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Solan News: बरसात में बढ़े अस्पतालों सर्प दंश के मामले
Fri, 04 Sep 2026 12:21 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
Updated Fri, 04 Sep 2026 12:21 AM IST
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क्षेत्रीय अस्पताल में एक माह में 37 लोग पहुंचे टीका लगवाने
कई मरीजों को एक से दो दिनों तक करना पड़ा अस्पताल में भर्ती
इससे पहले डॉग बाइट के भी आए थे एक माह में 65 से ज्यादा लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। जिले में बारिश के दौरान सांप के काटने के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। क्षेत्रीय अस्पताल में बीते दो माह में 70 मामले सांप के काटने के आए हैं। इसमें 33 मामले जुलाई और 37 मामले अगस्त के हैं। इसमें बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं सभी शामिल हैं। हालांकि इसमें किसी की जान नहीं गई है। अस्पताल में पहुंचे सभी मरीजों को उचित उपचार दिया गया। साथ ही जिन्हें अधिक समस्या आ रही थी, उन्हें एक दिन के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया। हालत में सुधार होने पर उन्हें अस्पताल से छुट्टी दी जा रही है। इससे पहले कुत्तों के काटने के मामले भी लगातार बढ़ रहे थे, जिसमें एक माह में ही 65 से ज्यादा लोग अस्पताल पहुंचे थे।
बरसात के दौरान घरों के आसपास हरी घास बढ़ जाती है। वहीं बारिश के कारण सांप के बिलों में पानी भर जाता है, जिससे यह सूखे में आते हैं। सांप के साथ-साथ बिच्छू जैसे जीव भी सूखे में आते हैं, जिसमें सबसे ज्यादा घरों के आसपास यह देखे जाते हैं। ऐसी घटनाएं ग्रामीण क्षेत्रों से ज्यादा आती है। ग्रामीण क्षेत्रों के लोग अक्सर पशुओं को चराने, खेतों के काम से घास के बीच जाते हैं जिससे सांप के काटने का शिकार हो जाते हैं। वहीं चिकित्सकों ने भी लोगों को मानसून के दौरान अधिक सतर्क रहने की सलाह दी है। चिकित्सकों ने बिना जूते पहने और अंधेरे में बाहर न जाने से बचने की भी सलाह दी है। हालांकि चिकित्सकों का तर्क है कि क्षेत्र में ज्यादा जहरीले सांप नहीं रहते, बावजूद इसके कुछ लोगों को इनके काटने से चक्कर आदि की समस्या आती है।
इनसेट
अस्पताल में बीते दो माह में 70 मामले सांप के काटने के आए हैं। सांप और बिच्छू के काटने पर किसी भी तरह की लापरवाही न बरतें, तुरंत उपचार के लिए आएं और एंटी वेनम का टीका लगवाए। छोटे बच्चों को जूते पहनाकर खेलने भेजे और हरे घास में जाने से रोकें। साथ ही झाड़फूंक करवाने से भी बचें। - डॉ. राकेश पंवार, चिकित्सा अधीक्षक, क्षेत्रीय अस्पताल सोलन
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कई मरीजों को एक से दो दिनों तक करना पड़ा अस्पताल में भर्ती
इससे पहले डॉग बाइट के भी आए थे एक माह में 65 से ज्यादा लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। जिले में बारिश के दौरान सांप के काटने के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। क्षेत्रीय अस्पताल में बीते दो माह में 70 मामले सांप के काटने के आए हैं। इसमें 33 मामले जुलाई और 37 मामले अगस्त के हैं। इसमें बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं सभी शामिल हैं। हालांकि इसमें किसी की जान नहीं गई है। अस्पताल में पहुंचे सभी मरीजों को उचित उपचार दिया गया। साथ ही जिन्हें अधिक समस्या आ रही थी, उन्हें एक दिन के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया। हालत में सुधार होने पर उन्हें अस्पताल से छुट्टी दी जा रही है। इससे पहले कुत्तों के काटने के मामले भी लगातार बढ़ रहे थे, जिसमें एक माह में ही 65 से ज्यादा लोग अस्पताल पहुंचे थे।
बरसात के दौरान घरों के आसपास हरी घास बढ़ जाती है। वहीं बारिश के कारण सांप के बिलों में पानी भर जाता है, जिससे यह सूखे में आते हैं। सांप के साथ-साथ बिच्छू जैसे जीव भी सूखे में आते हैं, जिसमें सबसे ज्यादा घरों के आसपास यह देखे जाते हैं। ऐसी घटनाएं ग्रामीण क्षेत्रों से ज्यादा आती है। ग्रामीण क्षेत्रों के लोग अक्सर पशुओं को चराने, खेतों के काम से घास के बीच जाते हैं जिससे सांप के काटने का शिकार हो जाते हैं। वहीं चिकित्सकों ने भी लोगों को मानसून के दौरान अधिक सतर्क रहने की सलाह दी है। चिकित्सकों ने बिना जूते पहने और अंधेरे में बाहर न जाने से बचने की भी सलाह दी है। हालांकि चिकित्सकों का तर्क है कि क्षेत्र में ज्यादा जहरीले सांप नहीं रहते, बावजूद इसके कुछ लोगों को इनके काटने से चक्कर आदि की समस्या आती है।
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अस्पताल में बीते दो माह में 70 मामले सांप के काटने के आए हैं। सांप और बिच्छू के काटने पर किसी भी तरह की लापरवाही न बरतें, तुरंत उपचार के लिए आएं और एंटी वेनम का टीका लगवाए। छोटे बच्चों को जूते पहनाकर खेलने भेजे और हरे घास में जाने से रोकें। साथ ही झाड़फूंक करवाने से भी बचें। - डॉ. राकेश पंवार, चिकित्सा अधीक्षक, क्षेत्रीय अस्पताल सोलन
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