{"_id":"679e76c0da8becabc606d43c","slug":"health-team-aware-the-peoples-from-dengue-kathua-news-c-201-1-knt1006-117055-2025-02-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kathua News: डेंगू और मलेरिया से बचाव के प्रति किया जागरूक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kathua News: डेंगू और मलेरिया से बचाव के प्रति किया जागरूक
विज्ञापन
शहर के वार्ड 10 में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम के दौरान बुखार से पीड़ित महिला के खून के सेंपल ले
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। लोगों को डेंगू, चिकनगुनिया व मलेरिया से बचाव के प्रति जागरूक करने का क्रम जारी है। जिला के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विजय रैणा के मार्गदर्शन में विभाग की टीम ने शहर में जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया।
शहर के वार्ड 10 में विभाग की टीम ने स्कूलों, आंगनबाड़ी सेंटर के साथ ऐसे स्थानों में जहां लोगों का जमावड़ा ज्यादा हो, वहां मच्छरों के काटने से होने वाले इस संक्रमण से बचाव के बारे में जानकारी दी। लोगों से अपने घरों में पानी की निकासी एवं पेयजल भंडारण की परिस्थितियों की जांच करने के बारे में बताया गया।
वहीं, इस दौरान तीन दिन से ज्यादा रहने वाले बुखार के मामलों में भी अपने खून की जांच करवाने के लिए कहा गया। ताकि अगर किसी व्यक्ति में मच्छरों के डंक के कारण होने वाली स्वास्थ्स समस्या का समय पर उपचार किया जा सके। जिला मलेरिया विभाग के इंस्पेक्टर लोकेश राज ने बताया कि गत 17 दिसंबर के बाद से जिले में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया के मामलों को विराम लग गया है। लेकिन इसके बाद भी लोगों को लगातार जागरूक किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
कठुआ। लोगों को डेंगू, चिकनगुनिया व मलेरिया से बचाव के प्रति जागरूक करने का क्रम जारी है। जिला के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विजय रैणा के मार्गदर्शन में विभाग की टीम ने शहर में जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया।
शहर के वार्ड 10 में विभाग की टीम ने स्कूलों, आंगनबाड़ी सेंटर के साथ ऐसे स्थानों में जहां लोगों का जमावड़ा ज्यादा हो, वहां मच्छरों के काटने से होने वाले इस संक्रमण से बचाव के बारे में जानकारी दी। लोगों से अपने घरों में पानी की निकासी एवं पेयजल भंडारण की परिस्थितियों की जांच करने के बारे में बताया गया।
विज्ञापन
वहीं, इस दौरान तीन दिन से ज्यादा रहने वाले बुखार के मामलों में भी अपने खून की जांच करवाने के लिए कहा गया। ताकि अगर किसी व्यक्ति में मच्छरों के डंक के कारण होने वाली स्वास्थ्स समस्या का समय पर उपचार किया जा सके। जिला मलेरिया विभाग के इंस्पेक्टर लोकेश राज ने बताया कि गत 17 दिसंबर के बाद से जिले में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया के मामलों को विराम लग गया है। लेकिन इसके बाद भी लोगों को लगातार जागरूक किया जा रहा है।
विज्ञापन