामीणों ने दोपहर करीब दो बजे प्रदर्शन बंद कर दिया। प्रदर्शन बंद करने से पहले ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि अगर सप्ताह के अंदर स्टाफ की कमी को पूरा कर राहत नहीं प्रदान की तो आने वाले दिनों में उग्र प्रदर्शन करने को मजबूर हो जाएगे।