{"_id":"67fd0cee54dfb024340f965b","slug":"mata-shulini-seva-trust-cleaned-the-stepwell-solan-news-c-176-1-ssml1040-141717-2025-04-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Solan News: मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट ने की बावड़ी की सफाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Solan News: मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट ने की बावड़ी की सफाई
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट के स्वयंसेवकों ने मंदिर के पास बावड़ी की साफ-सफाई की गई। इस बावड़ी के पेयजल किल्लत के दौरान आसपास के सैकड़ों लोग पानी भरते हैं। गर्मियां शुरू हो गई है, तो ऐसे में साफ पानी की आवश्यकता बढ़ जाती हैं। इन दिनों शहर में पेयजल किल्लत चल रही है। लोगों को पांच से छह दिन बाद पानी मिल रहा है। लोग बाजार से पानी खरीदने को मजबूर हैं। ऐसे में यदि बावड़ी होती तो वहां से पानी भर सकते हैं। बावड़ी की सफाई का मुख्य उद्देश्य पानी को साफ और स्वच्छ रखना था। इससे पानी में मौजूद गंदगी, कीटाणु और अन्य हानिकारक पदार्थ दूर होते हैं। मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट के संस्थापक सूरज शानू ने बताया की मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट पहले भी ऐसे सफाई अभियान सोलन शहर और इसके आसपास के इलाकों में कर चुका हैं और आगे भी करता रहेगा। इस सफाई अभियान में शुभी, रिशु, भूमि, सरगम, निशिता, वंदना, सान्या व मोहित मौजूद रहे।
विज्ञापन
सोलन। मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट के स्वयंसेवकों ने मंदिर के पास बावड़ी की साफ-सफाई की गई। इस बावड़ी के पेयजल किल्लत के दौरान आसपास के सैकड़ों लोग पानी भरते हैं। गर्मियां शुरू हो गई है, तो ऐसे में साफ पानी की आवश्यकता बढ़ जाती हैं। इन दिनों शहर में पेयजल किल्लत चल रही है। लोगों को पांच से छह दिन बाद पानी मिल रहा है। लोग बाजार से पानी खरीदने को मजबूर हैं। ऐसे में यदि बावड़ी होती तो वहां से पानी भर सकते हैं। बावड़ी की सफाई का मुख्य उद्देश्य पानी को साफ और स्वच्छ रखना था। इससे पानी में मौजूद गंदगी, कीटाणु और अन्य हानिकारक पदार्थ दूर होते हैं। मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट के संस्थापक सूरज शानू ने बताया की मां शूलिनी सेवा ट्रस्ट पहले भी ऐसे सफाई अभियान सोलन शहर और इसके आसपास के इलाकों में कर चुका हैं और आगे भी करता रहेगा। इस सफाई अभियान में शुभी, रिशु, भूमि, सरगम, निशिता, वंदना, सान्या व मोहित मौजूद रहे।