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Kathua News: सफाई कर्मचारियों की हड़ताल आश्वासन के बाद समाप्त
Thu, 21 Nov 2024 01:48 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Thu, 21 Nov 2024 01:48 AM IST
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मंडलीय आयुक्त कार्यालय में हुई बैठक, कर्मियों को मिला आश्वासन
जम्मू/कठुआ। शहरी स्थानीय विभाग के सफाई कर्मचारियों ने आवास और शहरी विकास विभाग के आयुक्त सचिव और संभागीय आयुक्त जम्मू के साथ विस्तृत विचार-विमर्श के बाद अपनी हड़ताल वापस ले ली है।
मंडलीय आयुक्त कार्यालय में हुई बैठक में सफाई कर्मियों को उनकी जायज मांगों पर विचार कर समाधान का सकारात्मक आश्वासन दिया गया। सफाई कर्मचारी लंबे समय से हड़ताल पर थे। इस कारण सफाई व्यवस्था चरमरा गई थी। वहीं कठुआ में सफाई कर्मचारियों ने बुधवार को नगर परिषद कार्यालय के बाहर धरना दिया। सफाई कर्मचारियों ने मंगलवार रात को शहर में लगे कचरे के ढेर उठाने पहुंची परिषद की टीम की कड़ी निंदा की है।
उन्होंने कहा कि प्रशासन और सरकार चाहे जितने भी हथकंडे अपना ले जब तक उन्हें नियमित नहीं किया जाता वह लोग हड़ताल पर इसी तरह डटे रहेंगे। प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे सफाई कर्मचारी यूनियन के प्रधान सोमराज ने कहा कि शहर में बीती रात जिस तरह एक दो स्थान पर कचरा उठाने का प्रयास किया गया है। यह कार्रवाई लोगों को कचरे और गंदगी से निजात दिलाने के लिए नहीं, बल्कि सफाई कर्मियों को तोड़ने का प्रयास है।
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नगर परिषद के अधिकारी खुद जानते हैं कि एक-दो स्थानों से कचरा उठा लेने से शहर साफ नहीं होता है। आज शहर में हर और कचरा फैला हुआ है, जिससे लोगों के बीमार होने की आशंका बढ़ रही है, इससे शहर में रहने वाले लोगों के साथ सफाई कर्मचारी भी प्रभावित हैं।
मगर उन्हें मजबूर किया जा रहा है कि वह हड़ताल जारी रखें। इस मौके पर महिला सफाई कर्मचारी रानो देवी ने कहा कि वह लोग पिछले 20 साल से नियमित होने की आस में नगर परिषद के साथ कम वेतन पर काम कर रहे हैं।
पूर्व सैनिकों ने की हड़ताल जल्द खत्म करने की मांग
कठुआ। पूर्व सैनिकों की समस्याओं पर चर्चा करने के लिए जम्मू कश्मीर एक्स सर्विस वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक का आयोजन किया गया। बुधवार को आयोजित बैठक के दौरान जहां पूर्व सैनिकों की समस्याओं पर चर्चा की गई। वहीं मौजूदा समय में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल से बने हालात पर भी गहन विचार-विमर्श किया गया। एसोसिएशन के चेयरमैन सेवानिवृत्ति मानद कैप्टन ज्ञान सिंह पठानिया ने सरकार और प्रशासन से सफाई कर्मचारी की हड़ताल को खत्म करवाने की मांग की। उन्होंने कहा कि कठुआ शहर में पिछले 19 दिन से सफाई न होने के चलते बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। संवाद
नियमित सफाई कर्मियों के किए तबादले
कठुआ। अर्बन लोकल बाॅडीज निदेशालय ने लगातार चल रही सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच उनकी एकजुटता को
तोड़ने की रणनीति के तहत काम किया है।
इसके तहत जम्मू संभाग की विभिन्न नगर कमेटियों और काउंसिल से नियमित सफाई कर्मियों के तबादले के आदेश जारी कर दिए गए हैं।
कठुआ में इससे पहले मंगलवार रात को प्रशासन और नगर परिषद ने शहर में कचरे को जबरन उठाने का प्रयास किया था। इसके बाद उन्हें सफाई कर्मचारियों के विरोध के बीच अभियान बंद करना पड़ा। दरअसल, सफाई कर्मचारियों की हड़ताल, मांग और इस तरह से शहर में फैलने वाले कचरे की यह कहानी नई नहीं है। कई सालों से अस्थायी सफाई कर्मचारी नियमित किए जाने की मांग करते रहे हैं। अनुछेद 370 की समाप्ति के बाद इस मांग ने और भी जोर पकड़ लिया है। चूंकि पहले इन सफाई कर्मियों में से ज्यादातार के पास जम्मू कश्मीर की नागरिकता नहीं थी। 19 दिन से चल रही हड़ताल को खत्म करवाने के लिए निदेशालय ने अब दबाव बनाने के लिए नियमित कर्मचारियों को अलग करने के लिए उनका तबादला कर दिया है। संवाद
कठुआ से एक स्थायी कर्मचारी का तबादला
कठुआ नगर परिषद से सफाई कर्मचारी अशोक कुमार का तबादला कर उसे नगर कमेटी रामनगर स्थानांतरित कर दिया गया है। इसी तरह बिश्नाह, डोडा, सांबा, अखनूर, बाड़ी ब्राह्मणा समेत आरपुरा और उधमपुर से सफाई कर्मियों का तबादला कर उन्हें कठुआ जिले की अलग अलग निकायों में तैनाती के आदेश जारी किए गए हैं।
