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सतैनी और सौंथा के ग्रामीणों को 35 साल बाद मिलेगी जलभराव से निजात
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उधमपुर। शहर के साथ लगती सतैनी और सौंथा पंचायत में अब लोगों को जलभराव की समस्या से निजात मिलेगी। डीसी इंदु कंवल चिब ने रविवार को दोनों पंचायतों में ड्रेनेज सिस्टम का काम शुरू करवाया। लोगों ने बताया कि करीब 35 वर्ष के बाद उनको जलभराव की परेशानी से निजात मिलने जा रही है।
हर वर्ष बरसात में सतैनी और सौंथा इलाके में जलभराव की समस्या होती है और कई दिनों तक घरों के अंदर और बाहर पानी जमा रहता है। हर वर्ष लोगों को इसके कारण बहुत ज्यादा नुकसान झेलना पड़ता है। कई लोगों ने इस परेशानी को जिला प्रशासन के अधिकारियों के सामने रखा। इसके साथ कई बार प्रदर्शन भी किया। इस वर्ष बरसात में डीसी इंदु कंवल चिब ने खुद मौके पर पहुंचकर हालात को देखा और पानी के बीच उतर कर लोगों के घरों में पहुंच कर परेशानी देखी। उन्होंने तुरंत इसको लेकर सिंचाई व बाढ़ नियंत्रण विभाग के अधिकारियों के साथ मिलकर काम शुरू किया। इस परेशानी को दूर करने के लिए ड्रेनेज सिस्टम का प्रस्ताव तैयार कर भेजा गया और इसको मंजूरी भी मिल गई। रविवार को कार्य का शुभारंभ किया गया। सरपंच पुरुशोत्तम गुप्ता ने बताया कि करीब 35 वर्ष से इस स्थान पर जलभराव की परेशानी सामने आ रही थी। हर वर्ष लोगों का जनजीवन प्रभावित होता है, लेकिन अब पानी की निकासी की व्यवस्था होने पर लोग परेशान नहीं होंगे और बरसात के दौरान वह लोग भी सामान्य जीवन व्यतीत कर सकेंगे।
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डीसी बोलीं, जल्द बीआरओ
के नाले को खुलवाया जाएगा
डीसी ने बताया कि पानी की निकासी की व्यवस्था के लिए दोनों पंचायतों ने विशेष तौर पर प्रयास किए हैं। 31 लाख रुपये की लागत से दोनों में ड्रेनेज सिस्टम तैयार होगा। सतैनी में 15 और सौंथा में 16 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। जल्द ही बीआरओ के नाले को भी खुलवाने का प्रयास किया जाएगा। इस तरह की परेशानी मियां बाग, कशीराह में सामने आती है और उसके लिए भी प्रयास चल रहे हैं। सतैनी व सौंथा के लोगों के लिए इस बार बरसात में जलभराव की समस्या से नहीं जूझना पड़ेगा।
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हर वर्ष बरसात में सतैनी और सौंथा इलाके में जलभराव की समस्या होती है और कई दिनों तक घरों के अंदर और बाहर पानी जमा रहता है। हर वर्ष लोगों को इसके कारण बहुत ज्यादा नुकसान झेलना पड़ता है। कई लोगों ने इस परेशानी को जिला प्रशासन के अधिकारियों के सामने रखा। इसके साथ कई बार प्रदर्शन भी किया। इस वर्ष बरसात में डीसी इंदु कंवल चिब ने खुद मौके पर पहुंचकर हालात को देखा और पानी के बीच उतर कर लोगों के घरों में पहुंच कर परेशानी देखी। उन्होंने तुरंत इसको लेकर सिंचाई व बाढ़ नियंत्रण विभाग के अधिकारियों के साथ मिलकर काम शुरू किया। इस परेशानी को दूर करने के लिए ड्रेनेज सिस्टम का प्रस्ताव तैयार कर भेजा गया और इसको मंजूरी भी मिल गई। रविवार को कार्य का शुभारंभ किया गया। सरपंच पुरुशोत्तम गुप्ता ने बताया कि करीब 35 वर्ष से इस स्थान पर जलभराव की परेशानी सामने आ रही थी। हर वर्ष लोगों का जनजीवन प्रभावित होता है, लेकिन अब पानी की निकासी की व्यवस्था होने पर लोग परेशान नहीं होंगे और बरसात के दौरान वह लोग भी सामान्य जीवन व्यतीत कर सकेंगे।
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डीसी बोलीं, जल्द बीआरओ
के नाले को खुलवाया जाएगा
डीसी ने बताया कि पानी की निकासी की व्यवस्था के लिए दोनों पंचायतों ने विशेष तौर पर प्रयास किए हैं। 31 लाख रुपये की लागत से दोनों में ड्रेनेज सिस्टम तैयार होगा। सतैनी में 15 और सौंथा में 16 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। जल्द ही बीआरओ के नाले को भी खुलवाने का प्रयास किया जाएगा। इस तरह की परेशानी मियां बाग, कशीराह में सामने आती है और उसके लिए भी प्रयास चल रहे हैं। सतैनी व सौंथा के लोगों के लिए इस बार बरसात में जलभराव की समस्या से नहीं जूझना पड़ेगा।
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