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जंग-ए-बदर से पहले ही मिल गए थे आत्मघाती हमले के इनपुट
Fri, 29 May 2020 02:20 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमृतपाल सिंह बाली, श्रीनगर
अमृतपाल सिंह बाली, श्रीनगर
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Fri, 29 May 2020 02:20 AM IST
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आईजीपी विजय कुमार
- फोटो : अमर उजाला
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दक्षिणी कश्मीर के पुलवामा जिले में आत्मघाती हमले की बड़ी साजिश नाकाम करने के पीछे जम्मू-कश्मीर पुलिस की भी अहम भूमिका रही है। पुलिस इनपुट मिलने के बाद से ही सेना और सीआरपीएफ के साथ मिलकर जंग-ए-बदर (रमजान के 17वें दिन) के पहले से ही आतंकियों पर कड़ी नजर बनाए हुए थी। इसी के चलते आतंकी जंग-ए-बदर के दिन साजिश को अंजाम नहीं दे पाए।
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जानकारी के अनुसार आतंकी संगठन जैश ए मोहम्मद के आतंकियों को जंग-ए-बदर के दिन ही इस कार्रवाई को अंजाम देकर सुरक्षा एजेंसियों पर दबाव बनाना था, लेकिन जम्मू-कश्मीर पुलिस को इस बात की सूचना पहले ही मिल चुकी थी। इसके आधार पर सेना और सीआरपीएफ के साथ मिलकर आतंकियों की पूरी हरकत पर पैनी नजर रखी जा रही थी ताकि वह किसी कार्रवाई को अंजाम न दे सकें।
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इतना ही नहीं सुरक्षाबलों ने भी आतंकियों के मंसूबों को नाकाम करने के लिए कई कदम उठाने के साथ-साथ कई जगह पर कोर्डन एंड सर्च ऑपरेशन (कासो) चलाए और कामयाबी भी पाई।
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जम्मू-कश्मीर पुलिस के कश्मीर रेंज के आईजीपी विजय कुमार ने कहा कि पिछले एक सप्ताह से पुलवामा पुलिस को यह इनपुट था कि जैश और हिज्ब मिलकर आत्मघाती हमले को अंजाम देने वाले हैं। उसके लिए उन्होंने सेंट्रो कार ली है जिसमें आईईडी लगाकर हमला करेंगे। बुधवार सुबह और पुख्ता इनपुट मिलने के बाद पुलवामा पुलिस ने सेना, सीआरपीएफ और एसओजी के साथ मिलकर अलग-अलग जगह नाके लगाए।
पुलवामा के आएगुंड में लगे नाके के करीब जब वही गाड़ी पहुंची तो जॉइंट पार्टी ने वार्निंग शॉट फायर किए। आतंकी गाड़ी घुमाकर मौके से भाग निकले लेकिन दूसरी ओर लगे एक और नाके पर भी सुरक्षाबलों की जॉइंट पार्टी ने वार्निंग शॉट हवा में चलाए। इस दौरान घेरा सख्त देख आतंकियों ने गाड़ी वहीं छोड़ दी और अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भाग निकले।
ज्वाइंट पार्टी ने जब दूर से ही सर्च लाइट की मदद से गाड़ी का नंबर देखा तो वही निकला जिसका इनपुट था। इसके बाद सुरक्षाबलों ने घेरा सख्त कर पहले रोशनी का इंतजार किया। वीरवार सुबह बम निरोधक दस्ते की मदद से इस गाड़ी में रखी आईईडी को उड़ा दिया गया। धमाके में गाड़ी का मलबा हवा में करीब 50 मीटर तक उड़ा और इस दौरान पूरा इलाका धुंए के गुबार से ढक गया।
आसपास के इलाको में भी धमाके की गूंज सुनाई दी गई। आईजीपी विजय कुमार ने सेना और सीआरपीएफ को बधाई देने के साथ ही जम्मू-कश्मीर पुलिस के अधिकारियों और जवानों को बधाई दी।