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जम्मू/कठुआ। शहरी स्थानीय विभाग के सफाई कर्मचारियों ने आवास और शहरी विकास विभाग के आयुक्त सचिव और संभागीय आयुक्त जम्मू के साथ विस्तृत विचार-विमर्श के बाद अपनी हड़ताल वापस ले ली है।
मंडलीय आयुक्त कार्यालय में हुई बैठक में सफाई कर्मियों को उनकी जायज मांगों पर विचार कर समाधान का सकारात्मक आश्वासन दिया गया। सफाई कर्मचारी लंबे समय से हड़ताल पर थे। इस कारण सफाई व्यवस्था चरमरा गई थी। वहीं कठुआ में सफाई कर्मचारियों ने बुधवार को नगर परिषद कार्यालय के बाहर धरना दिया। सफाई कर्मचारियों ने मंगलवार रात को शहर में लगे कचरे के ढेर उठाने पहुंची परिषद की टीम की कड़ी निंदा की है।
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उन्होंने कहा कि प्रशासन और सरकार चाहे जितने भी हथकंडे अपना ले जब तक उन्हें नियमित नहीं किया जाता वह लोग हड़ताल पर इसी तरह डटे रहेंगे। प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे सफाई कर्मचारी यूनियन के प्रधान सोमराज ने कहा कि शहर में बीती रात जिस तरह एक दो स्थान पर कचरा उठाने का प्रयास किया गया है। यह कार्रवाई लोगों को कचरे और गंदगी से निजात दिलाने के लिए नहीं, बल्कि सफाई कर्मियों को तोड़ने का प्रयास है।
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नगर परिषद के अधिकारी खुद जानते हैं कि एक-दो स्थानों से कचरा उठा लेने से शहर साफ नहीं होता है। आज शहर में हर और कचरा फैला हुआ है, जिससे लोगों के बीमार होने की आशंका बढ़ रही है, इससे शहर में रहने वाले लोगों के साथ सफाई कर्मचारी भी प्रभावित हैं।
मगर उन्हें मजबूर किया जा रहा है कि वह हड़ताल जारी रखें। इस मौके पर महिला सफाई कर्मचारी रानो देवी ने कहा कि वह लोग पिछले 20 साल से नियमित होने की आस में नगर परिषद के साथ कम वेतन पर काम कर रहे हैं।
पूर्व सैनिकों ने की हड़ताल जल्द खत्म करने की मांग
कठुआ। पूर्व सैनिकों की समस्याओं पर चर्चा करने के लिए जम्मू कश्मीर एक्स सर्विस वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक का आयोजन किया गया। बुधवार को आयोजित बैठक के दौरान जहां पूर्व सैनिकों की समस्याओं पर चर्चा की गई। वहीं मौजूदा समय में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल से बने हालात पर भी गहन विचार-विमर्श किया गया। एसोसिएशन के चेयरमैन सेवानिवृत्ति मानद कैप्टन ज्ञान सिंह पठानिया ने सरकार और प्रशासन से सफाई कर्मचारी की हड़ताल को खत्म करवाने की मांग की। उन्होंने कहा कि कठुआ शहर में पिछले 19 दिन से सफाई न होने के चलते बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। संवाद
नियमित सफाई कर्मियों के किए तबादले
कठुआ। अर्बन लोकल बाॅडीज निदेशालय ने लगातार चल रही सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच उनकी एकजुटता को
तोड़ने की रणनीति के तहत काम किया है।
इसके तहत जम्मू संभाग की विभिन्न नगर कमेटियों और काउंसिल से नियमित सफाई कर्मियों के तबादले के आदेश जारी कर दिए गए हैं।
कठुआ में इससे पहले मंगलवार रात को प्रशासन और नगर परिषद ने शहर में कचरे को जबरन उठाने का प्रयास किया था। इसके बाद उन्हें सफाई कर्मचारियों के विरोध के बीच अभियान बंद करना पड़ा। दरअसल, सफाई कर्मचारियों की हड़ताल, मांग और इस तरह से शहर में फैलने वाले कचरे की यह कहानी नई नहीं है। कई सालों से अस्थायी सफाई कर्मचारी नियमित किए जाने की मांग करते रहे हैं। अनुछेद 370 की समाप्ति के बाद इस मांग ने और भी जोर पकड़ लिया है। चूंकि पहले इन सफाई कर्मियों में से ज्यादातार के पास जम्मू कश्मीर की नागरिकता नहीं थी। 19 दिन से चल रही हड़ताल को खत्म करवाने के लिए निदेशालय ने अब दबाव बनाने के लिए नियमित कर्मचारियों को अलग करने के लिए उनका तबादला कर दिया है। संवाद
कठुआ से एक स्थायी कर्मचारी का तबादला
कठुआ नगर परिषद से सफाई कर्मचारी अशोक कुमार का तबादला कर उसे नगर कमेटी रामनगर स्थानांतरित कर दिया गया है। इसी तरह बिश्नाह, डोडा, सांबा, अखनूर, बाड़ी ब्राह्मणा समेत आरपुरा और उधमपुर से सफाई कर्मियों का तबादला कर उन्हें कठुआ जिले की अलग अलग निकायों में तैनाती के आदेश जारी किए गए हैं।