{"_id":"6859768382b418a13708ef44","slug":"temporary-employees-of-jal-shakti-department-demanded-to-be-made-permanent-kathua-news-c-201-1-knt1008-121308-2025-06-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kathua News: जल शक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने की स्थायी करने की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kathua News: जल शक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने की स्थायी करने की मांग
Mon, 23 Jun 2025 09:15 PM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Mon, 23 Jun 2025 09:15 PM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलावर। जल शक्ति विभाग के एईई कार्यालय में सोमवार को विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने सरकार से उन्हें स्थायी करने की मांग की। प्रधान बीरबल जलमेरिया ने कहा कि तीन महीने पूर्व जल शक्ति विभाग के मंत्री जावेद अहमद राणा से उन्हें आश्वासन मिला था कि उन्हें स्थायी करने के लिए जल्द भर्ती नीति बनाई जाएगी, लेकिन 3 महीने बीतने के बाद भी सरकार ने उनकी मांग को पूरा नहीं किया।
जल शक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने कहा कि वे पिछले 25 से अधिक वर्षों से विभाग में सेवाएं दे रहे हैं और मौजूदा समय में 9300 उन्हें मानदेय दिया जाता है, जो महंगाई के इस दौर में बहुत कम है। उन्होंने कहा कि पिछले 70 महीने के बकाया वेतन का भुगतान भी उन्हें नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि कई सरकार आए और कई सरकारी गईं लेकिन आश्वासनों के सिवा कुछ हासिल नहीं हुआ। अस्थायी कर्मचारियों ने सरकार से मांग की है कि जल्द से जल्द उन्हें स्थाई करने के लिए सरकार भर्ती नीति बनाए और पिछले 70 महीने के बकाया वेतन का भुगतान भी उन्हें जल्द किया जाए। इस मौके पर कमलेश, अल्ताफ, विक्कू, बंसी ,अमित, सुभाष और अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
बिलावर। जल शक्ति विभाग के एईई कार्यालय में सोमवार को विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने सरकार से उन्हें स्थायी करने की मांग की। प्रधान बीरबल जलमेरिया ने कहा कि तीन महीने पूर्व जल शक्ति विभाग के मंत्री जावेद अहमद राणा से उन्हें आश्वासन मिला था कि उन्हें स्थायी करने के लिए जल्द भर्ती नीति बनाई जाएगी, लेकिन 3 महीने बीतने के बाद भी सरकार ने उनकी मांग को पूरा नहीं किया।
जल शक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने कहा कि वे पिछले 25 से अधिक वर्षों से विभाग में सेवाएं दे रहे हैं और मौजूदा समय में 9300 उन्हें मानदेय दिया जाता है, जो महंगाई के इस दौर में बहुत कम है। उन्होंने कहा कि पिछले 70 महीने के बकाया वेतन का भुगतान भी उन्हें नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि कई सरकार आए और कई सरकारी गईं लेकिन आश्वासनों के सिवा कुछ हासिल नहीं हुआ। अस्थायी कर्मचारियों ने सरकार से मांग की है कि जल्द से जल्द उन्हें स्थाई करने के लिए सरकार भर्ती नीति बनाए और पिछले 70 महीने के बकाया वेतन का भुगतान भी उन्हें जल्द किया जाए। इस मौके पर कमलेश, अल्ताफ, विक्कू, बंसी ,अमित, सुभाष और अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।
विज्ञापन