{"_id":"67e0654e7018e1ec630712c5","slug":"court-orders-to-release-the-freeze-amount-in-online-fraud-case-kathua-news-c-201-1-knt1009-118516-2025-03-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kathua News: ऑनलाइन ठगी मामले में कोर्ट ने दिया फ्रीज राशि को जारी करने का आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kathua News: ऑनलाइन ठगी मामले में कोर्ट ने दिया फ्रीज राशि को जारी करने का आदेश
Mon, 24 Mar 2025 01:17 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Mon, 24 Mar 2025 01:17 AM IST
विज्ञापन
भारतीय स्टेट बैंक शाखा कठुआ से छह बार ट्रांजेक्शन कर 85 हजार रुपये निकालने का मामला
कठुआ। जिला न्यायिक मजिस्ट्रेट (यातायात) ने ऑनलाइन ठगी की फ्रीज 35 हजार रुपये की राशि जारी करने का आदेश दिया है। आदेश के अनुसार जिला प्रभारी साइबर सेल को निर्देश दिया है कि यूनियन बैंक ऑफ इंडिया साहनेवाल पंजाब और कर्नाटक बैंक लिमिटेड की शाखा इलाहाबाद में फ्रीज राशि को उचित प्रक्रिया पूरी करने के बाद 30 दिन के भीतर याचिकाकर्ता के बैंक खाते में स्थानांतरित की जाए।
मामला इसी साल फरवरी महीने का है। इसमें जोगिंद्र कुमार पुत्र थुरु राम निवासी बाख्ता फोरलेन ने जिला साइबर सेल में ऑनलाइन ठगी की शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि ऑनलाइन ठगी करने वालों ने उसके भारतीय स्टेट बैंक शाखा कठुआ से छह बार ट्रांजेक्शन कर 85 हजार की राशि निकाल ली थी। इसमें एक के बाद एक लेनदेन से पहले 10 हजार, फिर 20 हजार, 15 हजार, 10 हजार, 10 हजार और 20 हजार रुपये की राशि धोखाधड़ी से निकाली गई थी। इसके बाद जिला साइबर सेल ने संबंधित बैंकों से संपर्क कर राशि को फ्रीज करवा दिया। पुलिस के अनुसार 35 हजार की राशि शिकायतकर्ता की है, जो धोखाधड़ी करने वाले ने यूनियन बैंक ऑफ इंडिया साहनेवाल पंजाब और कर्नाटक बैंक लिमिटेड की शाखा इलाहाबाद में ट्रांसफर की थी। धोखाधड़ी की राशि को वापस लेने के लिए शिकायतकर्ता जोगिंद्र कुमार ने कोर्ट के समक्ष गत 22 फरवरी को आवेदन दिया था। इसकी सुनवाई करते हुए अदालत ने जिला साइबर सेल को निर्देश दिया कि उचित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ठगी की राशि को शिकायतकर्ता के खाते में ट्रांसफर किया जाए। संवाद
ऐसे हुई थी ठगी
शिकायतकर्ता जोगिंद्र कुमार ने बताया कि वह केंद्रीय पुलिस का कर्मचारी है। धोखाधड़ी करने वालों ने उसे उसका अफसर बनकर फोन किया और कहा कि 10 हजार की राशि उसके रिश्तेदार के खाते में डाल दो। इसके बाद शिकायतकर्ता ने राशि को बताए हुए खाते में ट्रांसफर कर किया। इसके पश्चात धोखाधड़ी करने वालों ने पांच अन्य ट्रांजेक्शन से कुल 85 हजार की राशि शिकायतकर्ता के खाते से निकाल ली।
विज्ञापन
विज्ञापन
कठुआ। जिला न्यायिक मजिस्ट्रेट (यातायात) ने ऑनलाइन ठगी की फ्रीज 35 हजार रुपये की राशि जारी करने का आदेश दिया है। आदेश के अनुसार जिला प्रभारी साइबर सेल को निर्देश दिया है कि यूनियन बैंक ऑफ इंडिया साहनेवाल पंजाब और कर्नाटक बैंक लिमिटेड की शाखा इलाहाबाद में फ्रीज राशि को उचित प्रक्रिया पूरी करने के बाद 30 दिन के भीतर याचिकाकर्ता के बैंक खाते में स्थानांतरित की जाए।
मामला इसी साल फरवरी महीने का है। इसमें जोगिंद्र कुमार पुत्र थुरु राम निवासी बाख्ता फोरलेन ने जिला साइबर सेल में ऑनलाइन ठगी की शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि ऑनलाइन ठगी करने वालों ने उसके भारतीय स्टेट बैंक शाखा कठुआ से छह बार ट्रांजेक्शन कर 85 हजार की राशि निकाल ली थी। इसमें एक के बाद एक लेनदेन से पहले 10 हजार, फिर 20 हजार, 15 हजार, 10 हजार, 10 हजार और 20 हजार रुपये की राशि धोखाधड़ी से निकाली गई थी। इसके बाद जिला साइबर सेल ने संबंधित बैंकों से संपर्क कर राशि को फ्रीज करवा दिया। पुलिस के अनुसार 35 हजार की राशि शिकायतकर्ता की है, जो धोखाधड़ी करने वाले ने यूनियन बैंक ऑफ इंडिया साहनेवाल पंजाब और कर्नाटक बैंक लिमिटेड की शाखा इलाहाबाद में ट्रांसफर की थी। धोखाधड़ी की राशि को वापस लेने के लिए शिकायतकर्ता जोगिंद्र कुमार ने कोर्ट के समक्ष गत 22 फरवरी को आवेदन दिया था। इसकी सुनवाई करते हुए अदालत ने जिला साइबर सेल को निर्देश दिया कि उचित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ठगी की राशि को शिकायतकर्ता के खाते में ट्रांसफर किया जाए। संवाद
विज्ञापन
ऐसे हुई थी ठगी
शिकायतकर्ता जोगिंद्र कुमार ने बताया कि वह केंद्रीय पुलिस का कर्मचारी है। धोखाधड़ी करने वालों ने उसे उसका अफसर बनकर फोन किया और कहा कि 10 हजार की राशि उसके रिश्तेदार के खाते में डाल दो। इसके बाद शिकायतकर्ता ने राशि को बताए हुए खाते में ट्रांसफर कर किया। इसके पश्चात धोखाधड़ी करने वालों ने पांच अन्य ट्रांजेक्शन से कुल 85 हजार की राशि शिकायतकर्ता के खाते से निकाल ली।
विज्ञापन