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नए बनने वाले नालागढ़-चंडीगढ़ मार्ग की जमीन निकली राजस्व की
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नालागढ़ (सोलन)। नालागढ़-चंडीगढ़ को बनने वाले कम दूरी के नए मार्ग के तहत हिमाचल की आ रही भूमि राजस्व विभाग की अलॉटेबल पूल की निकली है। इस जमीन की पैमाइश के बाद यह बात सामने आई तो लोनिवि ने इस जमीन को अपने नाम ट्रांसफर करवाने के लिए उपमंडल प्रशासन से पत्राचार कर लिया।
उपमंडल प्रशासन इस फाइल पर औपचारिकता पूरी कर इसे आगामी कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन को भेजने जा रहा है। इस मार्ग से नालागढ़ से चंडीगढ़ की दूरी मात्र करीब 30 किलोमीटर रह जाएगी। हिमाचल सीमा का इसमें नालागढ़ से मंझौली, सैणीमाजरा, झीड़ा, लखनपुर तक करीब 10 किलोमीटर मार्ग आता है। जहां से आगे पंजाब की सीमा का गगोट माजरी गांव आता है। नालागढ़ के विधायक ने हिमाचल और पंजाब के मुख्यमंत्रियों से पत्राचार के अलावा विधानसभा में भी मामले को प्रमुखता से उठाया। अब सरकार ने इस मार्ग की जद में आने वाली जमीन की पैमाइश कर ली है।
जमीन ट्रांसफर करने के लिए किया जा रहा कार्य
लोनिवि नालागढ़ मंडल के एसडीओ राजकुमार शर्मा ने कहा कि इस मार्ग के लिए हिमाचल वाले हिस्से की जमीन की निशानदेही करवाई है। यह जमीन राजस्व विभाग की अलॉटेबल पूल की है जिसे विभाग के नाम ट्रांसफर करने के लिए उपमंडल प्रशासन से पत्राचार कर लिया है।
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एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा ने कहा कि क्षेत्र के लोगों की सुगमता और चंडीगढ़ के लिए कम दूरी वाले नए मार्ग को प्राथमिकता से करवाने के लिए उपमंडल प्रशासन पूरी तरह से प्रयासरत है। लोनिवि की भेजी फाइल की औपचारिकताएं पूरी कर इसे आगामी कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन को भेजा जा रहा है।
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उपमंडल प्रशासन इस फाइल पर औपचारिकता पूरी कर इसे आगामी कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन को भेजने जा रहा है। इस मार्ग से नालागढ़ से चंडीगढ़ की दूरी मात्र करीब 30 किलोमीटर रह जाएगी। हिमाचल सीमा का इसमें नालागढ़ से मंझौली, सैणीमाजरा, झीड़ा, लखनपुर तक करीब 10 किलोमीटर मार्ग आता है। जहां से आगे पंजाब की सीमा का गगोट माजरी गांव आता है। नालागढ़ के विधायक ने हिमाचल और पंजाब के मुख्यमंत्रियों से पत्राचार के अलावा विधानसभा में भी मामले को प्रमुखता से उठाया। अब सरकार ने इस मार्ग की जद में आने वाली जमीन की पैमाइश कर ली है।
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जमीन ट्रांसफर करने के लिए किया जा रहा कार्य
लोनिवि नालागढ़ मंडल के एसडीओ राजकुमार शर्मा ने कहा कि इस मार्ग के लिए हिमाचल वाले हिस्से की जमीन की निशानदेही करवाई है। यह जमीन राजस्व विभाग की अलॉटेबल पूल की है जिसे विभाग के नाम ट्रांसफर करने के लिए उपमंडल प्रशासन से पत्राचार कर लिया है।
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एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा ने कहा कि क्षेत्र के लोगों की सुगमता और चंडीगढ़ के लिए कम दूरी वाले नए मार्ग को प्राथमिकता से करवाने के लिए उपमंडल प्रशासन पूरी तरह से प्रयासरत है। लोनिवि की भेजी फाइल की औपचारिकताएं पूरी कर इसे आगामी कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन को भेजा जा रहा है।