फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Kathua News ›   mining block

बसोहली के तीन माइनिंग ब्लॉक का टीम ने लिया जायजा

विज्ञापन
mining block
उपजिले में खनन सामग्री को लेकर हो रही दिक्कतों का जल्द समाधान होने की उम्मीद है। बुधवार को जिला खनन अधिकारी बोध राज ने एडीसी बसोहली तिलक राज के साथ तीन माइनिंग ब्लाक का जायजा लिया है। यहां आने वाले समय में माइनिंग लीज करवाकर वैध खनन की अनुमति मिलने की उम्मीद जग गई है।
विज्ञापन

वैध तरीके से खनन के बाद लोगों को तय दाम में जहां खनन सामग्री मिल पाएगी, वहीं सरकार को राजस्व भी हासिल होगा। जिला खनन अधिकारी ने जिला विकास परिषद के अध्यक्ष महान सिंह, एडीसी बसोहली तिलक राज थापा, थाना प्रभारी सिकंदर सिंह चौहान, रेवेन्यू विभाग की टीम, वन विभाग के डीएफओ रविंद्र सिंह, डैम अधिकारी बीडीसी चेयरमैन सुषमा जमबाल, शंकर सिंह के साथ निरीक्षण किया।
विज्ञापन

इन स्थानों को चिन्हित कर यहां माइनिंग ब्लॉक बनाने की योजना चल रही है। डीडीसी अध्यक्ष महान सिंह ने बताया कि पला के समक्ष डाली के कलवरट के ऊपर और सलो गांव के साथ तीन वेडिंग ब्लॉक को आई हुई टीमों ने चिन्हित किया। अगले 3 दिन के भीतर माइनिंग ब्लाक बनाने वाले स्थानों से संबधित जानकारी एकत्रित कर फाइल उच्चाधिकारियों को भेजने को कहा। अधिकारियों के इस दौरे से माइनिंग ब्लॉक बनने की उम्मीद जगी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

जिला विकास परिषद के अध्यक्ष ने बताया कि लंबे समय से माइनिंग ब्लॉक बनाने की मांग क्षेत्र के प्रतिनिधियों लोगों द्वारा की जा रही है, जिसके लिए निरंतर विभागीय अधिकारियों के साथ बैठकों का दौर जारी है। एलजी मनोज सिन्हा से इस बारे में बात की गई थी, जिसके बाद चीफ सेक्रेट्री, डिवकाम, केंद्रीय मंत्री, डीसी कठुआ और अन्य अधिकारियों द्वारा टीमों का गठन किया गया। अधिकारियों ने यह फैसला लिया कि शीतलनगर ब्लाक में कुल तीन माइनिंग ब्लॉक बनाए जाने हैं।

जिले में बनाए जाने हैं पांच माइनिंग ब्लॉक
माइनिंग ब्लॉक बनने से यहां लोगों को फायदा होगा वही इन्हें पंचायतों के सपुर्द कर दिया जाएगा। माइनिंग की रॉयल्टी भी पंचायतों में जमा होगी। पूरे जिले में पांच माइनिंग ब्लॉक बनाए जाने हैं, जिनमें से तीन ब्लॉक सांधर पंचायत के डाली में ही बनेंगे। इस मौके पर भारी संख्या में सांधर व अन्य पंचायतों के लोग उपस्थित रहे, जिन्होंने अधिकारियों को बताया कि माइनिंग बंद होने के बाद माइनिंग से जुड़े लोगों की रोजी-रोटी प्रभावित हुई है। लोगों को भी निर्माण कार्य के लिए निर्माण सामग्री बाहर से महंगे दामों पर मंगवानी पड़ रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed