{"_id":"f3decb189b39fc8636ba14e339ce7fb8","slug":"performance-against-the-department-of-electrical-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिजली कटौती पर लोगों ने जमकर मचाया बबाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बिजली कटौती पर लोगों ने जमकर मचाया बबाल
ब्यूरो/अमर उजाला, किश्तवाड़
Updated Tue, 16 Dec 2014 01:23 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लगातार बिजली कटौती के बावजूद फ्लैट रेट में बिजली बिल भेजे जाने पर सोमवार को कसबे के लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। सुबह दस बजते ही सैकड़ों लोग जिला मुख्यालय के समक्ष एकत्र हुए और बिजली विभाग के खिलाफ धरना-प्रदर्शन शुरू किया।
विज्ञापन
इस दौरान यातायात भी बाधित हुआ। करीब दो घंटे तक प्रदर्शन का दौड़ चला। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस की एक नहीं मानी। बाद में विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और लोगों को शांत करवाया।
विज्ञापन
बिजली विभाग के एईई रमेश चंद्र अनथाल और छात्रू के एईई सुधीर शर्मा ने लोगों की समस्याओं को हल करवाने का आश्वासन दिया। स्थानीय निवासी वासिल डूलवाल ने कहा कि एक तो बारह घंटे से अधिक बिजली कटौती की जाती है और खासकर गरीब लोगों को फ्लैट रेट का बिल भेजा गया है, जो नाइंसाफी है।
विज्ञापन
इसी बीच लोगों ने विभाग द्वारा भेजे गए बिजली बिलों को प्रदर्शन के दौरान ही काट दिया और नारेबाजी की। तहसीलदार आदि भी मौके पर पहुंच कर लोगों को समझाने की कोशिश की। जिले के पलमाड़, छात्रू और शहर के भारी संख्या में लोग इस प्रदर्शन में शामिल हुए। इस दौरान थोड़ा बहुत यातायात पर भी असर पड़ा।
धरना प्रदर्शन की जानकारी मिलते ही जिला उपायुक्त मोहम्मद जावेद खान भी कार्यालय पहुंचे। उन्होंने तुरंत कार्रवाई करते हुए लोगों को अपने कार्यालय बुलाया और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होेंने विभाग के एक्सईएन असगर हुसैन को भी अपने कार्यालय बुलाया और पूरी जानकारी ली।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि प्रधानमंत्री ने चौगान मैदान से निशुल्क बिजली देने की बात की थी। इसलिए डल हस्ती पावर प्रोजेक्ट से कुछ बिजली निशुल्क प्रदान दी जानी चाहिए। उनका यह भी कहना है कि एनएचपीसी कालोनी में जब दूसरे राज्यों से आए कर्मचारियों को 24 घंटे बिजली मिल सकती है।