{"_id":"690f29ac28f87dcfba0e6087","slug":"fluctuations-in-temperature-have-affected-viral-patients-una-news-c-93-1-ssml1047-171355-2025-11-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Una News: तापमान में उतार-चढ़ाव ने वायरल से जकड़े मरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Una News: तापमान में उतार-चढ़ाव ने वायरल से जकड़े मरीज
विज्ञापन
अस्पताल की जनरल ओपीडी में रोजाना पहुंच रहे वायरल से पीड़ित 70 से 80 मरीज
चिकित्सकों ने खानपान का विशेष ध्यान रखने की दी सलाह
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। सुबह और शाम के समय हल्की सर्दी और दिन में तेज धूप के बीच मौसम में आ रहे उतार-चढ़ाव का असर अब लोगों की सेहत पर दिखने लगा है। क्षेत्रीय अस्पताल में वायरल फीवर के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। हर आयु वर्ग के लोग इसकी चपेट में आ रहे हैं। अस्पताल की जनरल ओपीडी में रोजाना 70 से 80 मरीज वायरल के लक्षणों के साथ उपचार के लिए पहुंच रहे हैं। पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में ऐसे मामलों की संख्या लगातार बढ़ रही है। बुधवार को उपचार के लिए पहुंचे राम कुमार चौधरी, हरजोत सिंह, राजेश कुमार, प्रदीप कुमार, अश्वनी शर्मा और परवेश शर्मा ने बताया कि वे पिछले कुछ दिनों से बुखार और जुकाम से परेशान हैं। विशेषज्ञ डॉक्टरों ने उन्हें सुबह-शाम के समय पूरी तरह से शरीर को ढकने वाले गर्म कपड़े पहनने और खानपान पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी है।
बीते दिनों में जिले में दिन का तापमान जहां 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है, वहीं सुबह और शाम के समय हल्की ठंडक महसूस की जा रही है। यही तापमान में उतार-चढ़ाव लोगों को वायरल फीवर का शिकार बना रहा है। मरीजों में बुखार, शरीर में जकड़न, खांसी और जुकाम जैसे लक्षण सबसे अधिक देखने को मिल रहे हैं।
बच्चे भी आ रहे चपेट में
मौसम में बदलाव का असर बच्चों की सेहत पर भी दिखाई दे रहा है। क्षेत्रीय अस्पताल की शिशु रोग ओपीडी में भी वायरल से पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ी है। चिकित्सकों का कहना है कि बच्चों के खानपान में कमी और सावधानी न बरतना इसके प्रमुख कारण हैं। विशेषज्ञों ने अभिभावकों को सलाह दी है कि इस मौसम में बच्चों को पौष्टिक आहार दें और वायरल से पीड़ित किसी व्यक्ति के संपर्क में न आने दें।
विज्ञापन
मौसम में बदलाव के चलते वायरल के मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। सुबह और शाम की हल्की सर्दी के कारण लोग इसकी चपेट में आ रहे हैं। सभी से आग्रह है कि वे खानपान पर विशेष ध्यान दें और मौसम के अनुसार कपड़े पहनें। -डॉ. संजय मनकोटिया, चिकित्सा अधीक्षक, क्षेत्रीय अस्पताल ऊना
विज्ञापन
चिकित्सकों ने खानपान का विशेष ध्यान रखने की दी सलाह
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। सुबह और शाम के समय हल्की सर्दी और दिन में तेज धूप के बीच मौसम में आ रहे उतार-चढ़ाव का असर अब लोगों की सेहत पर दिखने लगा है। क्षेत्रीय अस्पताल में वायरल फीवर के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। हर आयु वर्ग के लोग इसकी चपेट में आ रहे हैं। अस्पताल की जनरल ओपीडी में रोजाना 70 से 80 मरीज वायरल के लक्षणों के साथ उपचार के लिए पहुंच रहे हैं। पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में ऐसे मामलों की संख्या लगातार बढ़ रही है। बुधवार को उपचार के लिए पहुंचे राम कुमार चौधरी, हरजोत सिंह, राजेश कुमार, प्रदीप कुमार, अश्वनी शर्मा और परवेश शर्मा ने बताया कि वे पिछले कुछ दिनों से बुखार और जुकाम से परेशान हैं। विशेषज्ञ डॉक्टरों ने उन्हें सुबह-शाम के समय पूरी तरह से शरीर को ढकने वाले गर्म कपड़े पहनने और खानपान पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी है।
बीते दिनों में जिले में दिन का तापमान जहां 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है, वहीं सुबह और शाम के समय हल्की ठंडक महसूस की जा रही है। यही तापमान में उतार-चढ़ाव लोगों को वायरल फीवर का शिकार बना रहा है। मरीजों में बुखार, शरीर में जकड़न, खांसी और जुकाम जैसे लक्षण सबसे अधिक देखने को मिल रहे हैं।
विज्ञापन
बच्चे भी आ रहे चपेट में
मौसम में बदलाव का असर बच्चों की सेहत पर भी दिखाई दे रहा है। क्षेत्रीय अस्पताल की शिशु रोग ओपीडी में भी वायरल से पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ी है। चिकित्सकों का कहना है कि बच्चों के खानपान में कमी और सावधानी न बरतना इसके प्रमुख कारण हैं। विशेषज्ञों ने अभिभावकों को सलाह दी है कि इस मौसम में बच्चों को पौष्टिक आहार दें और वायरल से पीड़ित किसी व्यक्ति के संपर्क में न आने दें।
विज्ञापन
मौसम में बदलाव के चलते वायरल के मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। सुबह और शाम की हल्की सर्दी के कारण लोग इसकी चपेट में आ रहे हैं। सभी से आग्रह है कि वे खानपान पर विशेष ध्यान दें और मौसम के अनुसार कपड़े पहनें। -डॉ. संजय मनकोटिया, चिकित्सा अधीक्षक, क्षेत्रीय अस्पताल ऊना