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जिला की 499 प्राथमिक पाठशालाओं को 65 लाख रुपये जारी
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ऊना। केंद्र सरकार और शिक्षा मंत्रालय के निपुण भारत मिशन के तहत ऊना जिले की 499 प्राथमिक पाठशालाओं के 90 प्रतिशत अध्यापकों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। इस उद्देश्य की प्राप्ति के लिए सभी प्राथमिक पाठशाला में पहली से पांचवीं तक पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए प्रति विद्यार्थी 300 रुपये की दर से 65 लाख रुपये वितरित किए हैं। शनिवार को इस संबंध में उपायुक्त राघव शर्मा ने अधिकारियों के साथ बैठक की।
राघव शर्मा ने बताया कि जारी राशि से प्राथमिक पाठशाला में अध्यापन के पारंपरिक तौर तरीकों के अलावा खेलकूद और मनोरंजन के माध्यमों समेत सूचना प्रौद्योगिकी के माध्यम से बच्चों को शिक्षा दी जाएगी। निपुण भारत के संबंध में कार्य प्रगति की समीक्षा के लिए खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी की देखरेख में विद्यालयों की जांच की जाएगी। इसके अलावा जिला की सभी प्राथमिक पाठशालाओं में निपुण भारत के मानकों पर आधारित एक लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी।
इसमें बच्चों में मौखिक भाषा, पढ़ना, लिखना तथा संख्यात्मक ज्ञान के बोध को परखा जाएगा। राघव शर्मा ने बताया कि आरंभिक आयु में बच्चों के शैक्षणिक जटिलताओं से बचाने के लिए मौखिक भाषा, पढ़ना, लिखना तथा संख्यात्मक ज्ञान का बोध होना अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य से भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय साक्षरता एवं संख्या ज्ञान दक्षता पहल (निपुण भारत) की शुरुआत की गई है। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त ऊना डॉ. अमित शर्मा, जिला परिषद ऊना के उपाध्यक्ष कृष्ण पाल शर्मा, डाइट ऊना के प्रधानाचार्य देवेंद्र चौहान और अन्य मौजूद रहे।
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राघव शर्मा ने बताया कि जारी राशि से प्राथमिक पाठशाला में अध्यापन के पारंपरिक तौर तरीकों के अलावा खेलकूद और मनोरंजन के माध्यमों समेत सूचना प्रौद्योगिकी के माध्यम से बच्चों को शिक्षा दी जाएगी। निपुण भारत के संबंध में कार्य प्रगति की समीक्षा के लिए खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी की देखरेख में विद्यालयों की जांच की जाएगी। इसके अलावा जिला की सभी प्राथमिक पाठशालाओं में निपुण भारत के मानकों पर आधारित एक लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी।
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इसमें बच्चों में मौखिक भाषा, पढ़ना, लिखना तथा संख्यात्मक ज्ञान के बोध को परखा जाएगा। राघव शर्मा ने बताया कि आरंभिक आयु में बच्चों के शैक्षणिक जटिलताओं से बचाने के लिए मौखिक भाषा, पढ़ना, लिखना तथा संख्यात्मक ज्ञान का बोध होना अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य से भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय साक्षरता एवं संख्या ज्ञान दक्षता पहल (निपुण भारत) की शुरुआत की गई है। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त ऊना डॉ. अमित शर्मा, जिला परिषद ऊना के उपाध्यक्ष कृष्ण पाल शर्मा, डाइट ऊना के प्रधानाचार्य देवेंद्र चौहान और अन्य मौजूद रहे।
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