Kashmir: बडगाम में लापता 12 वर्षीय बच्ची का शव घर से कुछ ही दूरी पर मिला, नाबालिग के साथ हैवानियत की आशंका
जम्मू-कश्मीर के बडगाम जिले में लापता 12 वर्षीय बच्ची का शव उसके घर से करीब 200 मीटर दूर मिला। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में दुष्कर्म और हत्या की आशंका जताई है और मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विस्तार
बडगाम स्थित अपने घर से शनिवार शाम को निकली 12 साल की लड़की लापता हो गई। रविवार को सुबह उसका शव घर के पास ही खेत में मिला। विशेष जांच दल गठित किया गया है।
कश्मीर के मीरवाइज मौलाना डॉ. उमर फारूक और नेकां प्रवक्ता सादिक तनवीर ने निष्पक्ष व गहराई से जांच की मांग की। बडगाम पुलिस ने भी मामले में एडवाइजरी जारी की है। अधिकारियों ने बताया कि शनिवार रात करीब 10 बजे पुलिस स्टेशन बडगाम को एक लड़की के लापता होने की सूचना मिली। यह लड़की लगभग 12 वर्ष की थी और शाम के समय अपने घर से लापता हो गई थी।
शिकायत पर तत्काल कार्रवाई करते हुए बडगाम पुलिस ने एफआईआर दर्ज की और तुरंत एक व्यापक तलाशी अभियान शुरू किया। रविवार को तड़के उक्त नाबालिग लड़की का शव उसके घर से थोड़ी ही दूरी पर बरामद किया गया। इसके बाद सभी आवश्यक चिकित्सकीय-कानूनी और जांच संबंधी औपचारिकताएं शुरू की गईं। डीएसपी मुख्यालय सज्जाद अहमद की देखरेख में एक विशेष जांच दल का गठन किया गया है। यह दज सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रहा है।
मामले की पारदर्शी और समय-सीमा के भीतर जांच की मांग
पहचान उजागर न करें, अफवाहें न फैलाएं
12 साल की बच्ची की मौत के मामले में बडगाम पुलिस ने एडवाइजरी जारी की है। इसमें कहा गया है कि पुलिस के संज्ञान में यह बात आई है कि कुछ लोग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक नाबालिग लड़की (पीड़िता) की तस्वीरें और पहचान से जुड़े अन्य विवरण पोस्ट और प्रसारित कर रहे हैं। ऐसे कार्य गैर-कानूनी हैं और इनसे गलत जानकारी फैलने, जनता में अशांति पैदा होने और सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ने की आशंका है। बडगाम पुलिस आम जनता और मीडिया जगत को कड़ाई से सलाह देती है कि वे नाबालिग पीड़िता का नाम, तस्वीरें या पहचान से जुड़े कोई भी विवरण पोस्ट करने, साझा करने या प्रसारित करने से बचें।
उपराज्यपाल ने घटना की निंदा की, डीजीपी से बात कर जांच के निर्देश दिए
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने बडगाम में एक नाबालिग बच्ची की बेरहमी से की गई हत्या की कड़ी निंदा की है। उन्होंने पुलिस महानिदेशक और वरिष्ठ अधिकारियों से बात कर मामले की गहन जांच सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए। एलजी ने पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए आश्वासन दिया कि इस जघन्य अपराध के दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी। वहीं, अंजुमन शरीया शिया जम्मू और कश्मीर हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लिमीन के अध्यक्ष आगा सैयद हसन मूसावी अल-सफवी ने भी घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
पारदर्शी जांच हो
नेकां के मुख्य प्रवक्ता व विधायक तनवीर सादिक ने एक्स पर कहा कि 12 साल की एक बच्ची की दुखद मौत से मैं बेहद दुखी और विचलित हूं। दुख और दर्द की इस घड़ी में, मैं पीड़ित परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। इस घटना से जुड़े हालात बेहद चिंताजनक हैं और इनकी पूरी, निष्पक्ष और समय-सीमा के भीतर जांच होनी चाहिए। एसआईटी से आग्रह करता हूं कि वे हर संभावित पहलू की पेशेवर और पारदर्शी तरीके से जांच करें।
नजर रख रही पुलिस
कोई भी व्यक्ति या समूह, जो सोशल मीडिया पर प्रतिबंधित सामग्री पोस्ट करने या प्रसारित करने में लिप्त पाया जाएगा उसके खिलाफ कानून के अनुसार कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। बडगाम पुलिस इस मामले से जुड़ी सोशल मीडिया गतिविधियों पर बारीकी से नजर रख रही है और निष्पक्ष तथा गहन जांच करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराती है। जनता से अनुरोध है कि वे जांच एजेंसियों के साथ सहयोग करें।
मंत्री इत्तू पीड़ित परिवार से मिलीं, कड़ी सजा दिलाने का दिया भरोसा
कैबिनेट मंत्री सकीना इत्तू ने शनिवार को बडगाम में पीड़ित परिवार से मुलाकात की। हाल में हुई दुखद घटना के बाद उन्होंने परिवार के प्रति गहरी संवेदना और एकजुटता जताई। इस दौरान उन्होंने दोषियों को कड़ी सजा दिलाने का भरोसा दिया। परिजन से बात करते हुए मंत्री ने घटना पर गहरा दुख जताया। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल घड़ी में सरकार पूरी तरह परिवार के साथ खड़ी है। सभ्य समाज में ऐसी हरकत बर्दाश्त नहीं की जा सकती।