फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Udhampur News ›   jammu kashmir news

Udhampur News: कब बदलेगी जखैनी में स्थित प्राचीन तालाब की दशा, लोग आज भी कर रहे है इंतजार

विज्ञापन
jammu kashmir news
उधमपुर। शहर के बीचोबीच वार्ड नंबर एक में पड़ते जखैनी पीर बाबा चौक के पास स्थित 100 साल पुराना प्राचीन तालाब किसी जमाने में स्थानीय लोगों के लिए पानी का सोत्र था, लेकिन मौजूदा समय में प्रशासन की अनदेखी के चलते अपनी दयनीय दशा पर आंसू बहा रहा है। इतना नहीं नहीं अगर प्रशासन का यही रवैया रहा तो यह प्राचीन धरोहर लुप्त हो जाएगी। हालांकि स्थानीय लोगों ने कई बार प्रशासन से इस प्राचीन तालाब को बचाने की गुहार लगाई है। आज तक सिवाए आश्वासन के कुछ नहीं मिला।
विज्ञापन

स्थानीय लोगों ने बताया कि हमारे पूर्वजों के समय में इस तालाब से क्षेत्र में होने वाले विवाह व अन्य कार्यक्रमों के लिए पानी को इस्तेमाल किया जाता था, लेकिन मौजूदा समय में इसमें उगी झाड़ियां व जमा गंदा पानी क्षेत्र में बीमारी को न्यौता दे रहा है।
विज्ञापन


स्थानीय निवासी सूरम चंद माथुर का कहना था कि इस प्राचीन तालाब की प्रशासन व संबंधित विभाग द्वारा अनदेखी के चलते इसकी हालत दिन ब दिन बदतर होती जा रही है। हमारे बुजुर्गों ने इस तालाब का निर्माण करवाया था, ताकि क्षेत्र में पानी की समस्या से निजात मिले, लेकिन पिछले कई सालों से इस तालाब की दशा दयनीय बनी हुई है। प्रशासन का ध्यान इस ओर नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन

संजय शर्मा का कहना है कि मौजूदा समय में तालाब में जमा गंदा पानी डेंगू मच्छर को पनपने का अड्डा बन चुका है। प्रशासन व नगर परिषद इस तालाब की सुध लें।

गिरधारी लाल का कहना है कि अगर शहर के बीचों बीच यह तालाब होने के बावजूद प्रशासन की नजर इस ओर नहीं जा रही है तो फिर आप इस बात का अंदाजा लगाए कि ग्रामीण क्षेत्रों में बने प्राचीन तालाबों की दशा कैसी होगी। उन्होंने बताया कि दस साल पहले तालाब के चारों ओर चारदीवारी का निर्माण कार्य करवाया गया था, लेकिन उसे भी अधूरा छोड़ दिया गया था। जिसके बाद आज तक उस अधूरे पड़े निर्माण कार्य को पूरा नहीं किया गया है और जो निर्माण कार्य करवाया गया था वह भी पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुका है।

अब्दुल करीम का कहना था कि हम प्रशासन से यही मांग करते है कि इस तालाब की दयनीय दशा को देखते हुए जल्द से जल्द कोई ठोस कदम उठाए जाएं। लोगों को आ रही समस्या से निजात मिल सके।


कोट
आचार संहिता के समाप्त होते ही इस तालाब की चारदीवारी करवाने के साथ ही तालाब को साफ करवा दिया जाएगा। इसके साथ ही कुछ ऐसा भी किया जाएगा कि तालाब की सुंदरता और बढ़ सके।
विशाल सडोत्रा, सीईओ, नगर परिषद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed