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Udhampur News: कबाड़ कारोबारी 18 वर्ष से कम उम्र के युवाओं से कबाड़ न खरीदें
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किश्तवाड़। जिला बाल संरक्षण अधिकारी किश्तवाड़ तारिक परवेज काजी के निर्देशों के तहत जिले के सभी कबाड़ कारोबारियों को जागरूकता संदेश जारी किया गया है। इसमें उन्हें सख्त हिदायत दी गई है कि वे किसी भी परिस्थिति में 18 वर्ष से कम आयु के युवाओं से कबाड़ न खरीदें।
मिशन वात्सल्य किश्तवाड़ के संरक्षण अधिकारी ने कहा कि युवा अक्सर खतरनाक वस्तुओं को बिना जोखिम समझे संभालते हैं, जिससे गंभीर चोटें, संक्रमण और लंबे समय तक स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इसके अलावा इस तरह की गतिविधियों से बच्चों की शिक्षा भी प्रभावित होती है। कबाड़ कारोबारियों को यह भी बताया गया कि एक जिम्मेदार नागरिक होने के नाते उनका कर्त्तव्य है कि वे बच्चों को हानिकारक कार्यों से बचाने में सहयोग करें। साथ ही यह स्पष्ट किया गया कि यदि कोई व्यक्ति कम उम्र के युवाओं को कबाड़ संबंधी काम में संलग्न करता पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने माता-पिता और आम जनता से भी अपील की कि वे सतर्क रहें और यह सुनिश्चित करें कि बच्चे कबाड़ चुनने जैसे कार्यों के बजाय शिक्षा और स्वस्थ गतिविधियों पर ध्यान दें।
इस अवसर पर जिला किश्तवाड़ में चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के परियोजना समन्वयक विक्की शर्मा ने कहा कि बच्चों को कबाड़ संग्रह जैसे कार्यों में शामिल करना असुरक्षित है। यह बाल श्रम को बढ़ावा देता है और बच्चों को गंभीर स्वास्थ्य एवं सुरक्षा जोखिमों के खतरे में डालता है। उन्होंने कहा कि बच्चों के अधिकारों की सुरक्षा और सुरक्षित समाज के निर्माण के लिए विभिन्न क्षेत्रों में लगातार जागरूकता अभियान चलाए जाते रहेंगे। इस दौरान डीसीपीयू किश्तवाड़ के आउटरीच वर्कर आकिब काजी सहित टीम के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे।
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मिशन वात्सल्य किश्तवाड़ के संरक्षण अधिकारी ने कहा कि युवा अक्सर खतरनाक वस्तुओं को बिना जोखिम समझे संभालते हैं, जिससे गंभीर चोटें, संक्रमण और लंबे समय तक स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इसके अलावा इस तरह की गतिविधियों से बच्चों की शिक्षा भी प्रभावित होती है। कबाड़ कारोबारियों को यह भी बताया गया कि एक जिम्मेदार नागरिक होने के नाते उनका कर्त्तव्य है कि वे बच्चों को हानिकारक कार्यों से बचाने में सहयोग करें। साथ ही यह स्पष्ट किया गया कि यदि कोई व्यक्ति कम उम्र के युवाओं को कबाड़ संबंधी काम में संलग्न करता पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने माता-पिता और आम जनता से भी अपील की कि वे सतर्क रहें और यह सुनिश्चित करें कि बच्चे कबाड़ चुनने जैसे कार्यों के बजाय शिक्षा और स्वस्थ गतिविधियों पर ध्यान दें।
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इस अवसर पर जिला किश्तवाड़ में चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के परियोजना समन्वयक विक्की शर्मा ने कहा कि बच्चों को कबाड़ संग्रह जैसे कार्यों में शामिल करना असुरक्षित है। यह बाल श्रम को बढ़ावा देता है और बच्चों को गंभीर स्वास्थ्य एवं सुरक्षा जोखिमों के खतरे में डालता है। उन्होंने कहा कि बच्चों के अधिकारों की सुरक्षा और सुरक्षित समाज के निर्माण के लिए विभिन्न क्षेत्रों में लगातार जागरूकता अभियान चलाए जाते रहेंगे। इस दौरान डीसीपीयू किश्तवाड़ के आउटरीच वर्कर आकिब काजी सहित टीम के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे।
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