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सीमावर्ती इलाकों में बनेंगे 1100 शौचालय
Updated Mon, 20 Nov 2017 12:38 AM IST
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कठुआ/हीरानगर। पीएमओ मंत्री डा. जितेंद्र सिंह ने हीरानगर में आयोजित कार्यक्रम में बताया कि सीमावर्ती इलाकों को लेकर पहले भी उनकी प्राथमिकता रही है। प्रस्ताव रखा गया है कि सीमावर्ती इलाकों में 4700 सामुदायिक और 19000 व्यक्तिगत बंकरों को तैयार किया जाए। निश्चित तौर पर इससे सीमावर्ती इलाकों में रह रहे लोगों की सुरक्षा को सुनिश्चित किया जा सकेगा।
उन्होंने बताया कि ऐसा पहली बार हुआ है कि केंद्र से उच्च स्तर के अधिकारी सीमावर्ती इलाकों में पहुंचे और सीधे यहां के लोगों से मिले। पहले जहां प्रतिनिधियों द्वारा सरकार तक उनकी समस्याएं पहुंचाई जाती थीं, वहीं अब अधिकारियों ने खुद उनके पास जाकर उनकी समस्याओं को सुना है। प्रत्येक बिंदु का संज्ञान लिया है और जल्द ही उस पर अमल भी होगा।
उन्होंने बताया कि सीमावर्ती इलाकों में हाल ही 200 शौचालयों का निर्माण किया गया है। यह किसी सरकारी योजना के तहत नहीं है, बल्कि समाजसेवी लोगों की दान राशि से इलाके में आधुनिक शौचालय तैयार किए जा रहे हैं। ऐसे में विलंब की स्थिति में डीसी, विधायक या सांसद जिम्मेदार नहीं है। उन्होंने बताया कि ऐसे 1100 शौचालयों को सीमावर्ती इलाके में बनाने की योजना है। पहले चरण के बाद दूसरे चरण में दो सौ और शौचालयों का निर्माण जल्द शुरू होने जा रहा है, लेकिन यह सरकारी बजट के अधीन कतई नहीं हैं।
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उन्होंने बताया कि ऐसा पहली बार हुआ है कि केंद्र से उच्च स्तर के अधिकारी सीमावर्ती इलाकों में पहुंचे और सीधे यहां के लोगों से मिले। पहले जहां प्रतिनिधियों द्वारा सरकार तक उनकी समस्याएं पहुंचाई जाती थीं, वहीं अब अधिकारियों ने खुद उनके पास जाकर उनकी समस्याओं को सुना है। प्रत्येक बिंदु का संज्ञान लिया है और जल्द ही उस पर अमल भी होगा।
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उन्होंने बताया कि सीमावर्ती इलाकों में हाल ही 200 शौचालयों का निर्माण किया गया है। यह किसी सरकारी योजना के तहत नहीं है, बल्कि समाजसेवी लोगों की दान राशि से इलाके में आधुनिक शौचालय तैयार किए जा रहे हैं। ऐसे में विलंब की स्थिति में डीसी, विधायक या सांसद जिम्मेदार नहीं है। उन्होंने बताया कि ऐसे 1100 शौचालयों को सीमावर्ती इलाके में बनाने की योजना है। पहले चरण के बाद दूसरे चरण में दो सौ और शौचालयों का निर्माण जल्द शुरू होने जा रहा है, लेकिन यह सरकारी बजट के अधीन कतई नहीं हैं।
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