{"_id":"593f2a9d1126f411168b4db3","slug":"terrorists-scared-with-caso-let-and-hizbul-are-together-now","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"सेना कर रही आतंकियों का सफाया, बौखलाए लश्कर और हिजबुल ने मिलाया हाथ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सेना कर रही आतंकियों का सफाया, बौखलाए लश्कर और हिजबुल ने मिलाया हाथ
बृजेश कुमार सिंह, अमर उजाला, जम्मू
Updated Tue, 13 Jun 2017 08:37 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कश्मीर घाटी में आतंकवाद का दौर शुरू होने के लगभग डेढ़ दशक बाद सुरक्षा बलों की ओर से दोबारा आतंकियों को ढूंढो और मारो (कार्डन एंड सर्च ऑपरेशन ‘कासो’) अभियान शुरू किया गया है। इससे आतंकी तंजीमों में बौखलाहट है। इसी वजह से आतंकी हमले तेज हुए हैं।
विज्ञापन
सुरक्षा बलों के पास इनपुट हैं कि कासो का जवाब देने के लिए लश्कर और हिजबुल ने हाथ मिलाया है। अब दोनों संगठनों के आतंकियों को संयुक्त रूप से हमले की जिम्मेदारी दी जा रही है। अमरनाथ यात्रा की तिथि करीब आने के साथ ही इसके और बढ़ने की आशंका है।
विज्ञापन
कश्मीर में सक्रिय लश्कर और हिजबुल के 250 से अधिक आतंकियों को कमांडरों की ओर से हमले तेज करने और अपनी मौजूदगी दिखाने की हिदायत दी गई है। दक्षिणी कश्मीर के साथ ही आतंकियों ने अमरनाथ यात्रा मार्ग में आने वाले स्थानों को निशाने के लिए चुना है।
विज्ञापन
दक्षिणी कश्मीर के अनंतनाग, शोपियां, पुलवामा के साथ ही उत्तरी कश्मीर में बारामुला, कुपवाड़ा और सोपोर में सक्रिय आतंकियों को सुरक्षा बलों को ज्यादा से ज्यादा निशाना बनाने को कहा गया है। इसके साथ ही राजनीतिक व्यक्ति के सुरक्षा गार्ड से हथियार छीनने, थानों, पुलिस पोस्ट और नाकों, सुरक्षा बलों के कैंप और महत्वपूर्ण ठिकानों तथा अन्य सार्वजनिक स्थानों पर तैनात सुरक्षा बलों को निशाना बनाए जाने की साजिश रची गई है।
घात लगाकर हमले करने के बाद आतंकियों को मौके से भागने को भी कहा गया है। सूत्रों ने बताया कि ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) को सुरक्षा बलों की मौजूदगी की रेकी करने की जिम्मेदारी दी गई है।
श्रीनगर में दिख रही मौजूदगी, अलर्ट
खुफिया रिपोर्ट के बाद सुरक्षा बलों को सतर्क कर दिया गया है। सीआरपीएफ के प्रवक्ता राजेश यादव का कहना है कि आतंकियों से निपटने की रणनीति के तहत लगातार अभियान चलाया जा रहा है। कासो भी जारी रहेगा।
सूत्रों के अनुसार ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर में भी आतंकियों की मौजूदगी के इनपुट मिले हैं। यहां ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) की सक्रियता बढ़ी है। इस वजह से सुरक्षा बलों को अलर्ट किया गया है। लाल चौक, खानयार सहित अन्य संवेदनशील स्थानों तथा लोगों पर पैनी निगाह रखी जा रही है।
महत्वपूर्ण स्थलों तथा नाकों पर चौकसी बढ़ाई गई है। दो दिन पहले आतंकियों की मौजूदगी की सूचना पर लाल चौक इलाके में कासो अभियान चलाया गया था।
सूत्रों के अनुसार ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर में भी आतंकियों की मौजूदगी के इनपुट मिले हैं। यहां ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) की सक्रियता बढ़ी है। इस वजह से सुरक्षा बलों को अलर्ट किया गया है। लाल चौक, खानयार सहित अन्य संवेदनशील स्थानों तथा लोगों पर पैनी निगाह रखी जा रही है।
महत्वपूर्ण स्थलों तथा नाकों पर चौकसी बढ़ाई गई है। दो दिन पहले आतंकियों की मौजूदगी की सूचना पर लाल चौक इलाके में कासो अभियान चलाया गया था।